|
माओवादियों से बातचीत की तैयारी | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
नेपाल सरकार ने माओवादी विद्रोहियों के साथ शांति वार्ता के लिए तीन सदस्यों वाले दल के सदस्यों के नाम घोषित कर दिए हैं जिसका नेतृत्व गृहमंत्री कृष्णप्रसाद सितौला करेंगे. माओवादी विद्रोहियों का दल इस शांति वार्ता के लिए पहले ही राजधानी काठमांडू में पहुँच चुका है. हालाँकि शांति वार्ता की तारीख़ और स्थान अभी घोषित नहीं किए गए हैं. गृहमंत्री कृष्ण प्रसाद सितौला ने गुरूवार को कहा कि सरकारी दल में उनके अलावा दो अन्य मंत्री प्रदीप ग्यावली और रमेश लेखक शामिल होंगे. माओवादी विद्रोहियों ने शांतिवार्ता में भाग लेने के लिए अपने तीन सदस्यों वाले प्रतिनिधिमंडल की पहले ही घोषणा कर दी थी जिसका नेतृत्व उनके प्रवक्ता कृष्ण बहादुर महारा करेंगे. इस दल में महारा के अलावा दीनानाथ शर्मा और देव गुरुंग होंगे. यह बातचीत प्रधानमंत्री गिरिजा प्रसाद कोइराला और माओवादियों के नेता प्रचंड के बीच होने वाली अहम मुलाक़ात की तैयारी के तौर पर की जाएगी. माओवादियों ने माँग रखी है कि बातचीत शुरू होने से पहले सभी विद्रोहियों को जेलों से रिहा किया जाए. सितौला ने पत्रकारों को बताया कि माओवादियों को रिहा करने की प्रक्रिया पहले ही शुरू की जा चुकी है. सितौला ने बताया कि क़रीब 500 माओवादियों को पिछले महीने जेलों से रिहा किया जा चुका है और बाक़ी भी जल्दी ही रिहा कर दिए जाएँगे. कहा जाता है कि देश भर में एक हज़ार से ज़्यादा माओवादी विद्रोही जेलों में बंद हैं. ग़ौरतलब है कि नेपाल में राजशाही और सामंतशाही के ख़िलाफ़ लगभग दस साल से जारी संघर्ष में 13 हज़ार से ज़्यादा लोगों की जान जा चुकी है. 2001 और 2003 में पूर्ववर्ती सरकारों और माओवादी विद्रोहियों के बीच हुई बातचीत बिना किसी नतीजे के समाप्त हो गई थीं. | इससे जुड़ी ख़बरें नेपाली माओवादी नेता प्रचंड से बातचीत19 मई, 2006 | भारत और पड़ोस अपूर्ण है संसद का प्रस्ताव: प्रचंड19 मई, 2006 | भारत और पड़ोस राजा के अधिकारों में कटौती का प्रस्ताव18 मई, 2006 | भारत और पड़ोस नेपाल में सरकार के ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शन16 मई, 2006 | भारत और पड़ोस नेपाल नरेश की शक्तियों पर लगेगा अंकुश14 मई, 2006 | भारत और पड़ोस नेपाल में 'शाही ज़्यादतियों' की जाँच10 मई, 2006 | भारत और पड़ोस आसान नहीं है नेपाल में लोकतंत्र की राह27 अप्रैल, 2006 | भारत और पड़ोस माओवादियों ने किया संघर्षविराम26 अप्रैल, 2006 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
| |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||