बड़ी कंपनियों में आ रही हैं यौन शोषण की शिकायतें

इमेज स्रोत, AFP
भारत में पिछले कुछ दिनों में कई बड़ी कंपनियों में वरिष्ठ अधिकारियों पर यौन शोषण के आरोप लग रहे हैं.
ताज़ा मामला वेबसाइट स्कूपव्हूप का है जिसमें कंपनी के सह-संस्थापक पर पूर्व कर्मचारी ने यौन शोषण के आरोप लगाए हैं.
दफ्तरों में यौन शोषण संबंधी कानून 2013 में बदले थे और उन्हें विशाखा गाइडलाइन्स भी कहा जाता है.
स्कूपव्हूप का मामला

इमेज स्रोत, Getty Images
एक पूर्व कर्मचारी ने कंपनी के सह-संस्थापक पर यौन शोषण का आरोप लगाया है.
स्कूपव्हूप ने ट्विटर पर जारी बयान में कहा है कि कंपनी किसी भी तरह के यौन शोषण की शिकायतों को गंभीरता से लेती है.
बयान में कहा गया है कि कंपनी की आतंरिक शिकायत समिति में कंपनी की दो वरिष्ठ और सीनियर महिला कर्मचारियों के अलावा एक स्वतंत्र पर्यवेक्षक भी हैं जो कई प्रतिष्ठित कंपनियों की शिकायत समिति से जुड़ी हुई हैं.
कंपनी का कहना है कि शिकायत मिलते ही उसे शिकायत समिति को भेजा गया है और इसकी जांच हो रही है. उनका कहना है कि चूंकि इस मामले में पुलिस में रिपोर्ट भी दर्ज हुई है तो कंपनी पुलिस के साथ पूरा सहयोग कर रही है.
बयान के मुताबिक पीड़िता ने पुलिस थाने में एफ़आईआर भी दर्ज कराई है और जाँच चल रही है.
आरके पचौरी मामला

इमेज स्रोत, Reuters
'द एनर्जी एंड रिसोर्स इंस्टीट्यूट' (टेरी) के प्रमुख रहे जाने-माने पर्यावरणविद् आरके पचौरी पर भी यौन उत्पीड़न का आरोप लगा था.
आंरिक जाँच में दोषी पाए जाने के बाद भी पचौरी लंबे समय तक प्रमुख के पद से हटाए नहीं गए. हालांकि यौन उत्पीड़न का मामला अभी अदालत में चल रहा है.
शिकायत करने वाली महिला ने यौन उत्पीड़न की रोकथाम वाले क़ानून के अलावा पुलिस में भी शिकायत की थी पर आखिर में उन्हें खुद ही इस्तीफ़ा देना पड़ा था.
तरुण तेजपाल मामला

इमेज स्रोत, Reuters
'तहलका' मैगज़ीन के संपादक रहे तरुण तेजपाल के ख़िलाफ़ भी यौन उत्पीड़न और बलात्कार का आरोप लगा था और वो गिरफ़्तार कर लिए गए थे.
बाद में शिकायत करने वाली महिला कर्मचारी ने नौकरी से इस्तीफ़ा दे दिया था.
अपने इस्तीफ़े मे उन्होंने लिखा था, "संस्थान के मदद न करने से मैं सदमे में हूं, उल्टा मुझे ही डराया गया और मेरे चरित्र पर ही सवाल उठाए गए".
टीवीएफ का मामला

इमेज स्रोत, ARUNABH KUMAR FB PAGE
टीवीएफ के सीईओ अरूणाभ कुमार पर यौन शोषण के आरोप मार्च के महीने में लगे और कंपनी इस मामले की जांच कर रही है.
कंपनी की मीडिया देखने वाली अदिति ने बीबीसी से बात करते हुए कहा है कि जांच सिर्फ उन बिंदुओं पर होगी जिसमें ऑफिस में काम करने के दौरान लगाए गए आरोप हैं.
उन्होंने कहा कि कंपनी उन आरोपों की जांच नहीं कर रही है जिनका सरोकार बतौर व्यक्ति अरुणाभ कुमार से हैं और जिनका ऑफिस के काम काज से कोई लेना देना नहीं है.
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)












