सुष्मिता देव: महिला कांग्रेस की नई अध्यक्ष

इमेज स्रोत, FACEBOOK
भारत की प्रमुख विपक्षी पार्टी कांग्रेस ने पार्टी के भीतर कुछ अहम बदलाव किए हैं. शनिवार को लोकसभा सांसद सुष्मिता देव को शोभा ओझा की जगह ऑल इंडिया महिला कांग्रेस की ज़िम्मेदारी सौंपी गई है.
सुष्मिता देव कांग्रेस पार्टी के पूर्व नेता और मंत्री रहे संतोष मोहन देव की बेटी हैं. संतोष मोहन देव का हाल ही में निधन हुआ है.
सुष्मिता असम में सिलचर से लोकसभा सांसद हैं. सुष्मिता देव लोकसभा में अपनी पार्टी की तरफ़ से अक्सर विरोध की आवाज़ लगाती दिखती हैं. वह लोकसभा में काफ़ी मुखर रहती हैं. हाल ही में सुष्मिता देव महिलाओं के लिए सैनिटरी पैड पर जीएसटी हटाने की मुहिम चलाती नज़र आई थीं.

इमेज स्रोत, Getty Images
38 साल की सुष्मिता देव असम के एक राजनीतिक परिवार से आती हैं. उनके दादा सतिन्द्र मोहन देव स्वतंत्रता सेनानी थे. बाद में असम के स्वास्थ मंत्री बने और लंबे समय तक सिलचर म्यूनिसिपैलिटी बोर्ड के चेयरमैन रहे थे.
सुष्मिता देव के पिता एक स्पोर्ट्समैन भी थे. संतोष मोहन देव सिलचर से 6 बार सांसद चुने गए थे. संतोष मोहन देव इस्पात मंत्री थे. सु्ष्मिता देव की मां भीतिका देव भी राजनीति में रही हैं. वह असम में विधायक चुनी गई थीं.
सुष्मिता ने भी राजनीति को अपना पेशा बनाया. उन्होंने राजनीति की शुरुआत सिलचर म्यूनिसिपैलिटी से की थी. सिलचर म्यूनिसिपैलिटी असम का दूसरा सबसे बड़ा नगर निकाय है.
सुष्मिता ने दिल्ली के मिरांडा हाउस कॉलेज से पॉलिटिकल साइंस में 1993 में ग्रेजुएशन किया था. इसके बाद उन्होंने लंदन से लॉ की पढ़ाई की. सुष्मिता ने लंदन में थॉमस वैली यूनिवर्सिटी से लॉ में बैचलर की पढ़ाई की. यहां से सुष्मिता ने 1997 में अपना कोर्स पूरा किया था.

इमेज स्रोत, Twitter
इसके बाद उन्होंने लंदन में ही किंग्स कॉलेज से कॉर्पोरेट लॉ में मास्टर्स की डिग्री ली. सुष्मिता दिल्ली बार काउंसिल की सदस्य भी हैं.
सुष्मिता की दिल्ली में देव एंड एसोसिएशन नाम की एक लॉ फ़र्म भी है. जब वह दिल्ली में पढ़ाई कर रही थीं उसी दौरान कांग्रेस पार्टी के छात्र यूनियन एनएसयूआई में सक्रिय थीं. मिरांडा हाउस कॉलेज में स्टूडेंट यूनियन का चुनाव भी लड़ा था. सुष्मिता ने महिला कांग्रेस के अध्यक्ष चुने जाने पर कांग्रेस प्रमुख सोनिया गांधी और उपाध्यक्ष राहुल गांधी के प्रति आभार जताया है.
उन्होंने ट्वीट किया, ''यह अवसर देने के लिए मैं आदरणीय एआईसीसी अध्यक्ष सोनिया गांधी और उपाध्यक्ष राहुल गांधी के प्रति आभार प्रकट करती हूं.''

इमेज स्रोत, Twitter
मध्य प्रदेश कांग्रेस में फेरबदल
मध्य प्रदेश के पार्टी प्रभारी मोहन प्रकाश को कांग्रेस ने हटा दिया है और उनकी जगह दीपक बाबरिया को ज़िम्मेदारी सौंपी है. गुजरात से ताल्लुक रखने वाले बाबरिया को कांग्रेस के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष राहुल गांधी का क़रीबी माना जाता है. बाबरिया को कांग्रेस के दो सचिव ज़ुबैर ख़ान और संजय कपूर मदद करेंगे.
मोहन प्रकाश के बारे में कहा जा रहा है कि वह काम करने की अपनी शैली के कारण आलोचना झेल रहे थे. प्रदेश कांग्रेस के नेता भी कई बार मोहन प्रकाश से असंतोष ज़ाहिर कर चुके थे. मध्य प्रदेश में कांग्रेस 2003 से ही सत्ता से बाहर है.
हालांकि मोहन प्रकाश के पास महाराष्ट्र का प्रभार रहेगा. मध्य प्रदेश में अगले साल विधानसभा चुनाव होने वाले हैं. मध्य प्रदेश में कांग्रेस जल्द ही नए प्रदेश अध्यक्ष की भी घोषणा कर सकती है. अभी मध्य प्रदेश में कांग्रेस की कमान अरुण यादव के पास है.
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)












