पाकिस्तान: लाहौर के गुरुद्वारे को मस्जिद बनाया जाएगा? - प्रेस रिव्यू

पाकिस्तान: लाहौर के गुरद्वारे को मस्जिद बनाया जाएगा?

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भारत ने सोमवार को पाकिस्तान हाई कमीशन में उन रिपोर्ट्स को लेकर कड़ा विरोध दर्ज करवाया, जिनमें कहा जा रहा है कि लाहौर के गुरुद्वारे को मस्जिद में तब्दील किया जा रहा है.

ये ख़बरें लाहौर में नौलखा बाज़ार स्थित गुरुद्वारा शहीदी अस्थान को लेकर आ रही हैं, जिसे भाई तारू सिंह का शहादत स्थल माना जाता है. लेकिन दावा किया जा रहा है कि ये मस्जिद शहीद गंज की जगह है.

टाइम्स ऑफ इंडिया अख़बार के मुताबिक़, भारतीय विदेश मंत्रालय ने कहा कि गुरद्वारा शहीदी अस्थान भाई तारू जी एक ऐतिहासिक गुरुद्वारा है, जहां भाई तारू जी ने 1745 में "महा बलिदान" दिया था.

सिख समुदाय की इस गुरुद्वारे में काफ़ी श्रद्धा है और इसे वो एक पवित्र स्थल मानते हैं.

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अनुराग श्रीवास्तव ने कहा, "भारत के लिए ये घटना गंभीर चिंता का विषय है. पाकिस्तान के अल्पसंख्यक सिख समुदाय के लिए न्याय की मांग उठ रही है."

सरकार का कहना है कि भारत ने इस घटना को लेकर कड़े लहज़े में चिंता जताई है.

शक्तिकांत दास

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'बैंक इंफ्रास्ट्रक्चर योजनाओं को फंड नहीं कर सकते, नए तरीक़े निकालने होंगे'

द इकॉनोमिक टाइम्स के मुताबिक़, केंद्रीय बैंक आरबीआई के गवर्नर शक्तिकांत दास ने कहा है कि भारत को इंफ्रास्ट्रक्चर योजनाओं को फंड करने के लिए नए तरीक़े खोजने होंगे, क्योंकि बैड लोन से जूझ रहे बैंक ये नहीं कर पाएंगे.

सरकार के पॉलिसी थिंक टैंक नीति आयोग के अनुमान के अनुसार, देश को 2030 तक 4.5 खरब डॉलर के इंफ्रास्ट्रक्चर निवेश की ज़रूरत होगी.

उन्होंने कहा कि "इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए दिए गए ऋण से जुड़े नॉन परफॉर्मिंग एसेट बहुत ज़्यादा हो गए हैं. इसलिए साफ़ तौर पर फंडिग के और विकल्प देखने की ज़रूरत है."

इस संबंध में दास ने नेशनल इंफ्रास्ट्रक्चर और इन्वेस्टमेंट फंड (एनआईआईएफ़) के गठन का स्वागत किया.

राजस्थान: सत्र के लिए राज्यपाल की सशर्त सहमति

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राजस्थान: सत्र के लिए राज्यपाल की सशर्त सहमति

द हिंदू अख़बार के मुताबिक़, चार दिन चले गतिरोध के बाद राजस्थान के राज्यपाल कलराज मिश्र ने सोमवार को राज्य कैबिनेट की विधान सभा सत्र कराने की मांग मान ली.

हालांकि उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि सरकार सत्र बुलाने के लिए 21 दिन का "स्पष्ट नोटिस" दे और साथ ही लिखित में दे कि एजेंडे में बुहमत साबित करने के लिए विश्वास मत कराना शामिल होगा.

राज भवन की ओर से जारी एक बयान में मिश्र ने कहा, "मीडिया में सरकार के बयान से साफ़ है कि वो सत्र में विश्वास प्रस्ताव लाना चाहती है, लेकिन कैबिनेट की सलाह में इसका कोई ज़िक्र नहीं है." उन्होंने कहा कि ये अल्पावधि में सत्र बुलाने का आधार बन सकता है.

