|
निडर होकर मतदान करें: टॉम रिज | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
अमरीका की आंतरिक सुरक्षा के प्रभारी मंत्री टॉम रिज ने देशवासियों को भरोसा दिलाया है कि मंगलवार को राष्ट्रपति पद के लिए निडर होकर मतदान करें. टॉम रिज ने कहा है कि ऐसी कोई ख़ुफ़िया सूचनाएँ या सबूत नहीं हैं कि मतदान के मौक़े पर अल क़ायदा के हमले की योजना बना रहा है. ग़ौरतलब है कि शनिवार को ओसामा बिन लादेन का वीडियो टेप जारी होने के बाद पनपी चिंताओं के मद्देनज़र टॉम रिज ने देशवासियों को यह भरोसा दिलाया है. अरबी टेलीविज़न चैनल अल जज़ीरा पर प्रसारित हुए उस वीडियो में अल क़ायदा नेता ओसामा बिन लादेन ने कहा था कि अमरीका पर 11 सितंबर 2001 जैसा हमला होने के कारण अब भी मौजूद हैं. उन्होंने कहा था कि अमरीका की सुरक्षा न बुश के हाथों में है, न केरी या अल क़ायदा के हाथों में बल्कि यह सुरक्षा ख़ुद अमरीकी लोगों के हाथों में है. आंतरिक सुरक्षा के प्रभारी मंत्री टॉम रिज ने रविवार को कहा कि वह यह भरोसा दिलाना चाहते हैं कि लोग मतदान के लिए निडर होकर बाहर निकलें और ख़ुद को सुरक्षित महसूस करें. उन्होंने देश को जानकारी दी कि ऐसी कोई ख़ुफ़िया सूचनाएँ नहीं हैं जिनसे यह संकेत मिले कि मतदान के दिन कोई हमला हो सकता है. असर वाशिंगटन में मौजूद एक बीबीसी संवाददाता जस्टिन वेब का कहना है कि ओसामा बिन लादेन के वीडियो टेप के बारे में राष्ट्रपति जॉर्ज बुश की राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार टीम में विचार विमर्श हुआ है लेकिन राष्ट्रीय स्तर पर सुरक्षा का दर्जा बढ़ाने की कोई योजना नहीं है.
राष्ट्रपति पद के दोनों ही उम्मीदवारों में से किसी ने वह वीडियो टेप जारी होने के कई घंटे बाद भी उसका सीधे तौर पर कोई ज़िक्र नहीं किया लेकिन राष्ट्रपति बुश देशवासियों से क्या कहना चाहते थे, यह पूरी तरह साफ़ नहीं हो सका है. बुश ने मिशिगन में अपने समर्थकों से कहा कि चुनाव के नतीजों से ही यह तय होगा कि आतंकवाद के ख़िलाफ़ लड़ाई किस दिशा में जाएगी. जबकि सीनेटर जॉन केरी ने कमज़ोरी और कार्रवाई नहीं किए जाने के मुद्दों पर अपना ध्यान केंद्रित किया है. केरी ने विस्कोंसिन में कहा कि वह ज़्यादा तेज़तर्रार, कड़ी और ज़्यादा असरदार लड़ाई छेड़ेंगे. बीबीसी संवाददाता का कहना है कि ओसामा बिन लादेन के वीडियो टेप का चुनावों पर क्या असर होगा, इस बारे में अब भी तस्वीर साफ़ नहीं हुई है लेकिन इतना तो निश्चित है कि मतदाताओं की राय में बारीक़ से बारीक़ तब्दीली भी नतीजों पर निर्णायक असर डाल सकती है. |
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||