|
श्रीलंका शांति वार्ता की तारीख़ तय | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
श्रीलंका में नॉर्वे के राजदूत जॉन हान्सेन बॉवर ने बताया है कि श्रीलंका सरकार और तमिल विद्रोही इस महीने के अंत में स्विट्ज़रलैंड में बातचीत करने पर सहमत हो गए हैं. उन्होंने बताया कि तमिल विद्रोही 28 और 29 अक्टूबर को बातचीत के लिए तैयार हो गए हैं. नॉर्वे के दूत का कहना था कि विद्रोही बिना किसी शर्त के बातचीत पर सहमत हो गए हैं लेकिन विद्रोहियों ने कहा है कि यदि स्थिति बिगड़ती है तो वे अपने फ़ैसले पर पुनर्विचार कर सकते हैं. इसके पहले उन्होंने विद्रोहियों की राजनीति शाखा के नेता एसपी तमिलसेलवन से मुलाक़ात की थी. इसके पहले दोनों पक्षों के बीच बातचीत नॉर्वे की राजधानी ओस्लो में होने की ख़बर आई थी. इस बातचीत का मक़सद दिसंबर से चल रहे संघर्ष को ख़त्म करना है. दिसंबर से अब तक श्रीलंका सेना और तमिल विद्रोहियों के बीच संघर्ष में 1500 से ज़्यादा लोगों की जान जा चुकी है. सन् 2002 में सरकार और एलटीटीई के बीच हुए संघर्षविराम में नॉर्वे की अहम भूमिका थी. लेकिन ये संघर्षविराम समझौता टूट गया और हाल के महीनों में दोनों पक्षों के बीच संघर्ष तेज़ हुआ है. | इससे जुड़ी ख़बरें सेना-तमिल विद्रोहियों में फिर संघर्ष07 अक्तूबर, 2006 | भारत और पड़ोस 'श्रीलंका में संघर्ष से पुनर्निमाण रुका'29 सितंबर, 2006 | भारत और पड़ोस 'प्रभाकरण शांतिवार्ता के लिए प्रतिबद्ध'27 सितंबर, 2006 | भारत और पड़ोस 'श्रीलंका में 70 तमिल विद्रोही मारे गए'25 सितंबर, 2006 | भारत और पड़ोस एलटीटीई हमले में चार जवान मारे गए 19 सितंबर, 2006 | भारत और पड़ोस श्रीलंका सरकार का सहमति से इनकार12 सितंबर, 2006 | भारत और पड़ोस 'श्रीलंका में दोनों पक्ष वार्ता के लिए राज़ी'12 सितंबर, 2006 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
| |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||