सेक्स से ज़्यादा है फेसबुक की 'चाह'

सोशल मीडिया आसानी से उपलब्ध हो रहा है.
इमेज कैप्शन, सोशल मीडिया आसानी से उपलब्ध हो रहा है.

जर्मनी में एक शोध में कहा गया है कि सेक्स से ज्यादा प्रबल चाह फेसबुक या ट्विटर जैसी मीडिया का इस्तेमाल करने की होती है.

ये शोध मनोवैज्ञानिक मामलों के जर्नल 'साइकोलॉजिकल साइंस' में छपा है.

शोध में 205 पुरुष और महिलाओं का सर्वेक्षण किया गया. इनमें से ज्यादातर लोग कॉलेज जाने वाले छात्र और छात्राएं थे.

शोध में स्मार्टफोन का सहारा लिया गया और इन लोगों के रोज़ाना ख्वाहिशों को जांचा गया.

एक हफ्ते तक हर रोज़ सात बार इनका फोन बजता था.

फोन पर उन्हें एक छोटे सर्वेक्षण में हिस्सा लेना होता था जिसमें पूछा जाता था कि उन्हें किन चीज़ों की लालसा हो रही है और वो उन्हें पाने की ललक को कितना रोक पाते हैं.

ज्यादा सहज

शोध में पाया गया कि वैसे तो सेक्स की चाह बहुत तेज़ होती थी लेकिन वो उनपर काबू पाकर ईमेल, या सोशल मीडिया का इस्तेमाल करने की ज्यादा चाहत रखते थे.

शोधकर्ताओं का कहना है कि फेसबुक, ट्विटर या इमेल जैसे मीडिया के इस्तेमाल करने की चाह को रोक पाना ज्यादा कठिन होता है क्योंकि ये चीज़ें ज्यादा आसानी से उपलब्ध होती हैं.

साथ ही ईमेल चेक करना या फेसबुक पर अपडेट करना सेक्स करने से ज्यादा आसान और सहज होता है इसलिए भी उनकी चाह ज्यादा प्रबल होती है.

दक्षिणी कैलिफोर्निया यूनिवर्सिटी के कैरेन नौर्थ भी इस शोध से जुड़े थे. उन्होंने कहा, "सेक्स की चाह ज्यादा प्रबल हो सकती है लेकिन वो बहुत कुछ मौके पर भी निर्भर करता है. आज हम अपने एसएमएस लगभग हर दो मिनट में देख रहे हैं, लोग लगातार अपने फोन चेक करते रहते हैं और वो रूक ही नहीं सकते हैं. "