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आशुतोष शर्मा के धमाल ने किया दिल्ली के लिए कमाल, कैसे चूकी ऋषभ पंत की नई टीम
- Author, ख़ुर्रम हबीब
- पदनाम, बीबीसी हिंदी के लिए
पिछले सीज़न में मिचेल मार्श और ऋषभ पंत दिल्ली कैपिटल्स के साथ थे और इस बार दोनों लखनऊ की टीम के साथ हैं.
दोनों ने इस साल की शुरुआत सोमवार को अपने पुराने फ्रेंचाइजी के ख़िलाफ़ मैच से की.
लेकिन पंजाब से दिल्ली पहुँचे आशुतोष शर्मा ने नई टीम के साथ उनके आगाज़ के मज़े को किरकिरा कर दिया.
पिछले साल पंजाब के साथ उनका सीज़न उतार-चढ़ाव वाला रहा था. कई बार आशुतोष अपनी टीम को जिताने में चूके थे. सोमवार को मैच के बाद आशुतोष ने कहा कि उन्होंने पिछले सीज़न से बहुत कुछ सीखा है.
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मार्श और पूरन की आतिशी पारियां
2024 के ख़राब सीजन के बाद दिल्ली कैपिटल्स ने मार्श को नज़रअंदाज़ कर दिया था. इसके बाद उन्हें पिछले साल नवंबर में आईपीएल ऑक्शन में 3.3 करोड़ रुपये में लखनऊ ने खरीदा था.
उन्होंने लखनऊ के लिए छह चौकों और छह छक्कों की मदद से 36 गेंदों पर 72 रन बनाए और एडेन मार्करम और निकोलस पूरन के साथ पहले और दूसरे विकेट के लिए क्रमशः 46 और 87 रन जोड़कर अपनी टीम के लिए मजबूत स्थिति तक पहुंचाया.
पूरन ने 30 गेंदों पर सात छक्कों और छह चौकों की मदद से 75 रन बनाए.
उनके आउट होने के समय लखनऊ की टीम, 12वें ओवर में 133 रन बनाकर बहुत अच्छी स्थिति में थी लेकिन इसके बाद दिल्ली के गेंदबाज़ों ने वापसी की.
लखनऊ के कप्तान पंत, जो पिछले साल 27 करोड़ रुपये में खरीदे गए सबसे महंगे खिलाड़ी थे, को अपनी पूर्व टीम के गेंदबाज़ों के सामने संघर्ष करना पड़ रहा था.
पंत ने पांच गेंदें खेलीं और एक भी गेंद पर रन नहीं बना पाए. वे कुलदीप यादव का शिकार बने.
भारत के बाएं हाथ के कलाई के स्पिनर कुलदीप ने चार ओवर में 20 रन पर दो विकेट के साथ वापसी की.
महंगे पंत बेअसर
भारत के पूर्व कप्तान सुनील गावस्कर ने बताया कि पंत लंबे समय से नहीं खेले हैं और इसलिए मैच के दौरान कि वह मुश्किल में लग रहे हैं.
पंत को कुलदीप की गेंद पर मिडऑफ़ पर फ़फ़ डु प्लेसिस ने कैच कर लिया क्योंकि वह गेंद को सही तरह से टाइम नहीं कर सके थे.
यहीं से लखनऊ की पारी बिखरने लगी और इसका खामियाज़ा अंत में उनको भुगतना पड़ा. वह यह मैच केवल एक विकेट से हार गए.
पंत के तुरंत बाद पूरन आउट हो गए और उसके बाद नौजवान बल्लेबाज़ आयुष बदोनी, शार्दुल ठाकुर और शाहबाज अहमद जल्दी ही आउट हो गए, जिससे लखनऊ सुपर जायंट्स सात विकेट पर 194 रन पर रुक गई जबकि एक समय दो विकेट पर उसके 161 रन थे.
डेविड मिलर ने आख़िरी ओवर में दो छक्के लगाकर 15 रन जोड़े और टीम को 209 रन तक पहुंचाया.
हालांकि, पंत ने अपनी टीम के फ़ील्डिंग की बारी आने पर शुरू में अच्छी कप्तानी और विकेटकीपिंग के साथ बल्ले से ख़राब फ़ॉर्म की भरपाई की.
दिल्ली की पारी
शार्दुल ठाकुर ने पहले ओवर में जेक-फ्रेजर मैकगर्क और अभिषेक पोरेल को आउट करते हुए दो विकेट चटकाए और मणिमारन सिद्धार्थ (मिशेल मार्श के स्थान पर आए सब्सिट्यूट) द्वारा फेंके गए पारी के दूसरे ओवर में पंत ने एक अच्छा कैच लपका.
शुरुआती झटकों के चलते दिल्ली कैपिटल्स का स्कोर एक समय तीन विकेट पर सात रन हो गया था.
पंत ने स्पिनरों को पॉवरप्ले के चार ओवर दिए. मणिमरन सिद्धार्थ, जिन्होंने सोमवार से पहले सिर्फ़ तीन आईपीएल मैच खेले थे, उन्होंने दो ओवर किये और रिज़्वी को आउट किया, जबकि डेब्यू करने वाले दिग्वेश राठी ने कप्तान अक्षर पटेल का विकेट लिया.
अक्षर का विकेट अहम रहा क्योंकि वह फ़फ़ डु प्लेसि के साथ मजबूत साझेदारी बनाने की शुरुआत कर रहे थे.
11 गेंदों पर 22 रन बनाने और चौथे विकेट के लिए 43 रन जोड़ने के बाद वह स्वीप शॉट पर आउट हो गए. पॉवरप्ले के अंत तक दिल्ली कैपिटल्स का स्कोर चार विकेट पर 58 रन था.
