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'नुक़सान के बावजूद इराक़ युद्ध सार्थक' | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
अमरीका की विदेश मंत्री कोंडोलीज़ा राइस ने इराक़ युद्ध का बचाव करते हुए कहा है कि जान और माल के नुक़सान के बावजूद इराक़ युद्ध 'सार्थक' रहा है. समाचार एजेंसी एपी को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कहा कि एक बार इराक़ में स्थिरता क़ायम हो जाए, तो एक अलग तरह का मध्य पूर्व सामने आएगा. राइस ने कहा कि इराक़ के लिए काफ़ी कुछ बलिदान दिया गया है लेकिन सफलता से पूरा मध्य पूर्व बदल जाएगा. पिछले कुछ दिनों से इराक़ युद्ध को लेकर अमरीका में बयानबाज़ी का दौर गर्म रहा है. इराक़ स्टडी ग्रुप की रिपोर्ट आने के बाद इराक़ में अमरीकी रणनीति को लेकर भी सवाल उठे हैं. सवाल इसी सप्ताह अमरीका के राष्ट्रपति जॉर्ज बुश ने भी कहा था कि अमरीका इराक़ में युद्ध नहीं जीत रहा है लेकिन वह युद्ध हार भी नहीं रहा है. वॉशिंगटन से बीबीसी संवाददाता जस्टिव वेब का कहना है कि अमरीकी विदेश मंत्री ने स्पष्ट कर दिया है कि वे अभी भी इराक़ को अमरीका की मध्यपूर्व नीति का केंद्र मानती हैं. हालाँकि पिछले कुछ दिनों में इराक़ स्टडी ग्रुप के अलावा ब्रितानी प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर ने भी कहा था कि मध्य पूर्व में शांति के लिए इसराइल-अरब संघर्ष ही मुख्य मुद्दा है. कोंडोलीज़ा राइस ने स्वीकार किया कि इराक़ के लिए बड़ा बलिदान दिया जा रहा है और ख़र्च भी काफ़ी हो रहा है लेकिन यह ख़र्च सार्थक है. उन्होंने कहा, "कई तरह से यह दिख रहा है कि इस देश में निवेश उचित है क्योंकि एक बार इराक़ में स्थिरता आ गई तो आपको एक अलग तरह का मध्यपूर्व देखने को मिलेगा." | इससे जुड़ी ख़बरें अल-सद्र फिर सरकार में लौटने को राज़ी22 दिसंबर, 2006 | पहला पन्ना चार अमरीकी सैनिकों पर हत्या का आरोप21 दिसंबर, 2006 | पहला पन्ना नजफ़ की सुरक्षा इराक़ी बलों के हवाले20 दिसंबर, 2006 | पहला पन्ना बुश ने माना- इराक़ में जीत नहीं रहे20 दिसंबर, 2006 | पहला पन्ना सेना का आकार बढ़ाने पर विचार-बुश20 दिसंबर, 2006 | पहला पन्ना 'इराक़ में विफल हुए तो संकट बढ़ेगा'19 दिसंबर, 2006 | पहला पन्ना 'अगवा कर्मचारियों को रिहा किया जाए'18 दिसंबर, 2006 | पहला पन्ना 'सद्दाम समर्थक शांति प्रयासों में सहयोग दें'17 दिसंबर, 2006 | पहला पन्ना इंटरनेट लिंक्स बीबीसी बाहरी वेबसाइट की विषय सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है. | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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