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लाइव, विराट कोहली वन डे आईसीसी बल्लेबाज़ी रैंकिंग में शीर्ष पर पहुंचे

विराट कोहली ने आईसीसी पुरुष रैंकिंग के ताज़ा अपडेट में शीर्ष स्थान फिर हासिल कर लिया है.

सारांश

लाइव कवरेज

सुमंत सिंह, संदीप राय

  1. विराट कोहली वन डे आईसीसी बल्लेबाज़ी रैंकिंग में शीर्ष पर पहुंचे

    विराट कोहली ने आईसीसी पुरुष रैंकिंग के ताज़ा अपडेट में शीर्ष स्थान फिर हासिल कर लिया है.

    आईसीसी के मुताबिक़, यह उपलब्धि भारत की न्यूज़ीलैंड पर पहले वनडे में चार विकेट की जीत के बाद आई है.

    उस मैच में कोहली ने 91 गेंदों पर 93 रन की पारी खेली, जिससे भारत ने लक्ष्य का पीछा सफलतापूर्वक पूरा किया.

    इस पारी के साथ ही वह भारत के दिग्गज सचिन तेंदुलकर के और करीब पहुंचे और पुरुषों की अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे ज़्यादा रन बनाने वालों की सूची में दूसरे स्थान पर आ गए.

    ऑस्ट्रेलिया में हुई 50 ओवर की सीरीज़ के बाद से कोहली शानदार फ़ॉर्म में हैं. उनकी पिछली पांच पारियों में स्कोर रहे हैं 74 नाबाद, 135, 102, 65 नाबाद और 93.

    37 वर्षीय कोहली जुलाई 2021 के बाद पहली बार बल्लेबाज़ी रैंकिंग में शीर्ष पर लौटे हैं. वडोदरा में खेले गए इस मुकाबले में उनकी पारी की मदद से भारत ने न्यूज़ीलैंड के 300 रन के स्कोर को हासिल किया.

    कोहली ने पहली बार अक्तूबर 2013 में नंबर वन रैंक हासिल की थी. यह 11वीं बार है जब वह शीर्ष स्थान पर पहुंचे हैं. अब तक वह कुल 825 दिन नंबर वन रहे हैं, जो किसी भी खिलाड़ी में 10वां सबसे ज़्यादा है और भारतीय खिलाड़ियों में सबसे अधिक है.

  2. भारत ने अपने नागरिकों को ईरान से निकलने को कहा

    ईरान के मौजूदा हालात को देखते हुए तेहरान में भारतीय दूतावास ने भारतीय नागरिकों के लिए एडवाइज़री जारी की है.

    दूतावास ने कहा, "...हालात को देखते हुए ईरान में मौजूद भारतीय नागरिकों (छात्र, तीर्थयात्री, व्यवसायी और टूरिस्ट) को सलाह दी जाती है कि कमर्शियल फ़्लाइट समेत सभी उपलब्ध साधनों से ईरान छोड़ दें."

    इसके अलावा प्रदर्शन वाली जगहों से दूर रहने, ईरान में भारतीय दूतावास से संपर्क बनाए रखने और किसी भी तरह के घटनाक्रम पर नज़र बनाए रखने को कहा गया है.

    ईरान के साथ बढ़ती तनातनी के बीच अमेरिका पहले ही अपने नागरिकों से ईरान छोड़ने की एडवाइज़री जारी कर चुका है.

    एक दिन पहले कनाडा ने भी अपने नागरिकों से ईरान की यात्रा से बचने की सलाह जारी की थी.

    ईरान में बीते कुछ हफ़्तों से सरकार विरोधी प्रदर्शन हो रहे हैं. मानवाधिकार संगठनों के अनुसार इन प्रदर्शनों के दौरान सैकड़ों लोगों की मौत हुई है.

