You’re viewing a text-only version of this website that uses less data. View the main version of the website including all images and videos.
बाइडन का ट्रंप पर निशाना, कहा- 'ताक़त और लाभ के लिए झूठ बोले गए'
अमेरिका के 46वें राष्ट्रपति पद की शपथ लेने के बाद पहला भाषण देते हुए जो बाइडन ने कहा है कि यह अमेरिका का दिन है, यह लोकतंत्र का दिन है, यह इतिहास और उम्मीदों का दिन है.
उन्होंने कहा, "अमेरिका की कई बार परीक्षाएं हुई हैं और वह चुनौतियों से उभरा है. आज हम एक उम्मीदवार की जीत का जश्न नहीं बना रहे बल्कि लोकतंत्र के लिए जश्न मना रहे हैं."
बाइडन ने कहा, "हमने फिर सीखा है कि लोकतंत्र क़ीमती है. लोकतंत्र नाज़ुक है और इस लम्हे में, मेरे दोस्तों, लोकतंत्र क़ायम है."
उन्होंने कैपिटल बिल्डिंग में हुई हिंसा का ज़िक्र करते हुए कहा, "अब इस पवित्र जगह पर जहां पर कुछ दिनों पहले हुई हिंसा ने कैपिटल की नींव को हिलाकर रख दिया था, हम आज एक राष्ट्र के तौर पर साथ हैं, ईश्वर के साये में हम शांतिपूर्वक तरीक़े से शक्ति का हस्तांतरण कर रहे हैं जैसा हम दो सदियों से करते आए हैं."
बाइडन ने कहा कि वो दोनों पार्टियों के अपने पूर्व नेताओं का आज शुक्रिया अदा करते हैं. ग़ौरतलब है कि इस समारोह में पूर्व राष्ट्रपति बिल क्लिंटन, जॉर्ज बुश और बराक ओबामा भी शामिल थे. हालांकि, पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप इस कार्यक्रम में शामिल नहीं हुए.
कार्यकाल की चुनौतियों का भी ज़िक्र
इस दौरान उन्होंने अपने कार्यकाल के सामने आने वाली चुनौतियों का ज़िक्र भी किया. उन्होंने बताया कि कोरोना महामारी और 'व्हाइट सुप्रीमेसी' का बढ़ना चुनौती होंगी और वो 'उनका सामना करेंगे और उन्हें हराएंगे.'
उन्होंने अपने चुनाव अभियान के नारे को दोहराते हुए कहा कि वो 'अमेरिका के भविष्य की आत्मा को बहाल करेंगे.'
बाइडन ने कहा कि 'लोकतंत्र में जिस सबसे मुश्किल चीज़ की ज़रूरत होती है, वो है एकता.'
उन्होंने कहा, "जिन ताक़तों ने हमें बांटने की कोशिशें कीं वे असली हैं लेकिन नई नहीं हैं. लड़ाई हमेशा जारी रहती है और जीत कभी भी सुनिश्चित नहीं होती है. हमारे फ़रिश्ते हमारे लिए हमेशा रहे हैं. इतिहास, आस्था और वजहें एकता का रास्ता दिखाते हैं."
"चीख़ना बंद करिए और अपना पारा कम करिए. बना एकता के शांति नहीं हो सकती है. एकता ही आगे का रास्ता है."
भाषण में कमला हैरिस का भी ज़िक्र
अमेरिका के नए राष्ट्रपति जो बाइडन ने कमला हैरिस के पहले महिला उप-राष्ट्रपति बनने का भी ज़िक्र भाषण में किया.
उन्होंने कहा, "जहां हम हैं वहां पर 108 सालों पहले हज़ारों प्रदर्शनकारियों ने बहादुर महिलाओं को मतदान के अधिकार से रोकने की कोशिशें की थीं."
"आज हम अमेरिकी इतिहास में पहली महिला उप-राष्ट्रपति को शपथ लेते देख रहे हैं. मुझे यह मत कहिए कि चीज़ें बदल नहीं सकती हैं."
राष्ट्रपति जो बाइडन ने अपने भाषण के दौरान कोविड-19 के कारण मारे गए लोगों के शोक में मौन भी रखा.
ट्रंप पर भी निशाना
भाषण के दौरान बाइडन ने कहा कि एक अमेरिकी के रूप में हमारे साझा उद्देश्य हैं. उन्होंने कहा कि हम 'अवसर, सुरक्षा, स्वतंत्रता, गरिमा, सम्मान और.. हां.. सच' चाहते हैं.
पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप आरोप लगाते रहे हैं कि चुनाव में धांधली हुई है.
बाइडन ने पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का नाम लिए बग़ैर कहा कि बीते सप्ताह की कुछ घटनाओं ने सिखाया है कि 'यहां सच भी है और झूठ भी. शक्ति और लाभ के लिए झूठ बोले गए.'
उन्होंने कहा कि लाल को नीले के ख़िलाफ़ करने वाले 'असभ्य युद्ध' को ख़त्म करना होगा.
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूबपर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)