छुट्टियां मना कर लौट आए इतालवी 'अभियुक्त'

इन दोनों नौसैनिकों पर दो भारतीय मछुआरों की हत्या करने का आरोप है. तस्वीर रॉयटर्स
इमेज कैप्शन, इन दोनों नौसैनिकों पर दो भारतीय मछुआरों की हत्या करने का आरोप है. तस्वीर रॉयटर्स

दो भारतीय मछुआरों की हत्या के आरोप में गिरफ्तार दो इतालवी नौसैनिक अपने देश में क्रिसमस मनाकर शुक्रवार सुबह कोच्चि लौट आए हैं.

मासिमिलानो लातोरे और सल्वातोरे गिरोने नाम के इन दो नौसैनिकों को दो भारतीय मछुआरों की हत्या करने के आरोप में 19 फरवरी को गिरफ्तार किया गया था.

पिछले महीने इन दोनों ने केरल हाईकोर्ट से अनुमति मांगी थी की उन्हें क्रिसमस मनाने के लिए इटली जाने दिया जाए.

केरल हाई कोर्ट के निर्देश के अनुसार अदालती आदेश के अनुसार दोनों इतालवी नौसैनिकों ने 6 करोड़ रुपये की बैंक गांरटी दी थी और दो हफ्तों के भीतर भारत वापस आना होने का लिखित आश्वासन दिया था.

समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक अपने उस आश्वासन को पूरा करते हुए दोनों नौसैनिक वापस केरल लौट आए हैं.

गोलीबारी

इन दोनों नौसैनिकों पर दो भारतीय मछुआरे, अजेश बिंकी (25 वर्षीय) और जेलेस्टाइन (45), की गोली मारकर हत्या का आरोप है.

गोलीबारी की ये घटना 15 फरवरी की है.

जिस समय गोलीबारी की घटना हुई थी उस समय इटली के नौसैनिक अपने देश के टैंकर एनरिका लेक्सी पर तैनात थे.

ये टैंकर सिंगापुर से मिस्र जा रहा था जिसमें 19 भारतीयों समेत 34 चालक दल के सदस्य सवार थे.

इटली चाहता था कि नौसैनिकों पर मुक़दमा न चले. उधर केरल सरकार ने इन दोनों को क्रिसमस पर इटली जाने की अपील का विरोध किया था.

सोशल मीडिया पर हैरानी

वैसे इन दो इतालवी मरीन के वापस लौट आने पर सोशल मीडिया पर ज्यादातर हैरानी के भाव दिख रहे हैं.

निर्मल @nirmaltv लिखते हैं कि किसी को भरोसा नहीं था कि ये दोनों वापस भी आएंगे.

वहीं सूर्यनारायण गणेश @gsurya लिखते हैं कि ये उन लोगों के मुंह पर तमाचा जो उनके लौटने पर संदेह कर रहे थे.

वहीं कुछ लोगों का ये भी कहना है कि दोनों इतालवी नौसैनिकों को क्रिसमस के लिए जाने की इजाज़त ही क्यों दी गई, क्या विदेशी जेलों में कैद भारतीयों को दीवाली पर घर आने की इजाज़त मिलती है?

वहीं डॉक्टर रोशन @pythoroshan लिखते हैं कि इतालवी नौसैनिकों ने कानून का सम्मान करने में भारतीय नेताओं से ज्यादा ईमानदारी दिखाई है.

जबकि स्मिता नाइक @smna17 लिखती हैं कि वो उम्मीद करती हैं कि लौटने वाले लोग वहीं दो नौसैनिक हैं, कोई और नहीं.

गुरिंदर अहलूवालिया @Guri02 का ने ट्वीट किया है कि इन दोनों ने अपने चरित्र का परिचय दिया है वो भारतीयों से बौद्धिकता और नैतिकता के आधार पर बेहतर हैं.