  3. थाईलैंड में ट्रेन हादसे में मरने वालों की संख्या बढ़कर 28 हुई

    थाईलैंड की राजधानी बैंकॉक में ट्रेन दुर्घटना में मरने वालों की संख्या बढ़कर 28 हो गई है.

    पुलिस के अनुसार, इस दुर्घटना में 64 लोग घायल हैं, जिनमें से सात की हालत गंभीर है.

    यह दुर्घटना तब घटी जब बुधवार सुबह चलती ट्रेन के एक डिब्बे पर निर्माण कार्य में इस्तेमाल होने वाली क्रेन गिर गई.

    ट्रेन के एक स्टाफ़ थिरासाक वांगसूनंगनर्न ने स्थानीय मीडिया आउटलेट थैराथ ऑनलाइन को बताया कि दुर्घटना के समय ट्रेन की रफ़्तार 120 किलोमीटर प्रति घंटे थी और जब क्रेन गिरी तो बाकी पैसेंजर समेत वो हवा में दूर जाकर गिरे.

    थाईलैंड और चीन के बीच रेलवे लिंक बनाया जा रहा है और चीन की सरकार ने कहा है कि हादसे वाले सेक्शन को एक थाई कंपनी बना रही थी.

    5.4 अरब डॉलर की लागत से हाई स्पीड रेल प्रोजेक्ट बनाया जा रहा है जो बैंकॉक को चीन के कुनमिंग से जोड़ेगा.

  4. हरियाणा: झज्जर गैंगरेप मामले में चार गिरफ़्तार, पुलिस ने क्या बताया?

    दिल्ली से सटे हरियाणा के बहादुरगढ़ गैंगरेप मामले में पुलिस ने चार अभियुक्तों को गिरफ़्तार कर लिया है.

    झज्जर पुलिस कमिश्नर डॉ. राजश्री सिंह ने बताया कि पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आठ घंटे में चार अभियुक्तों को किया गिरफ़्तार कर लिया, जबकि एक अभियुक्त की तलाश जारी है.

    राजश्री सिंह ने पत्रकारों को बताया कि 'लड़की अपने फूफा के साथ उत्तर प्रदेश से आई थी और सोमवार रात दो बजे वो लोग बस से उतरे. लड़की के फूफा बहादुरगढ़ में ही रहते हैं और उन्होंने अपने बेटे को कॉल करके उन्हें लेने आने को बोला था.'

    पुलिस कमिश्नर के मुताबिक़, ये लोग इस बीच मेट्रो स्टेशन की ओर जाने लगे, तभी कुछ लड़कों ने उनका पीछा किया.

    सूचना मिलने पर पुलिस ने लड़की के बयान के आधार पर एफ़आईआर दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी.

    पुलिस के अनुसार, पास ही लगे सीसीटीवी में क़ैद फुटेज के आधार पर चार लड़कों को गिरफ़्तार किया गया है जबकि एक की तलाश जारी है.

    पुलिस कमिश्नर राजश्री ने बताया कि घटना को अंजाम देने के बाद अभियुक्तों ने शराब ख़रीदी थी और कुछ पैसा पेटीएम से दिया था. पुलिस को इसी के सहारे उनका नंबर मिला था.

  5. ईरानी प्रदर्शनकारी इरफ़ान सुल्तानी को आज फांसी दिए जाने की आशंका

    ईरानी प्रदर्शनकारी इरफ़ान सुल्तानी के एक रिश्तेदार ने बीबीसी को बताया कि उन्हें आज (बुधवार को) फांसी दिए जाने की आशंका है.

    इरफ़ान सुल्तानी को पिछले हफ़्ते ईरान के अधिकारियों ने हिरासत में लिया था.

    रिपोर्ट्स के मुताबिक़, 26 साल के सुल्तानी को ईरान की राजधानी तेहरान के पास हुए प्रदर्शनों में कथित तौर पर शामिल होने के बाद मौत की सज़ा सुनाई गई है.

