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ब्लेयर पुलिस-ख़ुफ़िया प्रमुखों से मिलेंगे | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
लंदन में हुए चरमपंथी हमलों के बाद ब्रिटिश सरकार पुलिस और ख़ुफ़िया एजेंसियों को और अधिकार देने जा रही है. उन्हें और कितने अधिकार दिए जाने हैं इस पर चर्चा के लिए ब्रिटिश प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर पुलिस और ख़ुफ़िया एजेंसियों के प्रमुखों के साथ एक बैठक करने जा रहे हैं. टोनी ब्लेयर ने संकेत दिए हैं कि वे फ़ोन पर हुई बातचीत को अदालत में सुबूत की तरह पेश करने के विषय में भी बात करेंगे. लंदन में हुए विस्फोटो के ठीक दो हफ़्ते बाद ये बैठक हो रही है जिसमें 52 लोगों की मौत हुई थी. भूमिगत रेलवे में तीन जगह और एक बस में ये विस्फोट हुए थे. फ़ोन पर हुई बातचीत को सुबूत बनाने को लेकर कंज़रवेटिव पार्टी के नेता माइकल हॉवर्ड ने एक सवाल पूछा था जिसके जवाब में प्रधानमंत्री ब्लेयर ने कहा था कि वे इस पर विचार करने को तैयार हैं. उन्होंने संसद में कहा था कि यह विचार तो अच्छा है लेकिन ख़ुफ़िया एजेंसिंयों का कहना है कि इसके जितने फ़ायदे हैं उससे ज़्यादा इसके नुक़सान हैं. इसके अलावा टोनी ब्लेयर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक बैठक करने पर भी विचार कर रहे हैं जिसमें यह विचार हो सके कि इस्लामी चरमपंथ से कैसे निपटा जा सकेगा. बीबीसी के गृहमंत्रालय संवाददाता का कहना है कि ये बैठकें इस बात का प्रमाण हैं कि ब्रिटिश सरकार ज़्यादा से ज़्यादा लोगों से बात करके सुनिश्चित करना चाहती है कि सर्वश्रेष्ठ रणनीति के साथ सामने आए. |
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