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मौत का पूर्वानुमान लगाता है बिल्ला | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
अमरीका के रोड आइलैंड के एक अस्पताल में पला हुआ ऑस्कर जब किसी मरीज़ के पास जा कर बैठ जाता है तो रिश्तेदारों के हाथ-पाँव फूल जाते हैं. बुलाने या पुचकारने से पास न फटकने वाले बिल्ले ऑस्कर का यह इशारा इस बात को लेकर होता है कि वह मरीज़ अब कुछ ही देर का मेहमान है. न्यू इंगलैंड जर्नल ऑफ़ मेडिसिन के एक लेख के मुताबिक डॉक्टर दो वर्षीय बिल्ले के इस पूर्वाभास से चकित हैं और इसका कारण नहीं समझ पा रहे हैं. कहा जा रहा है कि पिछले दो साल में इस बिल्ले ने 25 बार मौत के क़रीब पहुँच चुके मरीज़ों को पहचाना और उनके अंतिम क्षणों में उनका साथ दिया. उसकी भविष्यवाणियाँ इतनी सटीक होती हैं कि अस्पताल के कर्मचारी मरीज़ के संबंधियों को आगाह कर देते हैं. इस बारे में शोध करने वाले ब्राउन विश्विद्यालय में प्रोफ़ेसर डेविड डोसा का कहना है, "वह कभी कोई ग़लती नहीं करता. लगता है उसे पता चल जाता है कि मरीज़ कब दम तोड़ने वाला है". ऑस्कर छोटा सा बच्चा था जब वह इस नर्सिंग ऐंड रिहैबिलीटेशन सेंटर आया था और फिर वहीं रह गया. डॉक्टरों और नर्सों की तरह वह भी राउंड पर निकलता है लेकिन आमतौर पर मरीज़ों से दोस्ती नहीं करता. कुछ रिश्तेदार जब मरीज़ को आख़िरी विदाई देने आते हैं तो वह चाहते हैं कि ऑस्कर को वहाँ से हटा दिया जाए. ऐसे मौक़े पर ऑस्कर चीख़ता-चिल्लाता है और कमरे के बाहर बेचैनी से टहलता रहता है. इलिनॉयल विश्विद्यालय में बिल्लियों के व्यवहार के विशेषज्ञ टॉमस ग्रेव्स ने बीबीसी से कहा, "बिल्लियों को अकसर इस बात का आभास हो जाता है कि उनके मालिक बीमार होने वाले हैं. उन्हें भूकंप की चेतावनी मिल जाती है और मौसम के बदलाव का भी पूर्वानुमान हो जाता है". चिकित्सा केंद्र में कार्यरत एक डॉक्टर के अनुसार उनका मानना है कि बिल्ली के इस बर्ताव की वजह बायोरासायनिक है न कि यह उसमें कोई दैवी शक्ति है. |
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