    एक रिश्तेदार ने बीबीसी फ़ारसी को बताया कि सुल्तानी को गुरुवार को गिरफ़्तार किया गया था. उसी दिन ईरान में प्रदर्शन अपने चरम पर पहुंचे थे.

    इससे पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर ईरान किसी भी प्रदर्शनकारी को फांसी की सज़ा देता है तो अमेरिका उसके ख़िलाफ़ 'बहुत कड़ी कार्रवाई' करेगा.

  6. अब तक बीबीसी संवाददाता सुमंत सिंह आप तक ख़बरें पहुंचा रहे थे.

    अब से रात 10 बजे तक बीबीसी संवाददाता संदीप राय आप तक अहम ख़बरें पहुंचाएंगे.

    बीबीसी न्यूज़ हिन्दी के पन्ने पर लगी कुछ अहम ख़बरें पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक्स पर क्लिक करें.

  7. पश्चिम बंगाल: दो नर्सों में निपाह वायरस के संक्रमण की पुष्टि, प्रभाकर मणि तिवारी, कोलकाता से बीबीसी हिन्दी के लिए

    पश्चिम बंगाल में बारासात स्थित एक निजी अस्पताल से जुड़ी एक महिला और एक पुरुष नर्स के निपाह वायरस से संक्रमित होने की पुष्टि हुई है.

    पुणे स्थित नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ़ वायरोलॉजी ने उनके नमूनों की जाँच में इसकी पुष्टि की है.

    इस बीच, बुधवार को दो अन्य संदिग्धों को भी जाँच के लिए कोलकाता में संक्रामक बीमारियों के अस्पताल लाया गया है. स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने इसकी जानकारी दी है.

    निपाह वायरस से पीड़ित एक महिला नर्स कोमा में चली गई है. जिस बारासात अस्पताल में उनका इलाज चल रहा है उसके एक डॉक्टर ने बताया, "पुरुष नर्स की हालत भी गंभीर है और उसे वेंटिलेटर पर रखा गया है."

    राज्य की मुख्य सचिव नंदिनी चक्रवर्ती ने पत्रकारों को बताया, "22 साल के पुरुष और 25 साल की महिला नर्स निजी वजहों से पूर्व बर्दवान गए थे. वे इसके अलावा राज्य से कहीं बाहर नहीं गए थे. दोनों बारासात के एक निजी अस्पताल में काम करते हैं और फिलहाल वहीं उनका इलाज चल रहा है."

    दूसरी ओर, सरकार ने एहतियाती क़दम उठाते हुए कोलकाता के बेलियाघाटा स्थित संक्रामक बीमारियों के अस्पताल में बिस्तरों की संख्या बढ़ा दी है. वहां एक विशेष आइसोलेशन वार्ड खोलने का भी फ़ैसला किया गया है.

    डॉक्टरों को संदेह है कि एक नर्स को नदिया ज़िले के कालीगंज में एक पारिवारिक आयोजन में शामिल होने के दौरान यह संक्रमण हुआ था. उसके साथ काम करने वाले दूसरे नर्स को भी उसी से संक्रमण फैला.

    स्वास्थ्य विभाग ने इन नर्सों के संपर्क में आने वाले क़रीब 120 लोगों की पहचान की है. उन सबको होम आइसोलेशन में रखा गया है. कालीगंज की परिस्थिति का जायजा लेने के लिए स्वास्थ्य विभाग की एक टीम बुधवार को दौरा करेगी.

    स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का कहना है कि अब तक 45 लोगों के नमूने कल्याणी स्थित एम्स में जाँच के लिए भेजे गए हैं. उनमें से पाँच की रिपोर्ट निगेटिव आई है.

    संक्रामक रोग विशेषज्ञ डॉ. जयदेव राय ने बताया, "निपाह वायरस का फिलहाल कोई इलाज नहीं है. फिलहाल परीक्षण के तौर पर दवाएं दी जा रही हैं. लेकिन वे अब तक ख़ास कारगर साबित नहीं हो सकी हैं."

