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भारत-पाक टेस्ट मैच दूरदर्शन पर नहीं | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
प्रसार भारती ने सुप्रीम कोर्ट में कहा है कि दूरदर्शन भारत और पाकिस्तान के बीच होने वाले तीनों टेस्ट मैचों का सीधा प्रसारण नहीं करना चाहता. प्रसार भारती की ओर से सॉलिसिटर जनरल जीई वाहनवती ने कहा है कि दूरदर्शन 13 जनवरी से दो फ़रवरी के बीच होने वाले तीन टेस्ट मैचों के दौरान हर रोज़ 90 मिनटों के मुख्य अंशों का प्रसारण करेगा. इन मैचों के सीधे प्रसारण का अधिकार दुबई की कंपनी टेन स्पोर्ट्स के पास है. प्रसार भारती ने कहा है कि वह टेन स्पोर्ट्स की शर्तों पर सीधा प्रसारण करने की स्थिति में नहीं है. प्रसार भारती एक स्वायत्त संस्था है जिसका दूरदर्शन और आकाशवाणी पर नियंत्रण है. उल्लेखनीय है कि टेन स्पोर्ट्स ने शर्त रखी थी कि यदि दूरदर्शन मैच का प्रसारण उनके विज्ञापनों सहित करने को तैयार हो तो वह दूरदर्शन को सिग्नल देने को तैयार है. भारत-पाकिस्तान के बीच होने वाले एक दिवसीय मैचों को लेकर दूरदर्शन और टेन स्पोर्ट्स के बीच फ़िलहाल कोई समझौता नहीं हुआ है. न्यायमूर्ति अशोक भान और न्यायमूर्ति तरुण चटर्जी की अदालत में इस मामले की सुनवाई हुई. अदालत ने कहा है कि एक दिवसीय मैचों के मामले में सुनवाई बाद में की जाएगी. विवाद मैचों के प्रसारण को लेकर विवाद भारत सरकार के डाउनलिंकिंग की शर्तों को लेकर शुरु हुआ. इन शर्तों में कहा गया था कि दुनिया की किसी भी कंपनी को भारत में प्रसारण का अधिकार तभी होगा जब वह भारत से जुड़े किसी भी मैच के सिग्नल सरकारी टेलीविज़न कंपनी दूरदर्शन को भी देगा. इन शर्तों पर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद ने आपत्ति जताई थी और टेन स्पोर्ट्स की ओर से इन शर्तों की वैधानिकता को बम्बई हाईकोर्ट में चुनौती दी गई थी. जैसा कि सॉलिसिटर जनरल जीई वाहनवती ने सुप्रीम कोर्ट में कहा, प्रसार भारती ने बम्बई हाईकोर्ट में पहले ही कह दिया है कि वो टेन स्पोर्ट्स की ओर से दिए जा रहे 90 मिनटों के मुख्य अंश के प्रस्ताव को स्वीकार कर रहा है. प्रसार भारती ने यह भी कहा है कि वह टेन स्पोर्ट्स पर डाउनलिंकिंग की शर्तें मानने की बाध्यता भी नहीं रख रहा है. बम्बई हाईकोर्ट ने टेन स्पोर्ट्स की याचिका सुनवाई के लिए स्वीकार कर ली थी लेकिन टेन स्पोर्ट्स को कोई राहत देने से इंकार कर दिया था. इसके बाद टेन स्पोर्ट्स ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाज़ा खटखटाया था. | इससे जुड़ी ख़बरें प्रसार भारती की स्वायत्तता बढ़ाई जाएगी06 जून, 2004 | भारत और पड़ोस दूरदर्शन को सिग्नल देने के आदेश17 मार्च, 2004 | भारत और पड़ोस प्रसारण अधिकारों को लेकर विवाद06 सितंबर, 2004 | खेल खेल क्रिकेट का या पैसे का07 मार्च, 2004 | खेल | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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