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राष्ट्रपति से झारखंड के राज्यपाल की मुलाक़ात | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम ने झारखंड में मौजूदा राजनीतिक विवाद पर चर्चा के लिए राज्यपाल सैयद सिब्ते रज़ी को शुक्रवार को दिल्ली बुलाया है. इस मुलाक़ात के दौरान राष्ट्रपति झारखंड के राज्यपाल सिब्ते रज़ी से पूरे राजनीतिक घटनाक्रम की जानकारी लेंगे. ग़ौरतलब है कि राज्यपाल सिब्ते रज़ी ने संयुक्त प्रगितिशील गठबंधन (यूपीए) के नेता शिबू सोरेन को बुधवार को मुख्यमंत्री पद की शपथ दिला दी थी. जबकि राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन के नेताओं का कहना है कि सरकार बनाने के लिए उन्हें आमंत्रित किया जाना चाहिए था क्योंकि उनके पास पर्याप्त बहुमत है. विधायक पेश एनडीए ने गुरुवार को बहुमत के लिए आवश्यक 41 विधायकों को राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम के सामने पेश भी कर दिया. इन विधायकों में एनडीए के 36 और पांच निर्दलीय विधायक भी शामिल थे. एनडीए नेताओं ने राष्ट्रपति से मुलाक़ात कर उनसे आग्रह किया कि झारखंड में शिबू सोरेन को मुख्यमंत्री पद से हटाकर अर्जुन मुंडा को मुख्यमंत्री बनाया जाए. एनडीए का कहना है कि उनके पास 41 विधायकों का समर्थन है जबकि यूपीए का दावा है कि उनके पास 42 विधायकों का समर्थन है. झारखंड विधानसभा में विधायकों की कुल संख्या 81 है. हालाँकि दोनों में अंतर यह है कि एनडीए ने समर्थन करने वाले विधायकों को पेश किया है जबकि यूपीए के पास सिर्फ़ सूची है. |
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