    स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से नहीं डरने और बुखार, सिर दर्द, मांसपेशियों में दर्द, उलटी और गले में खराश जैसे संक्रमण के लक्षण नज़र आते ही चिकित्सीय सलाह लेने को कहा है.

    इससे पहले केरल में साल 2018, 2019 और 2021 में निपाह के संक्रमण की खबरें आई थीं.

  8. ब्रेकिंग न्यूज़, न्यूज़ीलैंड ने दूसरे वनडे मैच में जीता टॉस, पहले गेंदबाज़ी का फ़ैसला

    न्यूज़ीलैंड ने भारत के ख़िलाफ़ दूसरे वनडे मैच में टॉस जीतकर गेंदबाज़ी चुनी है.

    यह मैच राजकोट के सौराष्ट्र क्रिकेट स्टेडियम में हो रहा है.

    तीन वनडे मैचों की इस सिरीज़ में भारत 1-0 से आगे है. पहले वनडे मैच में भारत ने चार विकेट से जीत हासिल की थी.

    भारत की प्लेइंग इलेवन: शुभमन गिल (कप्तान), रोहित शर्मा, विराट कोहली, श्रेयस अय्यर (उपकप्तान), केएल राहुल (विकेटकीपर), रवींद्र जडेजा, नीतीश कुमार रेड्डी, हर्षित राणा, कुलदीप यादव, मोहम्मद सिराज, प्रसिद्ध कृष्णा.

    न्यूज़ीलैंड की प्लेइंग इलेवन: डेवोन कॉनवे, हेनरी निकलस, विल यंग, डेरेल मिचेल, ग्लेन फिलिप्स, मिचेल हे (विकेटकीपर), माइकल ब्रेसवेल (कप्तान), ज़ैकरी फ़ॉक्स, क्रिस्टियन क्लार्क, काइल जेमीसन, जेडेन लेनेक्स.

  9. हिमाचल प्रदेश: सोलन आग हादसे में जले हुए शवों के अवशेष मिले, अब तक 10 की मौत, सौरभ चौहान, हिमाचल प्रदेश से बीबीसी हिन्दी के लिए

    हिमाचल प्रदेश में सोलन ज़िले के अर्की बाज़ार में रविवार रात हुए भीषण आग हादसे के बाद तलाशी अभियान में बुधवार को सात और जले हुए शवों के अवशेष बरामद हुए.

    अब इस हादसे में मरने वालों की कुल संख्या बढ़कर 10 हो गई है. अधिकारियों ने बताया कि मृतकों में नौ नेपाली नागरिक और बिहार का एक आठ साल का बच्चा शामिल है.

    सोलन के उपायुक्त ने इस मामले में मजिस्ट्रेट स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं.

    सोलन के अतिरिक्त उपायुक्त राहुल जैन ने कहा, "आग इतनी भयानक थी कि अब तक कोई शव पूरी तरह से नहीं मिला है. केवल मानव अवशेष ही बरामद हो रहे हैं."

    सोमवार को दो अवशेष, मंगलवार को तीन और बुधवार को सात अवशेष मिले हैं. इन अवशेषों को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है, जहां डीएनए मिलान से पहचान की जाएगी. मृतकों के परिजनों के डीएनए सैंपल पहले ही ले लिए गए हैं.

    एनडीआरएफ़, एसडीआरएफ़, ज़िला प्रशासन, पुलिस, होम गार्ड्स और अग्निशमन विभाग की संयुक्त टीम ने मंगलवार सुबह अभियान शुरू किया. टीम ने मंगलवार सुबह 9:45 बजे पहला अवशेष ढूंढा, जबकि दोपहर 12:45 से 1:15 बजे के बीच और अवशेष बरामद हुए.

    ख़तरे वाली इमारतों की दीवारों को गिराकर मलबा हटाया गया है और बचे मलबे को पास के चौगान मैदान में स्थानांतरित किया गया है, जहां गुरुवार को फिर से तलाशी होगी.

