BBCHindi.com
अँग्रेज़ी- दक्षिण एशिया
उर्दू
बंगाली
नेपाली
तमिल
रविवार, 03 जून, 2007 को 05:03 GMT तक के समाचार
मित्र को भेजेंकहानी छापें
शिविर के अंदरुनी इलाक़ों पर हमला
लेबनानी सेना
इससे पहले सेना और फ़तह के बीच हुए संघर्ष में 50 से ज़्यादा लोग मारे गए थे
लेबनान की सेना नाहर अल बारेद शर्णार्थी शिविर में चरमपंथियों के ठिकानों पर हमले कर रही है. शिविर में इस्लामी चरमपंथियों ने आत्मसमर्पण करने से इनकार कर दिया है.

सेना का कहना है कि फ़तह अल इस्लाम गुट के चरमपंथियों को शिविर के बाहरी इलाक़ों से हटा दिया गया है.

सेना और फ़तह अल-इस्लाम संगठन के चरमपंथियों के बीच शनिवार को हुए भीषण संघर्ष में 14 लोग मारे गए थे.

फ़तह के प्रवक्ता अबु सलीम ताहा ने कहा कि वो समर्पण करने के बारे में सोंच भी नहीं सकते.

इससे पहले लेबनान के प्रधानमंत्री फौद सिनियोरा ने फ़तह को चरमपंथी गैंग बताया था लेकिन आत्मसमर्पण करने पर उनके साथ न्यायोचित व्यवहार करने की बात कही थी.

पिछले दो हफ़्तों से चरमपंथियों और लेबनानी सेना के बीच जारी संघर्ष में 100 से ज़्यादा लोग मारे जा चुके हैं.

शिविर

लेबनानी सेना की कोशिश है कि अल-बारेद शरणार्थी शिविर में पिछले 14 दिनों से जमे 'फ़तह अल इस्लाम' संगठन के चरमपंथियों को वहाँ से निकाल दिया जाए.

ग़ैर सरकारी संगठनों ने ताज़ा संघर्ष पर चिंता जताई है. उनका कहना है कि शरणार्थी शिविर पर गोले बरसाए जा रहे हैं जिससे आम लोगों को ख़तरा हो सकता है.

संयुक्त राष्ट्र का कहना है कि लगभग 25 हज़ार लोग शिविर छोड़ कर जा चुके हैं लेकिन 31 हज़ार से ज़्यादा अभी भी वहाँ रह रहे हैं.

शिविर के आस-पास सेना के दर्जनों टैंक और बख़्तरबंद गाड़ियाँ तैनात हैं.

सेना का दावा है कि उसने फ़तह के नियंत्रण वाले कुछ हिस्सों पर अपना क़ब्ज़ा जमा लिया है.

ख़बरें मिल रही हैं कि चरमपंथी बाहरी मोर्चों से पीछे हट कर शरणार्थी शिविर के बीच में चले गए हैं.

इससे जुड़ी ख़बरें
हरीरी की बरसी पर प्रदर्शन और तनाव
14 फ़रवरी, 2007 | पहला पन्ना
इसराइल-लेबनान सीमा पर गोलीबारी
07 फ़रवरी, 2007 | पहला पन्ना
सुर्ख़ियो में
मित्र को भेजेंकहानी छापें
मौसम|हम कौन हैं|हमारा पता|गोपनीयता|मदद चाहिए
BBC Copyright Logo^^ वापस ऊपर चलें
पहला पन्ना|भारत और पड़ोस|खेल की दुनिया|मनोरंजन एक्सप्रेस|आपकी राय|कुछ और जानिए
BBC News >> | BBC Sport >> | BBC Weather >> | BBC World Service >> | BBC Languages >>