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चलने-फिरने को तैयार है स्पिरिट
अमरीकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा के वैज्ञानिकों ने कहा है कि मंगल ग्रह की सतह पर मौजूद रोबो यान स्पिरिट को उसके छह पहियों पर खड़ा करने की प्रक्रिया सफलतापूर्वक पूरी कर ली गई है. वैज्ञानिकों के अनुसार स्पिरिट अब कुछ ही दिनों में मंगल की सतह पर घूमने-फिरने को तैयार है. हालाँकि अब भी ये चिंता व्यक्त की जा रही है कि रोबो यान को सतह पर सुरक्षित उतारने के लिए इस्तेमाल किए गए एयरबैग उसकी राह में अवरोध बन सकते हैं. इसलिए वैज्ञानिकों ने मार्स रोवर मिशन के नियंत्रण कक्ष से स्पिरिट को 120 डिग्री घुमाने के लिए निर्देश देने की योजना बना रहे हैं ताकि उसे किसी रुकावट का सामना नहीं करना पड़े. रोबो यान के पहियों को काम करने की स्थिति में लाए जाने और उसे खड़ा करने को एक बड़ी सफलता माना जा रहा है.
इस संबंध में जारी प्रक्रिया के दौरान पसाडेना स्थित नासा नियंत्रण कक्ष में तनाव की स्थिति थी. प्रभारी इंजीनियर क्रिस वूरहीस ने कहा, "यह किसी भी रोबो यान पर किए सबसे जटिल प्रयोगों में से एक था." उन्होंने कहा, "हमने स्पिरिट को एक आरामदायक स्थिति में ला छोड़ा है. वह इस समय अपने छहों पहियों पर निद्रा अवस्था में है." एयरबैग से रुकावट की आशंका को देखते हुए ही रोबो यान को पहले से तय रास्ते पर नहीं चला कर उसे 120 डिग्री पर घुमाने की योजना बनाई जा रही है. सब कुछ ठीक रहा तो बुधवार को स्पिरिट को चलाया जा सकेगा. |
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