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स्पेन के मुसलमान चिंतित | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
स्पेन की राजधानी मैड्रिड में रहने वाले मुसलमान यह बात स्वीकार नहीं कर पा रहे हैं कि गुरुवार को जो बम हमला हुआ, वह मोरक्को मूल के अरब मुसलमानों ने किया. लेकिन टेलिविज़न पर और मीडिया में जो समाचार दिए जा रहे हैं, उनमें मोरक्को के मुसलमानों को ही दोषी बताया जा रहा है. इससे मैड्रिड में रहने वाले मुसलमानों का चिंतित होना स्वाभाविक है. मैड्रिड में संगमरमर से बना हुआ एक मुस्लिम सांस्कृतिक केंद्र है जिसमें एक भव्य मस्जिद भी हैं. उस पर 11 सितंबर के हमलों के बाद, अंडे उछाले गए थे और कई लोगों को केवल मुसलमान होने के कारण, नौकरियों से निकाल दिया गया था. इस शहर में लगभग 5 लाख मुसलमान रहते हैं, जिनमें मुख्य रूप से मोरक्को और अल्जीरिया के अरब लोग हैं. गत गुरुवार के बम हमले के बाद यहाँ के मुसलमानों को आशंका है कि स्पेनी लोग पूरे मुस्लिम समुदाय पर, इसका ग़ुस्सा निकालेंगे. मैड्रिड के अरब इलाक़े में बने अल हमरा रेस्तराँ में बैठे मिस्री मूल के एक मुसलमान रूदी ने इस बात पर हैरानी ज़ाहिर की कि यह हमला किसी मुसलमान ने किया होगा. उन्होंने कहा, “हम नहीं कह सकते कि यह हमला किसी चरमपंथी मुसलमान ने किया होगा, क्योंकि वह भी ऐसा करने की कल्पना तक नहीं करेगा.” रूदी जैसे मुसलमान और भी हैं, जो मानते हैं कि हमलावर को मुसलमान नहीं, आतंकवादी और अपराधी माना जाना चाहिए. मैड्रिड के मुसलमानों ने मृतकों के परिवारों के प्रति उसी तरह सहानुभूति जताई है, जिस तरह अन्य स्पेनी जता रहे हैं. लेकिन मुश्किल यह है कि ऐसे मौक़ों पर इतिहास की पुरानी कड़वाहटें याद आने लगती हैं. शताब्दियों पहले स्पेन पर मूअर मुसलमानों के शासन काल में काफ़ी ख़ून-ख़राबा होता रहा हैं. इधर निवर्तमान प्रधानमंत्री अज़नार की सरकार काफ़ी हद तक आप्रवासी अरबों की विरोधी रही है. ऐसे में ज़रूरत इस बात की है कि स्पेन पड़ोसी मुस्लिम देशों से सहयोग स्थापित करे. अतीत में स्पेन और मोरक्को के संबंध अच्छे नहीं रहे हैं. नई सरकार इस दिशा में बहुत कुछ कर सकती है. सत्ताधारी दल के एक सांसद जोकिन अलम्यूनिया कहते हैं, “हमने स्पेन में अल-क़ायदा के ख़िलाफ़ तो अच्छी कार्रवाई की है, लेकिन मोरक्को को लेकर हमारे संबंध ठीक नहीं रहे हैं. अब मुझे विश्वास है कि दोनों देशों की सरकारें आपसी रिश्तों को मज़बूत बनाएँगी.” और शायद स्पेन के मुसलमान भी यही चाहेंगे कि रिश्ते सुधरें और स्थिति में तनाव न रहे. |
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