ईरानः कीमतें बढ़ी तेल की, फायदा गधों को

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- Author, न्यूज़ फ़्रॉम एल्सवेयर
- पदनाम, बीबीसी मॉनिटरिंग
ईरान में तेल की बढ़ती कीमतों से लगता है कि देश के गधों की आबादी को फायदा हो रहा है.
समाचार वेबसाइट <link type="page"><caption> खोराद न्यूज़</caption><url href="http://khordadnews.ir/news/100957" platform="highweb"/></link> की खबर के मुताबिक कई गांव वाले और किसान तेल की बढ़ती कीमतों के मद्देनज़र अपनी गाड़ियों से किनारा कर रहे हैं और जाड़े के मौसम करीब आने के साथ ही गधों की बिक्री में इज़ाफ़ा देखा जा रहा है.
वेबसाइट कहता है, "पेट्रोल और डीज़ल की बढती कीमतों के कारण ईरान के ग्रामीण इलाकों में रहने वाले लोगों ने एक बार फिर से गधों को इस्तेमाल शुरू कर दिया है."
<link type="page"><caption> ईक़्तेसाद न्यूज़</caption><url href="http://www.eghtesadnews.com/Live/Stories/DEN-106353/%D9%85%D8%B9%D8%A7%D9%85%D9%84%D9%87_%D9%85%DB%8C%D9%84%DB%8C%D9%88%D9%86%DB%8C_%D8%AE%D8%B1_%D8%AF%D8%B1_%D8%B1%D9%88%D8%B3%D8%AA%D8%A7%D9%87%D8%A7%DB%8C_%D8%A7%DB%8C%D8%B1%D8%A7%D9%86" platform="highweb"/></link> का कहना है कि गधों की मांग में ये इज़ाफ़ा न केवल ईरान के उत्तर पश्चिमी इलाकों में अधिक देखा जा रहा है बल्कि इनका इस्तेमाल कुछ शहरों में भी बढ़ा है.
ये ख़बर इन जानवरों के लिए सुकून देने वाली बात के तौर पर देखी जा रही है. जाड़े के दिनों में अक्सर ये होता था कि इन्हें लावारिस छोड़ दिया जाता था क्यों कि इनके मालिकों के पास इन्हें खिलाने लायक साधन नहीं होते थे.
फ़्यूल सब्सि़डी

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वेबसाइट लिखता है, "अतीत में जाड़ों के पहले कुछ गांव वाले अपने गधे जंगलों में छोड़ देते थे ताकि वे वहां जाकर मर जाएं."
अप्रैल के महीने में ईरान ने देश की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए <link type="page"><caption> फ़्यूल सब्सि़डी में कटौती</caption><url href="http://www.bbc.com/news/world-middle-east-27152960" platform="highweb"/></link> की थी. लेकिन पेट्रोल की कीमतें रातों रात 75 फीसदी बढ़ जाने से इसका असर उपभोक्ताओं पर पड़ा.
ईरानी लोगों को इस साल पानी और बिजली के बढ़े हुए बिलों का भी सामना करना पड़ा था.
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