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'पहचान में ना आए शव कल दफ़न होंगे' | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
पानीपत के ज़िला प्रशासन के अनुसार समझौता एक्सप्रेस विस्फोट के बाद जिन मृतकों के शवों की पहचान नहीं हो पाई है, उन्हें पानीपत में शनिवार को दफ़नाया जाएगा. बीबीसी हिंदी डॉटकॉम के साथ बातचीत में पानीपत प्रशासन के उपायुक्त राजीव रंजन ने स्पष्ट किया, "शवों को अलग-अलग ताबूतों में रखा जाएगा और फिर शिनवार दो बजे एक साथ ही मृतकों की अंत्येष्टि की जाएगी. दोनो देशों की सरकारों के बीच उच्च स्तर पर इस बारे में सहमति बनी है." ज़िला उपायुक्त का कहना था कि शुक्रवार दोपहर तक 24 ऐसे शव थे जिनकी पहचान नहीं हो पाई थी. उनका कहना था कि कुछ और पाकिस्तानी नागरिक वाघा सीमा से अपने मृतक रिश्तेदारों की पहचान करने के मकसद से आ रहे हैं और ये आँकड़ा बदल भी सकता है. पिछले रविवार देर रात समझौता एक्सप्रेस में हुए धमाके के बाद दो रेल बोगियों में लगी आग के कारण 68 लोगों की मौत हो गई थी. इनमें से कई पाकिस्तानी नागरिक थे. जहाँ मृतकों के शवों को पानीपत के सिविल अस्पताल में रखा गया था वहीं कई घायल लोगों को दिल्ली के सफ़दरजंग अस्पताल में ले जाया गया था. गुरुवार को विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता नवतेज़ सरना ने पत्रकारों को बताया था पाकिस्तानी वायु सेना का एक विमान दिल्ली में मेडिकल टीम के साथ पहुँचा है और घायल पाकिस्तानी नागरिकों को पाकिस्तान ले जाने की योजना है. देर रात ये विमान घायल पाकिस्तानी नागरिकों के लेकर पाकिस्तान रवाना हुआ. जाँच में प्रगति बुधवार की रात तीन लोगों को राजस्थान के बीकानेर से हिरासत में लिया गया था जिनमें एक महिला शामिल थी.
राजस्थान के गृह मंत्री गुलाब चंद कटारिया ने बीबीसी से इस बात की पुष्टि की थी कि समझौता एक्सप्रेस के विस्फोट के सिलसिले में बीकानेर से तीन लोगों को हिरासत में लिया गया. पकड़े गए लोग एक ही परिवार के थे और इनमें से एक व्यक्ति रेलवे कर्मचारी था. इन लोगों से गहन पूछताछ जारी है. महत्वपूर्ण है कि समझौता एक्सप्रेस में हुए विस्फोट के बाद पानीपत की पुलिस ने रेलवे पुलिस के साथ मिलकर दो संदिग्ध लोगों के 'स्केच' जारी किए थे जिनके आधार पर ही इन लोगों को हिरासत में लिया गया था. |
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