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'कोई भी टीम जीत सकती है ट्रॉफ़ी' | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर का बल्ला फिर पहले की तरह रन उगलने लगा है. कंधे की चोट के चलते लंबे समय तक क्रिकेट से दूर रहे सचिन ने मलेशिया में डीएलएफ कप में शानदार वापसी करके अपने आलोचकों का मुँह बंद कर दिया है. सचिन का कहना है कि कुछ बल्लेबाज़ों का ख़राब फॉर्म ज़्यादा चिंता की बात नहीं है और निश्चित रूप से भारत का प्रदर्शन चैम्पियंस ट्रॉफी में अच्छा रहेगा. सचिन तेंदुलकर से जयपुर में बीबीसी के मानक गुप्ता ने एक विशेष बातचीत की. मलेशिया में टीम इंडिया के ख़राब प्रदर्शन के बाद अब चैम्पियंस ट्रॉफ़ी में क्या उम्मीदें हैं? मलेशिया में इतना अच्छा प्रदर्शन नहीं हुआ, इसका मतलब यह नहीं है कि यहाँ भी अच्छा नहीं होगा. ये अलग टूर्नामेंट है और हम अलग रणनीति से इस टूर्नामेंट में उतरेंगे. मैं इस टूर्नामेंट को लेकर बहुत आशान्वित हूँ. पर क्या तब चिंता होती है, जब बाकी बल्लेबाज आउट ऑफ़ फार्म में होते हैं और लगता है कि आप पर ज़्यादा दबाव है. क्या वाकई आप दबाव महसूस करते हैं? नहीं, टीम में सभी बल्लेबाज़ तो अच्छे फॉर्म में नहीं रहने वाले. जो अच्छे फॉर्म में हैं वे दूसरे बल्लेबाज़ों के लिए चीजें आसान कर देते हैं. गेंदबाज़ी में भी कभी-कभी ऐसा होता है कि ऑफ़ फॉर्म स्ट्राइक गेंदबाज़ को सहयोगी गेंदबाज़ की भूमिका निभानी पड़ती है. टीम में एडजस्टमेंट होना ज़रूरी है. चैंपियंस ट्रॉफी जैसे टूर्नामेंट में जो भी टीम उन 15-20 दिनों में अच्छा खेले, वो जीत जाती है और कंसिस्टेंसी मैटर नहीं करती? जीतने के लिए 15 दिन आपको नियमित रूप से अच्छा खेलना होता है. एक ही दिन आपको खराब मिल जाए तो आप टूर्नामेंट से बाहर हो जाते हैं. कुल मिलाकर जीतने के लिए आपको अच्छा खेलना ही होगा. मसलन, जैसे ऑस्ट्रेलिया अब तक चैम्पियंस ट्रॉफी नहीं जीत सका है? यही इस टूर्नामेंट की ख़ासियत है. विश्व कप से पहले बेहद अहम टूर्नामेंट है, जिसमें दुनिया की सभी प्रमुख टीमें खेल रही हैं. टूर्नामेंट में लोगों को उनकी योजना और रणनीति देखने को मिलेगी. चैम्पियंस ट्रॉफी अपने घर में खेल रहे हैं, क्या इसका फ़ायदा मिलेगा? ज़रूर मिलेगा. कौन-कौन टीमें खिताब की दावेदार हैं? कोई भी जीत सकता है. सभी आठों टीमें अच्छी हैं और ट्रॉफी जीत सकती हैं. किसी खास दिन वे किसी भी टीम को हरा सकती हैं. | इससे जुड़ी ख़बरें पूरी तरह फ़िट हैं मास्टर ब्लास्टर18 जुलाई, 2006 | खेल 'सचिन के लिए कोई लक्ष्मण रेखा नहीं'05 अगस्त, 2006 | खेल सचिन पूरी तरह फ़िट हैं - ग्लोस्टर08 अगस्त, 2006 | खेल सचिन पारी की शुरूआत के लिए फ़िट13 सितंबर, 2006 | खेल 'रनों के साथ जीत भी होती तो अच्छा था'14 सितंबर, 2006 | खेल इंडिया ब्लू ने 266 रनों से मैच जीता02 अक्तूबर, 2006 | खेल फ़ाइनल में इंडिया ब्लू और रेड की भिड़ंत03 अक्तूबर, 2006 | खेल सचिन ने प्रयोग की नीति का बचाव किया08 अक्तूबर, 2006 | खेल | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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