    सोलन के पुलिस अधीक्षक गौरव सिंह ने बताया कि लापता लोगों में दो पुरुष, दो महिलाएँ और पाँच बच्चे शामिल हैं. सभी नेपाली मूल के हैं. उन्होंने कहा, "अवशेष इतने जले हुए हैं कि पहचान असंभव है, इसलिए फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी में डीएनए विश्लेषण कराया जा रहा है."

    पुलिस ने इमारत के मालिक राजीव गुप्ता के ख़िलाफ़ भारतीय न्याय संहिता की धारा 287 के तहत एफ़आईआर दर्ज की है, जिसमें आग या ज्वलनशील पदार्थों के प्रति लापरवाही का आरोप लगाया गया है. इसके अलावा, आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत भी कार्रवाई की जा रही है.

    अर्की के एसडीएम निशांत तोमर ने बताया कि इमारत के ग्राउंड और पहले फ्लोर पर व्यावसायिक गतिविधियां चल रही थीं, जबकि ऊपरी दो मंजिलों में नेपाल और बिहार से आए प्रवासी मजदूर किराए पर रह रहे थे.

  10. ब्रेकिंग न्यूज़, थाईलैंड में ट्रेन हादसा, कम से कम 22 की मौत

    थाईलैंड की राजधानी बैंकॉक में बुधवार सुबह चलती ट्रेन के एक डिब्बे पर निर्माण कार्य में इस्तेमाल होने वाली क्रेन गिर जाने से कम से कम 22 लोगों की मौत हुई है.

    स्थानीय पुलिस ने इन मौतों की पुष्टि की है.

    इसके अलावा हादसे में 79 लोग घायल हुए हैं, जिनमें से आठ की हालत गंभीर बताई जा रही है. हादसे में मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका जताई जा रही है.

    यह हादसा बैंकॉक के उत्तर में नाखोन रत्चासिमा प्रांत में हुआ. रेलवे के गवर्नर को इस हादसे के कारणों की "पूरी और व्यापक" जांच करने को कहा गया है.

    रेलवे ने बताया है कि ट्रेन में 195 यात्री और स्टाफ़ सदस्य सवार थे.

  11. ट्रंप की चेतावनी, ईरान अगर प्रदर्शनकारियों को फांसी देता है तो 'बहुत कड़ी कार्रवाई' होगी, टैबी विल्सन

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि अगर ईरान प्रदर्शनकारियों को फांसी की सज़ा देता है, तो अमेरिका उसके ख़िलाफ़ "बहुत कड़ी कार्रवाई" करेगा.

    पिछले हफ़्ते हिरासत में लिए गए 26 साल के इरफ़ान सुल्तानी के रिश्तेदारों ने बीबीसी फ़ारसी को बताया कि उन्हें बुधवार को फांसी दी जानी है.

    हेंगॉ ऑर्गनाइज़ेशन फ़ॉर ह्यूमन राइट्स के एक प्रतिनिधि ने भी बीबीसी को बताया कि उन्होंने "कभी किसी मामले को इतनी तेज़ी से आगे बढ़ते नहीं देखा".

    बीबीसी के अमेरिकी सहयोगी सीबीएस न्यूज़ से बात करते हुए ट्रंप ने संभावित फांसी की सज़ाओं को लेकर कहा, "अगर वे उन्हें फांसी देते हैं, तो आप कुछ चीज़ें देखेंगे... अगर वे ऐसा करते हैं, तो हम बहुत कड़ी कार्रवाई करेंगे."

    सोलतानी के रिश्तेदार ने बीबीसी फ़ारसी को बताया कि एक ईरानी अदालत ने "बेहद तेज़ प्रक्रिया में, महज़ दो दिनों के भीतर" मौत की सज़ा सुना दी.

