|
'ओसामा के टेप' में अमरीका की निंदा | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
एक इस्लामी वेबसाइट पर ओसामा बिन लादेन का कथित टेप जारी हुआ है जिसमें अल क़ायदा नेता ने इराक़ में अमरीकी सैनिक उपस्थिति की निंदा की है. बिन लादेन ने कहा है कि उन्हें कभी भी जीवित नहीं पकड़ा जा सकता है. टेप में इराक़ में तैनात अमरीकी सैनिकों पर बलात्कार और उत्पीड़न का आरोप लगाया गया है. इसमें अमरीकी सैनिकों के काम की तुलना सद्दाम हुसैन के शासन काल के अत्याचार से की गई है. बिन लादेन के इस कथित टेप में कहा गया है कि इराक़ में विद्रोहियों की संख्या और ताक़त बढ़ती जा रही है. जनवरी के टेप का अगला भाग माना जाता है कि यह वही टेप है जिसके कुछ अंश जनवरी में अरबी टेलीविज़न चैनल अल जज़ीरा पर प्रसारित किए गए थे. तब अमरीकी ख़ुफ़िया एजेंसियों ने टेप की आवाज़ की पहचान अल क़ायदा नेता ओसामा बिन लादेन की आवाज़ के रूप में की थी. ख़ुफ़िया एजेंसियों ने टेप को 2004 के बाद बिन लादेन का पहला टेप बताया था. संवाददाताओं के अनुसार अमरीका ने अक्सर पूर्व इराक़ी राष्ट्रपति सद्दाम हुसैन के बिन लादेन से मिलीभगत होने के आरोप लगाए हैं, लेकिन नए टेप में अल क़ायदा के सद्दाम शासन से संबंध नहीं रखने का संकेत दिया गया है. | इससे जुड़ी ख़बरें आतंकवादियों से बात नहीं: अमरीका20 जनवरी, 2006 | पहला पन्ना 'ओसामा के टेप' में अमरीका पर और हमलों की धमकी19 जनवरी, 2006 | पहला पन्ना 'ओसामा के टेप' में अमरीका पर और हमलों की धमकी19 जनवरी, 2006 | पहला पन्ना ओसामा जीवित हैं:ज़वाहिरी07 दिसंबर, 2005 | पहला पन्ना ज़रक़ावी की पहचान के लिए डीएनए टेस्ट 22 नवंबर, 2005 | पहला पन्ना 'ओसामा के बारे में अटकलें ग़लत'26 जून, 2005 | पहला पन्ना ओसामा का अंदाज़ा है : सीआईए20 जून, 2005 | पहला पन्ना | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||