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मुठभेड़ में बड़े माओवादी नेता की मौत | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
आँध्रप्रदेश में पुलिस मुठभेड़ में एक बड़े माओवादी नेता रवि कुमार की मौत हो गई है. इसके अलावा शनिवार को तीन और माओवादी मारे गए हैं. प्रतिबंधित कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ़ इंडिया (माओवादी) के सेंट्रल कमेटी के सदस्य रवि कुमार की मौत को संगठन के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है. उन पर 15 लाख रुपयों का इनाम घोषित था. दो साल में पहली बार पुलिस ने सेंट्रल कमेटी के किसी सदस्य को मारा है. प्रकाशम ज़िले के पुलिस अधीक्षक एन बालासुब्रमणियम ने बताया कि मुठभेड़ नल्लामल्ला के जंगल में हुई जहाँ पुलिस का नक्सलियों के एक दल से आमना सामना हो गया. उनका कहना है कि रवि कुमार के वहाँ होने की सूचना पर पुलिस ने खोज अभियान शुरु किया था. पुलिस अधीक्षक ने बताया कि मुठभेड़ में रवि कुमार की मौत हो गई और दो अन्य नक्सली घायल हो गए और भागने में सफल हुए. पुलिस ने घटना स्थल से एक एके 47, एक 303 राइफ़ल और चार बैग और नक्सली साहित्य मिला है. एक अन्य घटना में नक्सलियों के एक गुट और पुलिस के बीच हुई गोलीबारी में तीन नक्सलियों की मौत हुई है. बड़ा झटका सेंट्रल कमेटी के सदस्य रवि कुमार को अनिल या श्रीधर के नाम से भी जाना जाता था. वे पार्टी के बुद्धिजीवी सदस्य थे और रणनीति बनाने वालों में से एक थे.
वे क्रांतिकारी लेखक थे और होमियोपैथी के जानकार भी. रंगारेड्डी ज़िले से आए रवि कुमार 1986 में माओवादी आंदोलन में शामिल हुए. उन्होंने इंजीनियरिंग में स्नातक की डिग्री हासिल की थी. माना जा रहा है कि उनकी मौत से संगठन को बड़ा झटका लगा है. उनकी मौत पर पार्टी ने तत्काल प्रतिक्रिया ज़ाहिर की है. राज्य के सचिव माधव ने एक बयान जारी करके इस घटना की निंदा की है और कहा है कि इसका बदला लिया जाएगा. उल्लेखनीय है कि रवि कुमार को दस साल पहले मेंढक ज़िले में गिरफ़्तार किया गया था लेकिन उन्हें छुड़वाने के लिए नक्सलियों ने पाँच आईएएस अधिकारियों को बंधक बना लिया था. आख़िर सरकार को उन्हें हेलिकॉप्टर से नल्लामल्ला के जंगलों में भेजना पड़ा था और तभी से वे भूमिगत थे. | इससे जुड़ी ख़बरें झारखंड विस्फोट में 12 जवानों की मौत01 जून, 2006 | भारत और पड़ोस आंध्र में माओवादियों से 53 लाख बरामद04 अप्रैल, 2006 | भारत और पड़ोस नक्सली हिंसा कम होने का दावा31 मार्च, 2006 | भारत और पड़ोस दोतरफ़ा कार्रवाई की ज़रूरत :कौशल20 नवंबर, 2005 | भारत और पड़ोस सरकार नक्सलवादियों को लेकर चिंतित05 अक्तूबर, 2005 | भारत और पड़ोस नक्सलियों को चुनाव लड़ने की चुनौती21 अगस्त, 2005 | भारत और पड़ोस आंध्र में नक्सली गुटों पर फिर पाबंदी17 अगस्त, 2005 | भारत और पड़ोस माओवादियों से मुठभेड़ में 20 मरे24 जून, 2005 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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