राठी उन दो खिलाड़ियों में से एक थे जिन्हें कैंप में चोट की समस्याओं के बाद एलएसजी ने दिल्ली के विरुद्ध डेब्यू कराया था, दूसरे खिलाड़ी दिल्ली के ही नज़फ़गढ़ के तेज गेंदबाज प्रिंस यादव थे. दोनों को इस मैच में खेलने का मौक़ा मिला.
पिछले साल दिल्ली प्रीमियर लीग के दौरान राठी ने इस संवाददाता से कहा था, "मैं कोलकाता नाइट राइडर्स के साथ नेट बॉलर था. मुझे लगा कि बल्लेबाज मुझे आराम से खेल रहे हैं, इसलिए मैंने वेस्टइंडीज के गेंदबाज सुनील नरेन से बात की, जो कोलकाता के साथ थे, और गेंद को छिपाते हुए उनके तरीके को अपनाना शुरू किया."
उन्होंने दिल्ली प्रीमियर लीग टूर्नामेंट में 14 विकेट लिए थे और सोमवार को चार ओवर में 31 रन देकर दो विकेट लिए.
राठी ने कहा, "मैं वानिंदु हसरंगा को अपना आदर्श मानता हूं, इसलिए मैं अपने विकेट का जश्न उसी तरह मनाता हूं, जैसे वह मनाते हैं."
पंत की कप्तानी
कप्तान के तौर पर पंत ने दिल्ली कैपिटल्स को शुरू में जमने नहीं दिया. उन्होंने पहले 10 ओवरों में पांच गेंदबाज़ों का इस्तेमाल किया, जिनमें से सात ओवर स्पिनरों ने किए.
पारी के अंत में हालांकि पंत की कप्तानी की परीक्षा हुई और वह इसमें विफल रहे क्योंकि स्पिनरों के लगातार तीन ओवर - 13वें, 14वें और 15वें - में दिल्ली के बल्लेबाज़ों ने 47 रन बटोरे.
दिल्ली कैपिटल्स के लिए डेब्यू करने वाले 20 वर्षीय विप्रज निगम ने पारी के अंत में बहुत महत्त्वपूर्ण पारी खेली.
उत्तर प्रदेश के इस लड़के ने 2024-25 में सैयद मुश्ताक अली टी20 टूर्नामेंट में आठ विकेट चटकाए और एक गेम में आठ गेंदों में 27 रन बनाकर प्रसिद्धि हासिल की थी.
उन्होंने सोमवार को धुआंधार बल्लेबाजी की.
50 लाख में ख़रीदे गए निगम गेंद से भले बहुत कामयाब नहीं हुए पर उन्होंने बल्ले से शानदार प्रदर्शन किया.
और फिर आशुतोष ने पलटी बाज़ी
विप्रज निगम ने 15 गेंदों पर 39 रन बनाए. , जबकि आशुतोष शर्मा ने 31 गेंदों पर 66 रन बनाए.
इस तरह से उन्होंने 13वें ओवर में छह विकेट पर 113 रन से टीम को 17वें ओवर की शुरुआत में सात विकेट पर 168 रन तक पहुंचाया.
यहां से आशुतोष शर्मा ने दिल्ली कैपिटल्स को संभाला.
पिछले साल पंजाब किंग्स के लिए खेले आशुतोष ने बेहतरीन बल्लेबाज़ी की. दिल्ली कैपिटल्स ने ऑक्शन में इस साल के लिए उन्हें 3.80 करोड़ रुपये में ख़रीदा था.
उन्होंने 18वें ओवर में 17 और 19वें में 16 रन बनाकर मैच का रुख़ बदल दिया.
मैच के बाद आशुतोष ने बताया कि वो पिछले सीज़न में अपनी पुरानी टीम को कई बार जिता सकते थे लेकिन चूक गए. उन्होंने कहा कि उस तज़ुर्बे में बहुत कुछ सीखा.
आशुतोष ने कहा, "मैंने मैच फ़िनिश करने पर फ़ोकस किया. मैं घरेलू सीज़न में भी इसी की प्रैक्टिस करता रहा. मुझे यक़ीन है कि अगर में आख़िरी ओवर की आख़िरी गेंद तक खेलूं तो मैच जितवा सकता हूँ. आपको बस शांत रहता है और जिन शॉट्स का अभ्यास किया है उन्हें लगाना है."
उन्होंने कहा, "पिछले साल मैंने दो-तीन मैचों में टीम को जीत के करीब पहुंचाया, लेकिन अंत में काम अधूरा छोड़ दिया. इसके बाद पूरे साल मैंने इसी बात पर ध्यान केंद्रित किया. मैं मैचों को फ़िनिश करने के सपने देखता रहा. घरेलू क्रिकेट में भी मैंने खेल खत्म करने पर ध्यान केंद्रित किया."
आशुतोष ने कहा कि अब वो बड़े मंच पर मैच खत्म करने में सक्षम हैं.
आशुतोष ने कहा, "आप जो शॉट खेल सकते हैं, उनके बारे में अपनी समझ साफ़ रखो. केवल वही शॉट खेलो जिनका आपने नेट्स में अभ्यास किया है."
उधर हार के बाद भी पंत बल्लेबाजी प्रदर्शन से संतुष्ट थे और उन्होंने कहा कि यह स्कोर काफ़ी था. उन्होंने मैच के बाद कहा कि उनकी हार में किस्मत का भी हाथ रहा.
बीबीसी के लिए कलेक्टिव न्यूज़रूम की ओर से प्रकाशित