पोस्को: महिला प्रदर्शनकारियों पर अश्लीलता का मुक़दमा

ओडिशा में पोस्को संयत्र के ख़िलाफ़ महिलाओं के अर्ध नग्न प्रदर्शन के मामले में पुलिस ने तीन प्रदर्शनकारी महिलाओं समेत पोस्को प्रतिरोध संग्राम समिति के अध्यक्ष अभय साहू के खिलाफ मुक़दमा दायर किया है.
जगतसिंघपुर के पुलिस अधीक्षक सत्यब्रत भोई ने बीबीसी को बताया कि मामला भारतीय दंड संहिता की धारा 294 (ए) के अलावा कई अन्य धाराओं के तहत अभायाचंदपुर थाने में दर्ज किया गया है.
उन्होंने कहा कि जल्द ही इन सभी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.
महत्वपूर्ण है कि गोबिंदपुर में जबरन भूमि अधिग्रहण के विरोध में पोस्को प्रतिरोध संग्राम समिति की महिला वाहिनी 'दुर्गा वाहिनी' के कुछ सदस्यों ने अर्धनग्न प्रदर्शन किया था, जिसे लेकर राज्य में खलबली मच गयी है.
भारी हंगामा
विधान सभा में भी इस बात को लेकर भारी हंगामा हुआ.
बहस के दौरान स्थानीय विधायक और स्वास्थ्य मंत्री दामोदर राउत ने नग्न प्रदर्शन को 'दुर्भाग्यपूर्ण' बताते हुए उन राजनैतिक दलों और स्वंयसेवी संगठनों की कड़ी निंदा की थी, जिन्होंने इसका समर्थन किया है.
शनिवार को हुई एक आम सभा में पोस्को का समर्थन कर रही महिलाओं ने भी नग्न प्रदर्शन की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि इससे पूरा इलाका और महिला समाज शर्मसार हुआ है.
उन्होंने पोस्को प्रतिरोध संग्राम समिति के नेता अभय साहू पर महिलाओं को गुमराह कर उनका इस्तेमाल करने का आरोप लगाया और तत्काल उनकी गिरफ्तरी की मांग की है.
दूसरी तरफ 'दुर्गा वाहिनी' ने भी आम सभा बुलाई , जिसमें इसके सदस्यों ने शपथ ली कि पोस्को परियोजना को इलाके से हटाने के लिए अब वो किसी भी हद तक जायेंगी.
हद पार
वाहिनी की अध्यक्षा मनोरमा खटुआ ने कहा, "हमारी महिलाओं ने नग्न प्रदर्शन कर सभी हदें पार कर दी हैं और अब हम किसी भी कीमत पर रूकने वाली नहीं है."
जगतसिंघपुर के ज़िलाधीश सत्य कुमार मल्लिक ने पोस्को विरोधियों को चेतावनी दी है कि भूमि अध्ग्रहण का विरोध कर रहे लोगों के ख़िलाफ़ कड़ी कारवाई की जाएगी.
इस बीच, दिल्ली से आए नागरिक समाज के एक प्रतिनिधिमंडल ने शनिवार को इलाके का दौर कर पोस्को विरोधियों से बात की है. इस प्रतिनिधिमंडल में विशिष्ट अर्थशास्त्री मनोरंजन मोहंती, मेनस्ट्रीम पत्रिका के संपादक सुमित चक्रवर्ती और पीपुल्स यूनियन फॉर डेमोक्रेटिक राइट्स (पीयूडीआर) के सदस्य शामिल थे.












