साल 2021 में बीबीसी हिंदी पर सबसे अधिक पढ़ी गईं 10 खबरें

कोरोना महामारी

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कोरोना वायरस के लक्षण क्या हैं और कैसे कर सकते हैं बचाव

चीन के वुहान से फैलना शुरू हुए कोरोना वायरस ने पूरी दुनिया में तबाही मचाई है.

पहले इसके अल्फा, बीटा वैरिएंट और फिर घातक डेल्टा वैरिएंट ने सभी महाद्वीपों पर लोगों को संक्रमित किया और लाखों लोगों की जान ली.

अब कोरोना का ओमिक्रॉन वैरिएंट पूरी दुनिया में तेज़ी से फैल रहा है.

कोरोना वायरस संक्रमण के तीन मुख्य लक्षण हैं. अगर इनमें से एक भी लक्षण आप में दिखता है तो आपको टेस्ट करा लेना चाहिए.

इस रिपोर्ट में कोरोना वायरस से जुड़े सभी सवालों के जवाब हैं. पूरी रिपोर्ट पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें.

क्राउन प्रिंस सलमान

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सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस ने कहा - क़ुरान ही हमारा संविधान, भारत पर भी बोले

इस साल अप्रैल में सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान ने देश के नेशनल टेलीविजन को दिए इंटरव्यू में कई अहम मुद्दों पर बात की.

इसमें उन्होंने भारत का भी नाम लिया और भारत से अच्छे संबंधों की वकालत की.

इस इंटरव्यू में क्राउन प्रिंस ने संविधान को लेकर कहा था कि क़ुरान ही संविधान है.

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पल्लवी बर्नवाल

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'सेक्स पर भारतीय बात नहीं करते- इसलिए मैं उनकी मदद करती हूँ'

भारत के ज़्यादातर स्कूल सेक्स के बारे में नहीं पढ़ाते.

तो, सेक्स और रिश्तों के बारे में बच्चों को समझाने की ज़िम्मेदारी उनके माँ-बाप पर आ जाती है.

सेक्स कोच पल्लवी बर्नवाल ने बीबीसी की मेघा मोहन से कहा कि अक्सर माँ-बाप को ही ये नहीं पता होता कि वो बच्चों को सेक्स के बारे में क्या बताएं.

पल्लवी ने बताया कि उन्होंने सेक्स कोच बनने का फ़ैसला क्यों लिया. पूरी रिपोर्ट पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें.

लाल किला

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लाल क़िले पर खालसा झंडा फहराने वाले जुगराज के घर क्या है हाल

भारत की राजधानी दिल्ली की सरहदों पर किसान लगभग पूरा साल किसान विरोध प्रदर्शन करते रहे. किसान भारत सरकार से तीनों कृषि क़ानून वापिस लेने की मांग कर रहे थे.

इस साल 26 जनवरी के दिन किसानों ने राजधानी में किसानों ने रैली और ट्रैक्टर परेड निकालने का फ़ैसला किया. रैली के दौरान कुछ प्रदर्शनकारी दिल्ली के लाल क़िले में घुस गए थे. उन्होंने वहाँ की प्राचीर पर चढ़ कर वहाँ सिखों का पारंपरिक झंडा 'निशान साहिब' फहरा दिया था.

पंजाब के तरनतारन ज़िले के गाँव का 23 साल का नौजवान जुगराज सिंह ने 26 जनवरी को लाल क़िले की प्राचीर पर खालसा झंडा लगा दिया था.

उस वक्त जुगराज के घर और गांव का हाल क्या था, ये रिपोर्ट यही जानने की कोशिश करती है. पूरी रिपोर्ट पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें.

कोविड वैक्सीन: कैसे बनती हैं वैक्सीन?

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कोविड वैक्सीन: कैसे बनती हैं वैक्सीन?

कोविड-19 पर जीत के लिए वैक्सीन को कारगर हथियार माना गया है.

लेकिन इससे जुड़ी सूचनाएं और सुझाव कई बार आपको पेचीदा लग सकते हैं, लेकिन कुछ बुनियादी तथ्य हैं जो आपकी यह समझने में मदद करेंगे कि एक वैक्सीन आख़िर काम कैसे करती हैं.

पूरी रिपोर्ट पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें.

