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'पाक अविश्वास का माहौल ख़त्म करे' | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारत ने पाकिस्तान से कहा है कि शांति वार्ता शुरु करने के लिए उसे अविश्वास के माहौल को बदलना होगा और मुंबई हमलों के मामले में कार्रवाई करनी होगी. भारत के विदेश राज्य मंत्री आनंद शर्मा ने शुक्रवार को लखनऊ में पत्रकारों से कहा कि मुंबई हमलों के सिलसिले में पाकिस्तान को 'अकाट्य' सबूत दिए गए हैं. उनका कहना था, "पाकिस्तान को पहले ऐसे क़दम उठाने चाहिए जिनसे विश्वास फिर पैदा हो सके और शांति प्रक्रिया शुरु करने के लिए माहौल बन सके." आनंद शर्मा ने कहा कि मुंबई हमलों की जाँच के सिलसिले में पाकिस्तान को दोहरी बातें कर भ्रम फैलाने से बचना चाहिए. उन्होंने कहा कि पाकिस्तान को अंतरराष्ट्रीय बिरादरी के समक्ष जताई गई प्रतिबद्धताओं को पूरा करना चाहिए. ये पूछे जाने पर कि क्या मुंबई हमलों की पाकिस्तान में जारी जाँच से वे संतुष्ट हैं, उनका कहना था, "पाकिस्तान को अकाट्य सबूत दिए गए हैं जिनसे स्पष्ट है कि जो संगठन इसके पीछे था वो पाकिस्तान में स्थित है और उसे इन पर कार्रवाई करनी होगी." विदेश राज्य मंत्री ने कहा, "सिर्फ़ एक समाधान है. आतंकवादी गतिविधियों में लिप्त संगठनों को ख़त्म किया जाए, ऐसी गतिविधियों के लिए ज़िम्मेदार लोगों को सज़ा दी जाए और ये ज़िम्मेदारी पाकिस्तान सरकार की है." उनके बयान से पहले रक्षा मंत्री एके एंटनी ने कहा था कि मुंबई हमलों के लिए हमलावर कराची से ही समुद्र के रास्ते आए थे. ग़ौरतलब है कि पाकिस्तान के नौसेना प्रमुख ने शुक्रवार को कहा था कि इस बात के सबूत नहीं हैं कि मुंबई हमलों के दौरान गिरफ़्तार मोहम्मद अजमल कसाब कराची से मुंबई पहुँचा था. | इससे जुड़ी ख़बरें 'मुंबई हमलावर समुद्र के रास्ते ही आए'28 फ़रवरी, 2009 | भारत और पड़ोस 'पाक समुद्री रास्ते से नहीं गया कसाब'27 फ़रवरी, 2009 | भारत और पड़ोस मुंबई हमलों के मामले में आरोपपत्र25 फ़रवरी, 2009 | भारत और पड़ोस मुंबई हमलों के मामले में आरोप पत्र25 फ़रवरी, 2009 | भारत और पड़ोस मुंबई हमलों पर चार्जशीट होगी दायर24 फ़रवरी, 2009 | भारत और पड़ोस कसाब को पाकिस्तान के सुपुर्द करें: क़ुरैशी17 फ़रवरी, 2009 | भारत और पड़ोस कसाब की हिरासत फिर बढ़ाई गई02 फ़रवरी, 2009 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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