विरोध के बाद कंडोम कंपनी ने वापस लिया सनी लियोनी का नवरात्रि वाला विज्ञापन

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- Author, गीता पांडेय
- पदनाम, बीबीसी संवाददाता
हिंदुओं के बड़े त्योहार नवरात्रि से पहले देश के पश्चिमी राज्य गुजरात में कंडोम के एक लोकप्रिय ब्रांड, मैनफोर्स के एक विज्ञापन से कुछ लोग नाराज़ हैं.
गुरुवार से नौ दिनों तक चलने वाला त्योहार नवरात्रि का त्योहार शुरू हो गया है जिससे पहले राज्य के कई शहरों में विज्ञापन के लिए बड़े-बड़े बिलबोर्ड लगाए गए हैं.
इस विज्ञापन में भारतीय मूल की कनाडाई अभिनेत्री सनी लियोनी लोगों से कह रही हैं कि "इस बार नवरात्रि खेलें, लेकिन प्यार से (ए नवरात्रि रामो, परांतु प्रेम थी]".
पूर्व में पोर्न स्टार रह चुकीं सनी लियोनी बॉलीवुड में अपनी जगह बना चुकी हैं और कई फ़िल्में कर चुकी हैं. भारत में बहुत लोग सनी के प्रशंसक हैं. वो देश की सबसे बड़ी कंडोम कंपनी मैनफोर्स की ब्रांड एंबैसडर है.
सनी के नए विज्ञापन से कई लोग खफ़ा हैं जिनका आरोप है कि कंडोम बनाने वाली इस कंपनी ने "अपना सामान बेचने के लिए गिरा हुआ कदम उठाया है."

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सोशल मीडिया पर कई लोगों ने इसे "आपत्तिजनक विज्ञापन" बताया है और इस सिलसिले में कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (सीएआईटी) ने सरकार से इसकी शिकायत करते हुए इस पर जल्दी प्रतिबंध लगाने की मांग की है.
उपभोक्ता मामलों के मंत्री राम विलास पासवान के नाम एक याचिका में सीएआईटी ने कहा है, "हमारे सभी सांस्कृतिक मूल्यों को दांव पर लगाकर अपने सामान की बिक्री को बढ़ावा देने की ये एक ग़ैर-जिम्मेदाराना और बचकानी कोशिश है."
बुधवार को बीबीसी से बात करते हुए सीएआईटी के महासचिव प्रवीण खंडेलवाल ने कहा, "नवरात्रि एक पावन उत्सव है जो महिलाओं की शक्ति का प्रतीक है और इस त्योहार के साथ कंडोम को जोड़ना बेहद आपत्तिजनक है."

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दिल्ली में रहने वाले खंडेलवाल इस सप्ताह सूरत गए थे जहां उन्होंने अपनी यात्रा के दौरान विज्ञापन वाले बिलबोर्ड देखे.
वो कहते हैं, "हालांकि विज्ञापन में कंडोम शब्द का कोई उल्लेख नहीं है लेकिन ये नवरात्रि त्योहार के नाम पर मैनफोर्स कंडोम का इस्तेमाल करने के लिए युवाओं को उकसा रहा है. यह अनैतिक है."
विज्ञापन के विरोध में शिकायतों के बाद सूरत और वडोदरा शहर में पुलिस ने दर्जनों बिलबोर्ड उतार लिए हैं. लेकिन खंडेलवाल कंडोम निर्माता और सनी लियोनी के ख़िलाफ़ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं ताकि "भविष्य के ऐसा करने वालों के लिए एक मिसाल पेश की जा सके."
कंडोम कंपनी मैनफोर्स ने बुधवार शाम ट्विटर पर इस विज्ञापन के लिए खेद जताया है. कंपनी ने ट्वीट किया है "इस विज्ञापन क उद्देश्य किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं था और इसे हम तत्काल वापस लेते हैं. हमें इस घटना पर अफ़सोस है."

