|
बांग्लादेश में 22 लोगों को मौत की सज़ा | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
बांग्लादेश में एक विपक्षी सांसद की हत्या के आरोप में 22 लोगों को मौत की सज़ा सुनाई गई है. विपक्षी दल अवामी लीग के सांसद अहसानुल्ला मास्टर और एक अन्य व्यक्ति की पिछले वर्ष मई में ढाका के निकट एक राजनीतिक समारोह में हत्या कर दी गई थी. वकीलों का कहना है कि बांग्लादेश में किसी मामले में इतनी बड़ी संख्या में मौत की सज़ा सुनाए जाने की ये पहली घटना है. छह लोगों को उम्रक़ैद की भी सज़ा दी गई है. सज़ा पानेवाले अधिकतर लोग या तो सत्ताधारी बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी के सदस्य हैं या उसकी सहयोगी जातीय पार्टी के. सज़ा सुनाते हुए न्यायाधीश शाहिद नूरूद्दीन ने कहा,"मैं इन 22 लोगों को मौत की सज़ा सुनाता हूँ क्योंकि इस हत्या में उनके लिप्त होने की बात बिना किसी संदेह के साबित हो गई है". उन्होंने कहा कि यह हत्या राजनीतिक बदले की भावना से की गई. ढाका से उत्तर 20 किलोमीटर दूर स्थित टोंगी नामक जगह पर पिछले वर्ष सात मई को हुई हत्या के बाद क्रुद्ध भीड़ ने जमकर हंगामा किया और सत्ताधारी दल के कार्यालयों पर हमले किए. मारे गए विपक्षी नेता अहसानुल्ला मास्टर बांग्लादेश के जाने-माने मज़दूर नेता थे. उनकी हत्या के बाद उनकी सीट से उनके बेटे ज़ाहिद अहसन रसेल सांसद बने. उन्होंने अदालत के फ़ैसले के बाद कहा है कि इससे उन्हें और उनके परिवारवालों को संतोष मिला है. |
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||