पहले बीजेपी, अब सज्जाद लोन की वजह से बढ़ेंगी महबूबा की मुश्किलें?: पांच बड़ी ख़बरें

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भारतीय जनता पार्टी और पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी का गठबंधन टूटने के बाद से महबूबा मुफ़्ती की परेशानियां ख़त्म ही नहीं हो रही हैं.
पहले उनके विधायकों ने बगावत की और अब उसके संस्थापक सदस्य और कद्दावर नेता डॉक्टर मुज़फ़्फ़र हुसैन बेग पार्टी छोड़ने की बात करते हुए सज्जाद लोन से मिल रहे हैं.
पीडीपी नेता और जम्मू-कश्मीर के पूर्व उप मुख्यमंत्री मुज़फ़्फ़र हुसैन बेग ने श्रीनगर में एक संवाददाता सम्मेलन किया. इस सम्मेलन में बेग ने सज्जाद लोन को बेटा और जम्मू कश्मीर पीपुल्स कॉन्फ्रेंस को घर जैसा बताया.
इसके बाद सज्जाद लोन ने ट्वीट कर इस बात की पुष्टि की है कि बेग उनसे मिल रहे हैं. उन्होंने बेग को बचपन का फ़ेवरेट अंकल बताते हुए उनका शुक्रिया भी अदा किया है.
उन्होंने ट्वीट में आगे लिखा कि 'उभरते हुए थर्ड फ्रंड में उनके कद, अनुभव और समझ का निश्चित तौर पर फ़ायदा हो सकता है.'
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बेग ने संवाददाता सम्मेलन में कहा था कि सज्जाद लोन तीसरा फ्रंट बनाने की बात कर रहे हैं और अगर ऐसा होता है तो वह इसे जॉइन करेंगे क्योंकि पीपुल्स कान्फ्रेंस उनके लिए घर जैसा है. बेग ने यह भी कहा, लोन मेरे लिए बेटे जैसे हैं.

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सरकार से नाराज़ किसान फिर मुंबई पहुंचेंगे
विदर्भ, मराठवाड़ा और उत्तर महाराष्ट्र के किसान और आदिवासी बुधवार को एक बार फिर विधान भवन की तरफ़ कूच करेंगे.
सरकार से नाराज़ किसान और आदिवासी मोर्चे में जल विशेषज्ञ राजेंद्र सिंह और योगेंद्र यादव जैसे कई नेताओं के शामिल होने का दावा किया गया है.
लोक संघर्ष मोर्चा के महासचिव प्रतिभा शिंदे ने मीडिया को बताया, "सरकार के सामने हम लोगों ने 15 मांगें रखी हैं जिनमें एमएसपी (न्यूनतम समर्थन मूल्य) में किसानों को 50 फ़ीसदी लाभ, कृषि पंप ट्रांसफार्मर की 48 घंटे में मरम्मत, ठंड में दिन में सिंचाई के लिए बिजली, स्कूल पोषक आहार में केला शामिल करने की मांग शामिल है."
उन्होंने बताया कि विदर्भ, मराठवाड़ा और उत्तर महाराष्ट्र के महीनों से ख़राब सैकड़ों ट्रांसफ़ॉर्मरों को कई बार शिकायत करने के बाद भी ठीक नहीं किया गया.
शिंदे ने कहा कि सरकार किसानों को फ़सलों का न्यूनतम समर्थन मूल्य ही ठीक से देने की व्यवस्था कर दे, तो किसान कर्ज़ मुक्त हो जाएंगे.
उन्होंने कहा, "लेकिन मेरे पास ऐसे हज़ारों किसानों की सूची है, जिन्हें कर्ज़ नहीं मिल रहा है."

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48 घंटे में इस्तीफा दें पर्रिकर: कांग्रेस
गोवा के मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर की सेहत लंबे वक़्त से ख़राब है. पर्रिकर की घर पर रहते हुए मुख्यमंत्री कार्यालय का काम संभालने की तस्वीरें हाल ही में सोशल मीडिया पर वायरल हुई थीं.
अब मंगलवार को कांग्रेस के नेताओं ने पर्रिकर के घर तक मार्च कर उनके इस्तीफ़े की मांग की है. कांग्रेसी नेताओं ने पर्रिकर की जगह गोवा में एक पूर्णकालिक मुख्यमंत्री बनाए जाने की मांग की है.
पीपुल्स मार्च फ़ॉर रेस्टॉरेशन ऑफ़ गवर्नेंस के बैनर तले प्रदर्शन करने वाले इन लोगों ने पर्रिकर को इस्तीफ़े के लिए 48 घंटे का अल्टीमेटम दिया है.
पर्रिकर पैनक्रियाज़ यानी अग्न्याशय कैंसर से जूझ रहे हैं. दिल्ली के एम्स से 14 अक्टूबर को छुट्टी होने के बाद से पर्रिकर अपने घर पर ही हैं.

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मध्यप्रदेश में मायावती का चुनाव प्रचार
बहुजन समाज पार्टी (बसपा) प्रमुख मायावती मध्यप्रदेश के चुनावी मैदान में प्रचार के लिए उतर आई हैं.
मंगलवार को भोपाल में हुई रैली के बाद वो अगले कुछ दिन कई चुनावी मंचों पर नज़र आएँगी. मध्यप्रदेश में 28 नवंबर को चुनाव होने हैं और नतीजे 11 दिसंबर को आएंगे.
ऐसे में मायावती चुनाव प्रचार में कोई कसर नहीं छोड़ना चाह रही हैं.
मायावती ने भोपाल में हुई रैली में कहा, ''मध्य प्रदेश चुनावों में कांग्रेस हमारे साथ गठबंधन कर बसपा को ख़त्म करना चाहती थी. कांग्रेस गठबंधन का सहारा लेकर साज़िश के तहत बसपा को कम सीटें देना चाहती थी.''
हालांकि कांग्रेस की तरफ़ से कितनी सीटें देने की बात हुई थी, इसका ज़िक्र मायावती ने नहीं किया.

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अफ़ग़ानिस्तान: बम हमले में 50 की मौत
अफ़ग़ानिस्तान की राजधानी काबुल में धार्मिक नेताओं की एक बैठक पर हुए आत्मघाती बम हमले में कम से कम 50 लोग मारे गए हैं.
पैगंबर मोहम्मद के जन्मदिन के मौके पर मौलवियों की इस सभा में विस्फोट से दर्जनों लोग घायल हो गए हैं.
दुर्घटना के शिकार लोगों का आंकड़ा बढ़ने की आशंका है. हाल के हफ्तों में अफगानिस्तान में कई हिंसक हमले हुए हैं जिसमें सैकड़ों लोग जान गंवा चुके हैं.
किसी भी समूह ने हमले की ज़िम्मेदारी नहीं ली है. लेकिन आईएस और तालिबान ने अतीत में इसी तरह के हमले किए हैं.
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