कोरोना वैक्सीन

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कोविशील्ड: करोड़ों को देर से मिलेगी वैक्सीन की दूसरी डोज़

इस साल मई में एक सरकारी पैनल ने सिफ़ारिश की कि ऐस्ट्राज़ेनेका की कोविशील्ड वैक्सीन के दो डोज़ के बीच के अंतराल को बढ़ाकर 12 से 16 हफ़्ते का कर दिया जाए.

इस सिफ़ारिश से पहले कोविशील्ड की दो डोज़ के बीच छह से आठ हफ़्ते का अंतर रहता था. उससे पहले ये अंतराल चार से छह हफ़्ते था. पैनल ने ये भी कहा कि जो लोग कोरोना से ठीक हो गए हैं, वो ठीक होने के छह महीने बाद वैक्सीन लगवाएं.

ये सिफ़ारिश ऐसे वक्त आई जब कई राज्यों में कोरोना वैक्सीन की भारी कमी है, और सरकारें लोगों को वैक्सीन नहीं दे पा रहे थे.

ऐसे में सवाल उठने लगा कि इस अंतराल को 16 हफ़्तों तक क्यों बढ़ाया गया. पूरी रिपोर्ट पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें.

बांग्लादेश

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बांग्लादेश में दुर्गा पूजा स्थलों पर हमले के बाद शेख़ हसीना ने भारत को भी दी नसीहत

इस साल अक्तूबर में बांग्लादेश के कोमिल्ला में दुर्गा पूजा स्थल और हिन्दू मंदिरों पर हमला हुए जिसके बाद बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख़ हसीना ने सख़्त चेतावनी देते हुए कहा है कि करने वाले बचेंगे नहीं.

शेख़ हसीना ने कहा है कि कोमिल्ला में हुए हमले की जाँच होगी और किसी भी दोषी को छोड़ा नहीं जाएगा. इन हमलों में बांग्लादेश के चांदपुर में चार लोगों की मौत हुई थी.

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कोरोना

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कोविड-19 वैक्सीन के बारे में वह सब जो आप जानना चाहते हैं

इस साल जनवरी में ड्रग कंट्रोलर जनरल ऑफ़ इंडिया (डीसीजीआई) ने सीरम इंस्टीट्यूट और भारत बायोटेक की कोवैक्सीन कोविड-19 वैक्सीन को आपातकालीन सीमित इस्तेमाल की इजाज़त दी.

लेकिन इसके इस्तेमाल का अप्रूवल दिए जाने के बाद ही इस फ़ैसले पर सवाल खड़े होने शुरू हो गए. कांग्रेस समेत एक तबक़े ने इस वैक्सीन के प्रभावी होने पर सवाल उठाए और पूछा कि जब इसके तीसरे चरण के ट्रायल्स अभी पूरे नहीं हुए हैं फिर भी इनके इस्तेमाल की इजाज़त कैसे दी जा सकती है?

कोरोना वैक्सीन को लेकर कई तरह के सवाल लोगों के मन में हैं. इस रपोर्ट में बीबीसी ने ऐसे ही कुछ सवालों का जवाब देने की कोशिश की. पूरी रिपोर्ट पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें.

कोविड वैक्सीन: क्या डेल्टा प्लस वेरिएंट पर असर करेगी?

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश भर में 21 जून से नई वैक्सीन पॉलिसी लागू करने की घोषणा की थी, जिसके तहत केंद्र सरकार ही राज्य सरकारों को वैक्सीन मुहैया करा रही है.

कोविड वैक्सीन के से जुड़ी सभी जानकारी के जुड़ी ये रिपोर्ट पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें.

कान का मैल

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कान का मैल क्या है और इसे साफ़ करने का सबसे अच्छा तरीका क्या है?

ईयरवैक्स या कान का मैल, कई लोगों को इससे घिन आती है. लेकिन सच तो ये है कि कान का मैल हमारे शरीर से निकलने वाला एक ऐसा प्राकृतिक रिसाव है जिसका एक महत्वपूर्ण काम होता है.

इसलिए इसे साफ रखना कोई ऐसी चीज नहीं है जिसे आपको हल्के में लेना चाहिए.

ब्रितानी ईएनटी सर्जन गैब्रियल वेस्टन ने कान को साफ रखने के सबसे अच्छे और सबसे खराब तरीकों की पड़ताल की है. पूरी रिपोर्ट पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें.

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