हैदराबाद यूनीवर्सिटी में छात्रों पर लाठीचार्ज

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- Author, इमरान क़ुरैशी
- पदनाम, बीबीसी हिंदी डॉट कॉम के लिए
हैदराबाद सेंट्रल यूनिवर्सिटी के कुलपति के दफ़्तर में छात्रों के तोड़फोड़ करने के बाद माहौल तनावपूर्ण हो गया है.
छात्र क़रीब दो महीने बाद कार्यभार संभालने लौटे प्रोफ़ेसर अप्पाराव पोदिल का विरोध कर रहे थे.
छात्रों को कुलपति के निवास (जिसे वो दफ़्तर की तरह भी इस्तेमाल करते हैं) से हटाने के लिए पुलिस को लाठी चार्ज करना पड़ा.
छात्रों ने कुलपति के दफ़्तर का दरवाज़ा, फ़र्नीचर, कंप्यूटर और टीवी तोड़ दिए.
प्रोफ़ेसर अप्पाराव पोदिल दलित छात्र रोहित वेमुला की आत्महत्या के बाद 24 जनवरी को छुट्टी पर चले गए थे.
दलित छात्र रोहित वेमुला को चार अन्य छात्रों के साथ निलंबित कर दिया गया था. उनकी आत्महत्या के बाद हैदराबाद और देश के कई हिस्सों में व्यापक प्रदर्शन हुए थे.
मंगलवार दोपहर अचानक हुई कुलपित प्रोफ़ेसर पोदिल की वापसी के बाद छात्र उनके आवास पर इकट्ठा हो गए और प्रदर्शन करने लगे.

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उन्होंने बीबीसी को बताया, "मैं कार्यकारी परिषद के साथ बैठक कर रहा था तभी शीशे का दरवाज़ा टूटने की आवाज़ सुनी. एक समय ऐसा लग रहा था जैसे वो हम पर हमला करने वाले हैं."
उन्होंने कहा, "बड़ी मुश्किल से कुछ प्राध्यापकों और प्रशासनिक कर्मचारियों ने उन्हें रोके रखा. पुलिस ने उनसे बात करने की कोशिश की और बड़ी मशक़्क़त से उन्हें वहां से हटा सकी."
हालांकि छात्रों का मत इससे बिलकुल अलग है.
यूनीवर्सिटी छात्रसंघ के अध्यक्ष ज़ुहैल केपी का कहना था, "हम शांतिपूर्वक प्रदर्शन कर रहे थे. भवन के अंदर से कुछ छात्र जिनमें एबीवीपी से जुड़े छात्र भी शामिल थे हमें धकेलने की कोशिश कर रहे थे, इसी वजह से माहौल ख़राब हुआ."
उन्होंने कहा, "प्रोफ़ेसर पोदिल ने कैंपस की शांति भंग कर दी है. हमारी पहली मांग अभी भी उनको पद से हटाना ही है. हमें लगता है कि वो न सिर्फ़ सभी सबूत बल्कि कैंपस की शांति को भी ख़त्म कर देंगे."

ज़ुहैल का कहना है कि छात्र अपना शांतिपूर्ण प्रदर्शन जारी रखेंगे.
जेएनयू छात्रसंघ के अध्यक्ष कन्हैया कुमार बुधवार शाम को यूनीवर्सिटी में छात्रों की एक सभा को संबोधित करेंगे.
इस पर भी यूनिवर्सिटी प्रशासन और छात्रसंघ के नेताओं की अलग-अलग राय है.
प्रोफ़ेसर पोदिल कहते हैं, "हमसे किसी ने ऐसे किसी आयोजन की अनुमति नहीं मांगी हैं."
वहीं ज़ुहैल का कहना है, "हमें ऐसे कार्यक्रम के लिए अनुमति की जरूरत नहीं है. ये सभागार में होगा जहां छात्र जमा होंगे."
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