You’re viewing a text-only version of this website that uses less data. View the main version of the website including all images and videos.
कश्मीर: सोशल मीडिया साइटों पर लगी पाबंदी
- Author, रियाज़ मसरूर
- पदनाम, श्रीनगर से बीबीसी हिन्दी डॉट कॉम के लिए
भारत प्रशासित कश्मीर में बुधवार को 16 सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट पर पाबंदी लगा दी गई. इनमें फ़ेसबुक, ट्विटर, व्हाट्सऐप और गूगलप्लस भी शामिल हैं.
कश्मीर सरकार के गृह विभाग ने अपने आदेश में कहा है, ''जनहित में लिए गए फ़ैसले के तहत ये वेबसाइट कश्मीर में नहीं खुलेंगी. अगला आदेश आने तक यह पाबंदी एक महीने तक रहेगी.''
यह आदेश ब्रिटिश भारत के क़ानून 'इंडियन टेलिग्राफ़ एक्ट 1885' के तहत लिया गया है.
इस महीने की शुरुआत में उपचुनाव के दौरान हुई हिंसा के बाद कश्मीर भारी अशांति की चपेट में है.
कश्मीर में छात्रों का विद्रोह सरकार के लिए नई चिंता है. विरोध-प्रदर्शन के डर से अक्सर कैंपस बंद रहते हैं. यहां तक कि स्कूली ड्रेस में लड़कियां सुरक्षाबलों पर पत्थर फेंकती देखी गईं.
घाटी में इंटरनेट पर पाबंदी आए दिन लगती रहती है, लेकिन सोशल मीडिया पर प्रतिबंध पहली बार लगा है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सोशल नेटवर्किंग साइट्स पर पाबंदी का फ़ैसला घाटी के हालात के गंभीर विश्लेषण के बाद लिया गया है.
पुलिस का कहना है कि सोशल मीडिया पर पोस्ट के ज़रिए युवाओं को भड़काने की आशंका के कारण यह फ़ैसला लिया गया है. एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बीबीसी से कहा कि घाटी की स्थिति लंबे समय से चिंताजनक रही है, लेकिन अभी हालात नियंत्रण से बाहर है और अस्थायी पाबंदी आख़िरी सहारा है.''
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)