    हेंगॉ के प्रतिनिधि अवयार शेख़ी ने कहा कि यह मामला दिखाता है कि ईरानी सरकार "लोगों को दबाने और डर फैलाने के लिए उन्हें जितनी तरकीबें आती हैं, सबका इस्तेमाल कर रही है".

    ईरान में बीते 28 दिसंबर से विरोध प्रदर्शन जारी हैं. मानवाधिकार संगठनों ने इस प्रदर्शनों में हज़ारों लोगों के मारे जाने का दावा किया है.

  12. जयशंकर और रुबियो ने फ़ोन कॉल पर की बात, इन मुद्दों पर हुई चर्चा

    विदेश मंत्री एस जयशंकर और अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो के बीच फ़ोन पर बातचीत हुई है. इसकी जानकारी ख़ुद एस जयशंकर ने दी है.

    मंगलवार को हुई बातचीत के बारे में जयशंकर ने बताया, "सेक्रेटरी मार्को रुबियो के साथ एक अच्छी बातचीत हुई. हमारे बीच व्यापार, क्रिटिकल मिनरल्स, परमाणु सहयोग, रक्षा और ऊर्जा को लेकर चर्चा हुई."

    एस जयशंकर ने कहा कि उनके और अमेरिकी विदेश मंत्री के बीच इन मुद्दों के साथ-साथ अन्य मुद्दों को लेकर भी संपर्क में बने रहने पर सहमति बनी है.

    वहीं, अमेरिका की ओर से इस बातचीत की जानकारी भारत में अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने दी.

    उन्होंने बताया, "सेक्रेटरी रुबियो और डॉ जयशंकर के बीच एक सकारात्मक बातचीत हुई. दोनों ने द्विपक्षीय व्यापार वार्ता, क्रिटिकल मिनरल्स और अगले महीने संभावित बैठक के मुद्दे पर भविष्य के कदमों को लेकर चर्चा की."

    इससे पहले मंगलवार को 'क्रिटिकल मिनरल्स' के मुद्दे पर अमेरिका में बैठक हुई. इस बैठक में भारत की ओर से केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव शामिल हुए.

    इस बैठक के बारे में उन्होंने बताया, "कई देशों ने अपने अनुभवों को साझा किया. सप्लाई चेन के लिए वे लोग क्या कदम उठा रहे हैं और पर्यावरण के नज़रिए से क्रिटिकल मिनरल्स को कैसे रीसायकल करके ज़्यादा इस्तेमाल में लाया जा सके, इसकी गुणवत्ता पर कैसे फ़ोकस हो सहित कई विषयों पर चर्चा हुई. बैठक सकारात्मक थी."

  13. अमेरिका ने ईरान में रह रहे अपने नागरिकों के लिए फिर जारी की एडवाइज़री

    अमेरिका ने ईरान में रह रहे अपने नागरिकों के लिए फिर से एडवाइज़री जारी कर 'तुरंत ईरान छोड़ने' को कहा है.

    इससे एक दिन पहले भी अमेरिका ने अपने नागरिकों को 'तुरंत ईरान छोड़ने' के लिए कहा था.

    नई एडवाइज़री में कहा गया, "अमेरिकी नागरिकों को तुरंत ईरान छोड़ देना चाहिए. अगर सुरक्षित लगे तो ज़मीन के रास्ते तुर्की या आर्मेनिया जाने पर विचार करें."

    बीते 28 दिसंबर से ईरान में विरोध प्रदर्शन जारी हैं. इस प्रदर्शनों में हज़ारों लोगों के मारे जाने की आशंका है.

    मौतों को लेकर अलग-अलग रिपोर्ट्स में अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं.

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  14. ग्रीनलैंड के प्रधानमंत्री बोले- अमेरिका की बजाय डेनमार्क को चुनेंगे, पॉलिन कोला

    ग्रीनलैंड के प्रधानमंत्री जेंस फ़्रेडरिक नीलसन ने कहा है कि अगर उनके लोगों को 'अभी' चुनने के लिए कहा जाए तो वे अमेरिका की बजाय डेनमार्क को चुनेंगे.

