BBCHindi.com
अँग्रेज़ी- दक्षिण एशिया
उर्दू
बंगाली
नेपाली
तमिल
शुक्रवार, 29 अगस्त, 2008 को 14:19 GMT तक के समाचार
मित्र को भेजेंकहानी छापें
सिंगुर से टाटा मोटर्स ने हटाए कर्मचारी
सिंगुर स्थित नैनो के प्लांट में शुक्रवार को कोई काम नहीं हुआ
पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस के आंदोलन की वजह से टाटा मोटर्स ने सिंगुर से अपने कर्मचारियों को हटा लिया है.

टाटा मोटर्स के एक अधिकारी ने समाचार एजेंसी पीटीआई को बताया कि टाटा मोटर्स के लगभग 800 इंजीनियर, कर्मचारी और अधिकारी शुक्रवार को काम पर नहीं गए, इसके अलावा निर्माण कार्य में लगे 500 मज़दूरों ने भी आज काम नहीं किया.

जब टाटा मोटर्स के अधिकारी से पूछा गया कि क्या यह दुनिया की सबसे सस्ती कार नैनो बनाने की परियोजना को सिंगुर से हटाने की तैयारी के तहत हुआ है, तो उनका जवाब था कि ऐसा कुछ तय नहीं किया गया है लेकिन कर्मचारियों की सुरक्षा सर्वोपरि है और वहाँ तनाव काफ़ी अधिक है".

टाटा समूह के चेयरमैन रतन टाटा पहले ही धमकी दे चुके हैं कि अगर सिंगुर में हिंसा और तनाव का माहौल जारी रहा तो वे नैनो परियोजना को कहीं और ले जाएँगे.

इस पर बश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री बुद्धदेव भट्टाचार्य ने कहा था कि वे किसी भी हालत में नहीं चाहते कि टाटा समूह की यह परियोजना राज्य से बाहर चली जाए.

तृणमूल कांग्रेस ने आश्वासन दिया था कि उसका विरोध प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहेगा, लेकिन अनेक लोगों ने डराए धमकाए जाने की शिकायत की है.

टाटा समूह के एक अधिकारी ने अपना नाम ज़ाहिर न करने की शर्त पर कहा, "कंपनी के कर्मचारियों और इंजीनियरों की सुरक्षा को ख़तरा था इसलिए टाटा प्रबंधन ने गुरूवार देर शाम उन्हें सिंगुर से हटा लेने का फ़ैसला किया है."

टाटा मोटर्स के प्रवक्ता ने कोलकाता से फ़ोन पर बताया, "सारे कर्मचारी और ठेके वाले मज़दूर वहाँ से हटा लिए गए हैं, कंपनी ने सोच-समझकर फ़ैसला किया है कि शुक्रवार को वहाँ बिल्कुल काम नहीं होगा."

जानकारों का कहना है कि टाटा समूह पश्चिम बंगाल सरकार, तृणमूल कांग्रेस और अन्य लोगों को एहसास दिलाना चाहता है कि अगर स्थिति में सुधार नहीं हुआ तो वह सिंगुर से अपना कारखाना सचमुच हटा सकता है.

टाटा मोटर्स को नैनो बनाने के लिए प्लांट लगाने का निमंत्रण उत्तराखंड, महाराष्ट्र, झारखंड और उड़ीसा जैसे राज्यों से मिल चुका है.

इससे जुड़ी ख़बरें
टाटा की नज़र लैंड रोवर पर
25 अगस्त, 2007 | कारोबार
सुर्ख़ियो में
मित्र को भेजेंकहानी छापें
मौसम|हम कौन हैं|हमारा पता|गोपनीयता|मदद चाहिए
BBC Copyright Logo^^ वापस ऊपर चलें
पहला पन्ना|भारत और पड़ोस|खेल की दुनिया|मनोरंजन एक्सप्रेस|आपकी राय|कुछ और जानिए
BBC News >> | BBC Sport >> | BBC Weather >> | BBC World Service >> | BBC Languages >>