| मस्तिष्क ज्वर ने और 111 जानें लीं | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
मच्छरों से फैलनेवाली बीमारी जापानी एन्सेफ़लाइटिस या मस्तिष्क ज्वर का प्रकोप उत्तर प्रदेश, बिहार और नेपाल के तराई क्षेत्रों में अभी तक बना हुआ है. उत्तर प्रदेश में स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार पिछले 24 घंटों में 111 नई मौतों की संख्या दर्ज की गई है. इसके अलावा अस्पतालों में मस्तिष्क ज्वर से पीड़त 268 नए मामले सामने आए हैं. इस बीमारी के कारण मरनेवालों की संख्या अब बढ़कर 579 तक पहुँच गई है. अधिकारियों के अनुसार कुछ स्थानों से स्थानीय चिकित्सा कर्मचारी इस भय से पूरी जानकारी नहीं भेज रहे हैं कि कहीं उन्हें बीमारी की रोकथाम में नाकाम रहने का दोषी ना ठहरा दिया जाए. उन्होंने बताया कि बिहार और नेपाल से भी मरीज़ उत्तर प्रदेश के अस्पतालों में पहुँच रहे हैं. प्रकोप ये बीमारी सबसे पहले उत्तर प्रदेश के पूर्वी इलाक़ों से शुरू हुई और अब तक उसने राज्य के 27 ज़िलों को अपनी चपेट में ले लिया है. प्रभावित क्षेत्रों में राजधानी लखनऊ के अतिरिक्त अवध और रूहेलखंड के इलाक़े भी शामिल हैं. जापानी एन्सेफ़लाइटिस बीमारी उत्तर प्रदेश में सबसे पहले 1978 में सामने आई थी. सरकारी आँकड़ों के अनुसार तब से अब तक लगभग 8,500 लोग इस बीमारी के कारण मौत के शिकार हो चुके हैं. |
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||