    डेनमार्क की प्रधानमंत्री मेटे फ़्रेडरिक्सन के साथ संयुक्त प्रेस कॉन्फ़्रेंस में जेंस फ़्रेडरिक नीलसन के इस बयान को अब तक की सबसे कड़ी प्रतिक्रिया माना जा रहा है.

    यह बयान ऐसे समय पर आया है जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ग्रीनलैंड को अपने साथ मिलाने की योजना को फिर से सामने रखा है.

    ट्रंप का कहना है कि रूस और चीन से बचाव के लिए अमेरिका का ग्रीनलैंड पर 'मालिकाना हक़' ज़रूरी है. व्हाइट हाउस ने द्वीप को ख़रीदने का सुझाव दिया है, लेकिन इसे अपने साथ मिलाने के लिए बल प्रयोग की संभावना से भी इनकार नहीं किया है.

    मंगलवार को बाद में जब ट्रंप से नीलसन की इस टिप्पणी पर सवाल पूछा गया, तो उन्होंने कहा, "यह उनकी समस्या है, मैं उनसे सहमत नहीं हूं... उनके लिए यह एक बड़ी समस्या बनने वाली है."

    ग्रीनलैंड, डेनमार्क के अर्ध-स्वायत्त वाला क्षेत्र है. उसकी ख़ुद की सरकार है.

    वहीं, डेनमार्क नेटो का सदस्य देश है और उसकी प्रधानमंत्री मेटे फ़्रेडरिक्सन ने चेतावनी दी है कि सैन्य बल का इस्तेमाल ट्रांस-अटलांटिक रक्षा गठबंधन के अंत का संकेत होगा.

    नॉर्थ अमेरिका और आर्कटिक के बीच स्थित ग्रीनलैंड की भौगोलिक स्थिति उसे मिसाइल हमलों की स्थिति में शुरुआती चेतावनी प्रणालियों के लिए अहम बनाती है और इस क्षेत्र में जहाज़ों की निगरानी के लिहाज़ से भी उसे महत्वपूर्ण माना जाता है.

  15. ईरान में प्रदर्शनकारियों की मौत को लेकर अलग-अलग दावे

    बीबीसी फ़ारसी सेवा के मुताबिक़, ईरान से आ रहीं रिपोर्ट्स से संकेत मिल रहे हैं देश में प्रदर्शनकारियों के ख़िलाफ़ 'अभूतपूर्व हिंसा' हुई है.

    ख़ासकर, बीते हफ़्ते गुरुवार को इंटरनेट और टेलीफ़ोन सेवाएं बंद होने के बाद हिंसा में बढ़ोतरी हुई है.

    समाचार एजेंसी रॉयटर्स और मानवाधिकार संगठनों ने मृतकों की संख्या दो हज़ार से पाँच हज़ार के बीच बताई है. हालांकि, ईरान से ताज़ा रिपोर्ट्स आने के बाद यह आँकड़ा बढ़ गया है.

    बीबीसी के अमेरिकी सहयोगी सीबीएस ने ईरान के अंदर और बाहर के सूत्रों का हवाला देते हुए मृतकों की संख्या लगभग 12 हज़ार बताई है. साथ ही सीबीएस ने यह भी स्पष्ट किया है कि यह आँकड़ा 20 हज़ार तक पहुँच सकता है.

    एक्सिओस न्यूज़ वेबसाइट का कहना है कि इसराइली ख़ुफ़िया सूत्रों ने मृतकों की संख्या लगभग पाँच हज़ार बताई है.

    हाल ही में ईरान छोड़ने वाले या स्टारलिंक के माध्यम से इंटरनेट से जुड़ने वाले लोगों ने बीबीसी को बताया है कि अस्पतालों और मुर्दाघरों में बड़ी संख्या में मृत और घायल लोगों को देखा है.

