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मेहनत का फल मिला, ख़ुश हूँ: कुंबले | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
अनिल कुंबले साइमंड्स का विकेट चटकाकर दुनिया के तीसरे गेंदबाज़ बन गए हैं जिसने टेस्ट क्रिकेट में 600 विकेट का आँकड़ा पार किया है. पर्थ टेस्ट में मिली इस कामयाबी के बाद वे सिर्फ़ शेन वॉर्न और मुथैया मुरलीधरन से पीछे हैं. वे भारत के पहले गेंदबाज़ हैं जिन्होंने 600 से अधिक विकेट हासिल किए हैं. पर्थ में खेल पत्रकार सुनंदन लेले ने अनिल कुंबले से ख़ास बातचीत की. क्या आपने कभी सोचा था कि आप टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में सबसे अधिक विकेट हासिल करने वाले खिलाड़ियों की शीर्ष सूची में शामिल हो जाएँगे? मैंने पहले कभी नहीं सोचा था कि इस मुकाम तक पहुँचूँगा. जब शुरूआत की थी तब इतना सब सोचा नहीं था. मुझे बहुत ख़ुशी हो रही है कि मैंने छह सौ विकेट लिए हैं, जब भी पलटकर देखूँगा तो अच्छा लगेगा. इतना साल खेला, इंडिया के लिए इतने मैच खेले तो बहुत अच्छा लग रहा है कि ये उपलब्धि मिली है. कुछ लोग कुदरती तौर पर अच्छे होते हैं, कुछ लोग मेहनत करके अच्छे बन जाते हैं, कुछ लोगों पर दोनों बातें लागू होती हैं, आप ख़ुद को किस तरह देखते हैं? कड़ी मेहनत की बहुत ज़रूरत होती है, मैं बहुत हार्डवर्क किया है. इस दौरान अपना जीवन क्रिकेट में लगा दिया है. मेरी कड़ी मेहनत का फल मुझे मिला है और मैं बहुत ख़ुश हूँ. ऐसे मौक़ों पर आपको उन लोगों की भी याद आती है जो आपके पीछे खड़े हैं, आपके साथी खिलाड़ी और आपका परिवार. इस सफलता में किसका योगदान देखते हैं आप? बहुत ज्यादा योगदान रहा है लोगों का, और वह मुझे बहुत अहम लगता है, शुरूआत में मेरी माँ-पिताजी और भाई ने मुझे बचपन से प्रोत्साहित किया, सपोर्ट दिया. बाद में मेरी बीवी और बच्चे सब मेरे साथ रहे. अब भी उनका सहयोग मेरे लिए बहुत मायने रखता है. क्या आपको लगता है कि यह एक मुकाम आपने हासिल कर लिया, अब इसके बाद भी कोई मंज़िल बाक़ी है, आगे कुछ और है जो इससे भी मज़ेदार है. हाँ, बिल्कुल लगता है. अगर ऐसा नहीं लगे तो प्रेरणा समाप्त हो जाएगी. मैं समझता हूँ कि मेरे लिए और टीम इंडिया के लिए भी बहुत कुछ मज़ेदार होना बाक़ी है. | इससे जुड़ी ख़बरें कुंबले की अस्वस्थता बड़ा झटका: द्रविड़22 मई, 2007 | खेल की दुनिया वर्ल्ड कप के बाद रिटायर होंगे कुंबले?25 फ़रवरी, 2007 | खेल की दुनिया रैंकिंग में कुंबले पाँचवें स्थान पर पहुँचे22 दिसंबर, 2006 | खेल की दुनिया कई दिग्गजों ने लिया संन्यास29 अप्रैल, 2007 | खेल की दुनिया भारत की सबसे बड़ी टेस्ट जीत27 मई, 2007 | खेल की दुनिया विश्व कप क्रिकेट के कुछ रिकॉर्ड04 मार्च, 2007 | खेल की दुनिया | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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