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इस विवाद पर अब तक सनी लियोनी ने कोई टिप्पणी नहीं की है. हालांकि कुछ लोगों का मानना है कि नवरात्रि के दौरान कंडोम का विज्ञापन शायद इतना भी बुरा विचार नहीं है.
कई साल पहले गुजरात के शहर अहमदाबाद से दिल्ली आई एक महिला ने नौ रातों के इस त्योहार के दौरान किए "मज़े" के बारे में मुझे बताया था.
यह एक समय होता है जब यहां तक कि सबसे रूढ़िवादी माता-पिता भी कुछ हद तक खुला रवैया अपनाते हुए अपने किशोर बच्चों को अपने महिला या पुरुष मित्रों के साथ देर रात तक रहने और पारंपरिक गरबा नाच खेलने की इजाज़त दे देते हैं. गरबा नाच का आयोजन अधिकतर होटलों, पार्कों और निजी फार्महाउस में किया जाता है.

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रिपोर्टों में पाया गया है कि 1990 के दशक के बाद से इस तरह के त्योहार के दौरान युवा अक्सर सेक्स संबंधी चेतावनियों को अनसुना करते हुए असुरक्षित यौन संबंध बनाते हैं और नवरात्रि के दो महीने बाद महिलाओं में गर्भावस्था की दर में उछाल आता है और गर्भपात के लिए कई लोग क्लीनिकों का रुख करते हैं.
हालांकि गुजरात के काफी अरसे से रहने वाल लोगों का कहना है कि ये रिपोर्ट इन बातों को बढ़ा-चढ़ा कर पेश कर रही हैं और हो सकता है कि ये कोरी कल्पना हो. लेकिन तथ्य बताते हैं कि पिछले कुछ वर्षों में डॉक्टर और स्वास्थ्य कर्मचारी इस मुद्दे को उठा रहे हैं और सरकारी अधिकारी भी इस पर चिंता ज़ाहिर कर रहे हैं.
राज्य में युवाओं को सुरक्षित सेक्स के बारे में जानकारी दी जा रही है और रिपोर्टों के अनुसार कई मामलों में संकोच त्याग कर लड़कियां और युवा महिलाएं कंडोम ख़रीदने के लिए आगे आ रही हैं.
गुजरात राज्य केमिस्ट्स और ड्रगिस्ट एसोसिएशन्स फेडरेशन के अध्यक्ष जसवंत पटेल का कहना है कि पिछले दस सालों से त्योहार के दौरान कंडोम की बिक्री कम से कम 30 फ़ीसदी तक बढ़ जाती है.
पटेल ने बीबीसी को बताया, "कंडोम अब केवल दवा की दुकानों और सामान्य दुकानों पर नहीं मिलती बल्कि वो नुक्कड़ के कोने पर बनी पान की दुकानों पर भी मिलते हैं और कंडोम ख़रीदने वालों में अधिकतर किशोर और कॉलेज के छात्र हैं."

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पिछले बीस सालों से अहमदाबाद में क्लिनिक चला रही स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ रूबी मेहता बताती हैं कि कंडोम की बिक्री बढ़ने के बावजूद त्योहार के बाद युवाओं में गर्भधारण के मामले बढ़ रहे हैं.
वो कहती हैं, "कंडोम अब हर जगह मिल जाते हैं और 20 से 30 साल की उम्र वाले जोड़े भी अधिक ज़िम्मेदार हो रहे हैं, लेकिन किशोर इसे लेकर ज़्यादा जागरूक नहीं हैं. और हर साल नवरात्रि के बाद गर्भपात के लिए हमारे क्लिनिक में आने वाले लोगों की संख्या हर साल दोगुनी हो रही है."
मैंने डॉक्टर मेहता से पूछा कि क्या सनी लियोनी का विज्ञापन गुजरात में युवाओं को सुरक्षित सेक्स के लिए प्रोत्साहित कर सकता है.
वो कहती हैं, "सेक्स एजुकेशन अलग बात है जबकि विज्ञापन एक अलग बात है. हमें अपने स्कूलों में बेहतर यौन शिक्षा के बारे में बताने की ज़रूरत है. किशोर लड़कियों को और अधिक जागरूक बनाने की जरूरत है इससे इस मामले में काफ़ी मदद मिलेगी."
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