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'ओलंपिक के आयोजन के साथ मानवाधिकार स्थिति बिगड़ी' | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
मानवाधिकार संस्था एमनेस्टी इंटरनेशनल का कहना है कि ओलंपिक खेलों के आयोजन के साथ चीन में मानवाधिकार की स्थिति सुधरने की बजाय बिगड़ी है. संस्था ने अपने दस्तावेज़ों में मानवाधिकार कार्यकर्ताओं और पत्रकारों पर दबाव डालने और मनमनाने ढंग से लोगों को जेल भेजने की बात कही है. एमनेस्टी इंटरनेशनल के प्रवक्ता ने कहा है कि दस दिन बाद शुरु होने जा रहे ओलंपिक खेलों में भाग लेने आ रहे विश्व नेताओं को इस बारे में बात उठानी चाहिए. उधर चीन की सरकार ने एमनेस्टी की आलोचना को ख़ारिज कर दिया है और कहा है कि जो लोग चीन को जानते हैं वे इससे सहमत नहीं होंगे. चीन का ये भी कहना है कि उसके आंतरिक मामलों में किसी भी तरह का दख़ल नहीं होना चाहिए. चीन पहले भी मानवाधिकार उल्लंघन की रिपोर्टों को ख़ारिज करता रहा है और दावा करता रहा है कि हाल में किए गए सुधारों से मानवाधिकार की स्थिति सुधरी है और आर्थिक प्रबंधन ने करोड़ों लोगों का जीवन स्तर बदला है. वादे के उलट हांगकांग में बीबीसी के वॉउडिन इंग्लैंड का कहना है कि जब ओलंपिक की मेज़बानी मिली थी तो चीन ने कहा था कि वह ओलंपिक की परंपराओं के अनुकूल मानवीय मर्यादाओं का पालन करेगा. उनका कहना है कि चीन ने मानवाधिकार की स्थिति में सुधार करने, मीडिया को स्वतंत्रता देने और शिक्षा-स्वास्थ्य की स्थिति को बेहतर बनाने का वादा किया था लेकिन एमनेस्टी इंटरनेशनल का कहना है कि हुआ इसके उलट ही है.
एमनेस्टी इंटरनेशनल की रिपोर्ट में कहा गया है कि मानवाधिकार कार्यकर्ताओं को जेल में डाल दिया गया, लोगों को बेघर कर दिया गया, पत्रकारों को बंधक बनाया गया, वेबसाइटें रोक दी गईं और जेलों में पिटाई की घटनाओँ में बढ़ोत्तरी हुई है. संस्था की डिप्टी प्रोग्राम डायरेक्टर, रोज़ियान राइफ़ का कहना है, "हमने ओलंपिक की वजह से मानवाधिकार की स्थिति को बिगड़ते देखा है." एमनेस्टी ने कई कार्यकर्ताओं के नाम लिए हैं, जिनमें हू जिया और यांग चुनलिन शामिल हैं, जिन्हें ओलंपिक खेलों की तैयारियों के दौरान चुप करा दिया गया. एमनेस्टी के शोध सहायक मार्क एलिसन का कहना है कि विश्व नेताओं को इन लोगों को नहीं भूलना चाहिए. उनका कहना है, "जो विश्वनेता इस आयोजन में भाग लेने के लिए आने वाले हैं, उन सबसे हम अपील करना जारी रखेंगे कि वे अधिकारियों से कहें कि उनकी उपस्थिति को मानवाधिकार के उल्लंघन के अनुमोदन के रुप में न देखें." | इससे जुड़ी ख़बरें बीजिंग नहीं जा सकेंगे इराक़ी एथलीट24 जुलाई, 2008 | खेल की दुनिया ओलंपिक में ड्रग टेस्ट पर चिंता21 जुलाई, 2008 | खेल की दुनिया 'बीजिंग प्रदूषण परीक्षण में विफल'08 जुलाई, 2008 | खेल की दुनिया चीन-ताइवान संबंधों की नई 'उड़ान'04 जुलाई, 2008 | पहला पन्ना बुश ओलंपिक समारोह में हिस्सा लेंगे04 जुलाई, 2008 | पहला पन्ना ओलंपिक मशाल माउंट एवरेस्ट पर08 मई, 2008 | खेल की दुनिया | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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