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रेड एफ़एम को कारण बताओ नोटिस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
इंडियन आइडल प्रशांत तमांग पर की गई एक टिप्पणी और उसके बाद सिलीगुड़ी में भड़की हिंसा के बाद केंद्र सरकार ने रेड एफ़एम को कारण बताओ नोटिस दिया है. केंद्रीय सूचना और प्रसारण मंत्रालय ने इस नोटिस में पूछा है कि क्यों न चैनल के ख़िलाफ़ कार्रवाई की जाए. रेड एफ़एम को जवाब देने के लिए सोमवार तक का समय दिया गया है. उल्लेखनीय है कि प्रशांत तमांग पर की गई कथित अपमानजनक टिप्पणी के बाद पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी शहर मे शुक्रवार को भड़की हिंसा के बाद कर्फ़्यू लगाना पड़ा था. ख़बर है कि शनिवार को सिलीगुड़ी के कई इलाक़ों से कर्फ़्यू हटा लिया गया है लेकिन ऐहतियातन वहाँ बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात है. नोटिस केंद्रीय सूचना और प्रसारण मंत्रालय ने शनिवार को रेड एफ़एम को एक नोटिस जारी करके पूछा है कि क्यों न उनके ख़िलाफ़ कार्रवाई की जाए. मंत्रालय ने रेड एफ़एम को भेजे गए नोटिस में लिखा है, "घटनाक्रम से प्रथमदृष्टया लगता है कि टिप्पणी ऑल इंडिया रेडियो के प्रोग्राम कोड का उल्लंघन है, इसलिए परमिटधारी को पहली अक्तूबर तक का समय दिया जाता है कि वह यह स्पष्ट करे कि क्यों उसके ख़िलाफ़ कोई कार्रवाई न की जाए." सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय का कहना है कि अनुबंध के नियमों के तहत एफ़एम को प्रोग्राम कोड का पालन करना चाहिए. इसके तहत किसी समुदाय की भावनाओं को आहत करने वाले क्रार्यक्रम और क़ानून व्यवस्था को बाधित करने वाले क्रार्यक्रमों का प्रसारण नहीं किया जा सकता. मंत्रालय ने कहा है कि 24 सितंबर को प्रसारित कथित जातिवादी टिप्पणी से पश्चिम बंगाल के कई हिस्सों में हिंसा भड़क उठी थी. मामला उल्लेखनीय है कि सोनी इंटरटेनमेंट टेलीविज़न चैनल ने पिछले दिनों प्रशांत तमांग को तीसरा 'इंडियन आइडल' घोषित किया था. प्रशांत तमांग पश्चिम बंगाल पुलिस में कार्यरत हैं और दार्जिलिंग के रहने वाले हैं. उन्होंने कड़े मुक़ाबले में शिलांग में रहने वाले अमित पॉल को हराकर यह ख़िताब जीता है. जैसा कि टेलीविज़न कंपनी ने दावा किया है कि कई महीने चली इस प्रतियोगिता के लिए आठ करोड़ लोगों ने हिस्सा लिया. जिसमें भारत के अलावा नेपाल के लोग भी थे. प्रशांत तमांग के प्रशंसकों में पश्चिम बंगाल के अलावा नेपाल के भी बहुत से लोग हैं. 24 सितंबर को रेड एफ़एम के प्रस्तोता नितिन ने कथित रुप से गोरखा समुदाय के ख़िलाफ़ कोई ऐसी टिप्पणी कर दी थी जिससे समुदाय के लोग नाराज़ हो गए. उधर प्रशांत तमांग ने अपने प्रशंसकों से शांति बनाए रखने और हिंसा से दूर रहने की अपील की है. उन्होंने एक बांग्ला टेलीविज़न के ज़रिए अपने प्रशंसकों से कहा, "इस अपमानजनक टिप्पणी ने मुझे उकसाया नहीं है. भारत के ज़्यादातर लोग जानते हैं कि मैं कैसा हूँ इसलिए इस टिप्पणी की प्रतिक्रिया में हिंसा की ज़रुरत नहीं है." रेड एफ़एम के प्रमुख आकाश वर्मा ने शुक्रवार को बीबीसी से कहा था कि इंडियन आइडल एक चर्चित शो था और उसी पर चर्चा के दौरान उनके प्रस्तोता नितिन ने कुछ मज़ाकिया टिप्पणी की थी. उनका कहना है कि जैसे ही कुछ लोगों ने फ़ोन करके इस पर आपत्ति जताई, अगले ही दिन नितिन ने अपने शो में स्पष्ट कर दिया था कि उनकी मंशा किसी का अपमान करने की नहीं थी और यदि उनकी टिप्पणी से किसी की भावनाएँ आहत हुई हों तो वे माफ़ी माँगते हैं. उन्होंने कहा, "यहाँ तक कि हमने प्रशांत तमांग को भी अपने शो में लिया था और उन्होंने भी कहा कि वे रेड एफ़एम सुनते हैं और जो कुछ नितिन ने कहा वह उन्हें आपत्तिजनक नहीं लगता." आकाश वर्मा ने कहा है कि वे रेडियो चैनल की ओर से इसे स्पष्ट करना चाहते हैं कि रेडएफ़एम किसी की भावनाएँ आहत नहीं करना चाहता. हालांकि अब उन्हें सूचना प्रसारण मंत्रालय को इसकी सफ़ाई देनी है. | इससे जुड़ी ख़बरें सिलीगुड़ी में हिंसा के बाद कर्फ़्यू28 सितंबर, 2007 | भारत और पड़ोस प्रशांत बन गए 'इंडियन आइडल' 23 सितंबर, 2007 | मनोरंजन एक्सप्रेस 'इंडियन आइडल' का फ़ाइनल मुक़ाबला23 सितंबर, 2007 | मनोरंजन एक्सप्रेस उदयपुर में दो मुस्लिम गुट भिड़े15 सितंबर, 2007 | भारत और पड़ोस आगरा में कर्फ़्यू, ताज पर्यटकों के लिए बंद29 अगस्त, 2007 | भारत और पड़ोस मणिपुर में हिंसा, 15 लोगों की मौत09 जून, 2007 | भारत और पड़ोस हिंसा के बाद असम के शहर में कर्फ़्यू19 नवंबर, 2006 | भारत और पड़ोस राजस्थान में झड़पों के बाद कर्फ़्यू27 मार्च, 2005 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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