    ईरान में इंटरनेट और टेलीफ़ोन सेवाएं बंद होने के कारण विरोध प्रदर्शनों में मारे गए लोगों की संख्या का आकलन करने और अन्य जानकारी जुटाने में कठिनाई हो रही है.

  16. ईरान में इंटरनेट शटडाउन के बीच मस्क की कंपनी स्टारलिंक ने शुरू की मुफ़्त सेवा

    बीबीसी फ़ारसी सेवा के मुताबिक़, एलन मस्क की कंपनी स्टारलिंक ने ईरान में रह रहे लोगों के लिए सैटेलाइट इंटरनेट सेवाएं मुफ़्त कर दी हैं.

    ईरान में जारी विरोध प्रदर्शनों की वजह से पिछले कुछ दिनों से देश में इंटरनेट सेवाएं बंद हैं. इस दौरान ईरान में रहने वालों के लिए स्टारलिंक बाहरी दुनिया से संवाद करने के कुछ गिने-चुने तरीक़ों में से एक रहा है.

    एक अनुमान के मुताबिक़ ईरान में कम से कम 50 हज़ार स्टारलिंक रिसीवर हैं, हालांकि यह स्पष्ट नहीं है कि उनमें से कितने सक्रिय हैं.

    ईरान में स्टारलिंक के इस्तेमाल को अपराध घोषित कर दिया गया है. हाल के दिनों में ऐसी रिपोर्ट्स सामने आई हैं कि ईरानी सरकार के एजेंट स्टारलिंक रिसीवर के मालिकों पर कार्रवाई कर रहे हैं.

    ईरान में स्टारलिंक के इंटरनेट का इस्तेमाल करने के लिए एक एंटीना सहित एक रिसीविंग डिवाइस की ज़रूरत होती है.

  17. ट्रंप ने ईरान को चेतावनी देते हुए उसके परमाणु ठिकानों को लेकर क्या कहा

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को चेतावनी देते हुए कहा है कि उन्हें 'सही से पेश आना चाहिए'.

    ट्रंप से मंगलवार को जब एक पत्रकार ने सवाल किया कि 'ईरान का कहना है कि अगर अमेरिका उन पर हमला करता है तो वह इसका जवाब देंगे?'

    इस पर ट्रंप ने कहा, "हाँ, ईरान ने पिछली बार भी यही कहा था. तब मैंने उनके परमाणु ठिकानों को उड़ा दिया था, जो कि अब उनके पास नहीं है. इसलिए उन्हें सही से पेश आना चाहिए."

    अमेरिकी राष्ट्रपति ने ईरान में चल रहे विरोध प्रदर्शनों और वहाँ के लोगों को लेकर भी बयान दिया है. उन्होंने यह भी कहा कि वह ईरान में लोकतंत्र देखना चाहते हैं.

    ट्रंप ने कहा, "हम नहीं चाहते कि लोगों की हत्याएं हों. हम उनके लिए आज़ादी चाहते हैं. वे लोग लंबे समय से नरक में जी रहे हैं."

    उन्होंने आगे कहा, "मेरे कुछ दोस्त वहाँ पहले निवेश किया करते थे और उन्होंने अपने निवेश से अच्छा मुनाफ़ा भी कमाया. वह एक बेहतरीन जगह थी. वहाँ के लोग अच्छे थे. यहाँ तक कि लीडरशिप भी अच्छी थी. लेकिन अब वहाँ नरक में रहने जैसा है."

    ईरान में बीते 28 दिसंबर से लगातार विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं. ये प्रदर्शन देश में महंगाई और बिगड़ती अर्थव्यवस्था के मुद्दे पर शुरू हुए थे, जो कि अब हिंसक हो चुके हैं.

    मानवाधिकार संगठनों ने दावा किया है कि इन प्रदर्शनों में अब तक हज़ारों लोगों की मौत हुई है.

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  18. नमस्कार!

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