|
भोपाल नवाब के परिजन को पाक भेजा | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भोपाल रियासत के आख़िरी नवाब रहे हमीदुल्ला ख़ान की नातिन फ़ायज़ा सुल्तान और उनके परिवार के तीन सदस्यों को पुलिस ने पाकिस्तान वापस भेज दिया है. फ़ायज़ा की शादी पाकिस्तान के लाहौर निवासी सरदार मोहम्मद अकबर ख़ान से हुई थी और बाद में फ़ायज़ा सुल्तान ने भी पाकिस्तान की नागरिकता ले ली थी. फ़ायज़ा ख़ान के रिश्तेदारों का कहना है कि पुलिस ने उनके पति और दो बेटों को वीज़ा फ़ॉर्म की औपचारिकताएँ पूरी करने के लिए थाने बुलाया और फ़िर अमृतसर जाने वाली ट्रेन में बिठाकर वाघा के लिए रवाना कर दिया. फ़ायज़ा के बेटे तैमूर की शादी भी नवाब के परिवार की लड़की फ़ातिमा से हुई है. फ़ातिमा बताती हैं, "उनको हथकड़ियाँ पहना दी गईं और उनके मोबाइल छीन लिए गए. कुछ महिला कर्मियों सहित कुल ग्यारह पुलिस वालों ने सबको वाघा सीमा तक पहुँचाया." वे कहती हैं कि यदि पुलिस यह कहती है कि वे लोग अवैध रुप से भारत में रह रहे थे तो उन्हें पाकिस्तान भेजने से पहले कम से कम एक बार नोटिस तो भेजना चाहिए था. फ़ायज़ा के दूसरे बेटे नादिर की शादी भी भोपाल की लड़की सबा से हुई है.
पुलिस का कहना है कि फ़ातिमा, सबा और उनके बच्चे भारत में रह सकते हैं क्योंकि वे भारतीय हैं लेकिन इन दोनों के पति पाकिस्तान के निवासी हैं और उन्हें यहाँ बिना वीज़ा के नहीं रहने दिया जा सकता. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पहले तो फ़ायज़ा और उनके परिवार वाले हर बार तीन-तीन महीने का वीज़ा बढ़वाते रहते थे लेकिन आख़िर में भारत सरकार ने उनका वीज़ा बढ़ाने से इनकार कर दिया था. फ़ातिमा इस बात की पुष्टि करती हैं, "मेरी सास फ़ायज़ा 1992 में भारत आई थीं और 2000 तक तो उनको वीज़ा मिलता रहा लेकिन इसके बाद से सरकार ने वीज़ा देने से इनकार कर दिया." भोपाल के पुलिस अधीक्षक पवन श्रीवास्तव ने कहा, "भारत सरकार के गृह विभाग ने फ़ायज़ा, उनके पति मोहम्मद अकबर ख़ान और उनके बेटों को भारत छोड़ने का नोटिस दिया था. पिछले कई साल से चारों लोग अवैध रूप से भारत में रह रहे थे." शिकायत सरदार तैमूर ख़ान की पत्नी फ़ातिमा बेगम की शिकायत है कि पुलिस ने जिस तरीके से घर से बुलाकर उन्हें रातों-रात पाकिस्तान भेजा, वह ठीक नहीं था. उनका कहना है, "पूरा परिवार भारत की नागरिकता चाहता है. केंद्र सरकार को भी कई आवेदन दिए जा चुके हैं लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई. हम लोग कुछ दिन पहले ही केंद्रीय गृहमंत्री शिवराज पाटिल से भी इस मामले में मिले थे." भोपाल पुलिस अधीक्षक ने कहा, "ज़रूरी नहीं कि पुलिस इस प्रकरण के बारे में जानकारी दे. चूँकि वे भारतीय नागरिक नहीं थे इसलिए भारतीय संविधान का कोई क़ानून उन लोगों पर लागू नहीं होता था. उन्होंने भारत में भारत के क़ानून को तोड़ा था. वीज़ा अवधि समाप्त होने के बाद वे कैसे इतने दिन तक भारत में रुके रहे?" इस परिवार की भोपाल के आसपास सैकड़ों एकड़ ज़मीन है. भोपाल के आख़िरी नवाब हमीदुल्ला ख़ान की नातिन का यह परिवार भोपाल की "अहमदाबाद पैलेस" नाम की कोठी में रहते हैं. नवाब की नातिन बेगम फ़ायज़ा के मौसेरे भाई शहरयार ख़ान पाकिस्तान के विदेश सचिव रहे हैं. सुपरिचित क्रिकेटर नवाब पटौदी भी इसी परिवार के सदस्य हैं. |
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||