हालांकि उन्होंने 31 जुलाई को सत्र बुलाने की मांग करने वाले कैबिनेट नोट को वापस भेज दिया है और कहा है कि इसे दोबारा भेजा जाए. राज्यपाल ने स्पष्ट किया कि राजभवन की विधानसभा सत्र न बुलाने की कोई मंशा नहीं है और वो सिर्फ ये चाहता है कि विधानसभा सत्र संवैधानिक प्रावधानों के अनुकूल आहूत हो.

हाई कोर्ट ने पूछा: आरटी-पीसीआई से ज़्यादा एंटीजन टेस्ट क्यों?

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हाई कोर्ट ने पूछा: आरटी-पीसीआई से ज़्यादा एंटीजन टेस्ट क्यों?

द इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक़, सोमवार को दिल्ली हाई कोर्ट ने दिल्ली सरकार से पूछा कि वो आरटी-पीसीआर के मुक़ाबले ज़्यादा रैपिड एंटीजन टेस्ट क्यों कर रही है, जबकि इसके नतीजों में गड़बड़ियों की दर बहुत ज़्यादा है. देखा गया है इसमें फॉल्स नेगेटिव नतीजे ज़्यादा आते हैं.

अदालत ने पूछा, "क्या हमें आरटी-पीसीआर की जगह सारे टेस्ट आरएटी कर लेने चाहिए?"

पीठ हाल में कराए गए नेशनल सेंटर फॉर डिज़ीज़ कंट्रोल के सीरो सर्वे की रिपोर्ट और आरएटी के फॉल्स नेगेटिव की अधिक दर पर विचार कर रही थी. जिसके बाद अदालत ने कहा कि "आरटी-पीसीआर टेस्ट की संख्या बढ़ाई जानी चाहिए, जो तेज़ी से कम की गई है."

बैंच ने पूछा कि आरएटी को फ्रंटलाइट टेस्ट के रूप में इस्तेमाल क्यों किया जा रहा है और आरटी-पीसीआर टेस्ट सिर्फ सिर्फ लक्षण वाले लोगों को कराने की सलाह दी जा रही है.

बैंच ने कहा कि जब आरएटी टेस्ट के फॉल्स नेगेटिव की दर इतनी ज़्यादा है तो दिल्ली सरकार कैसे उसे फ्रंट लाइन टेस्ट की तरह इस्तेमाल कर रही है.

हाई कोर्ट ने ये अहम सवाल ऐसे वक़्त में पूछे हैं जब सोमवार को दिल्ली में दो महीने में सबसे कम 613 मामले सामने आए, जिसे दिल्ली सरकार ने अपनी उपलब्धि की तरह पेश किया.

वीडियो कैप्शन, सुशांत सिंह राजपूत की आखिरी फ़िल्म दिल बेचारा कैसी है?

सुशांत मामलाः महेश भट्ट से पूछताछ

हिंदुस्तान अख़बार के मुताबिक़, अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की मौत मामले में मुंबई पुलिस ने सोमवार को फ़िल्मकार महेश भट्ट से दो घंटे तक पूछताछ की और बयान दर्ज किया.

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक़, बांद्रा पुलिस स्टेशन में पूछताछ के दौरान महेश भट्ट से सुशांत सिंह राजपूत से उनकी मुलाक़ात के बारे में, बॉलीवुड में जारी परिवारवाद के बारे में और रिया चक्रवर्ती के सिलसिले में बात की गई.

पूछताछ के दौरान महेश भट्ट ने बताया कि 'सड़क 2' में सुशांत सिंह राजपूत को लेने पर या कास्ट करने पर कोई भी बात नहीं हुई थी.

महेश भट्ट से पहले संजय लीला भंसाली से भी बांद्रा पुलिस ने पूछताछ की थी. साथ ही अभिनेत्री कंगना रनौत को भी समन भेजा गया था.

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