|
'भारत उदय' का जवाब 'आर्थिक नवोत्थान' | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
कांग्रेस ने 'नई चुनौती, नया संकल्प- कांग्रेस का नहीं विकल्प' के नारे के साथ ही चुनाव घोषणापत्र जारी कर दिया है. घोषणापत्र में भारतीय जनता पार्टी के 'सांस्कृतिक राष्ट्रवाद' को 'भारतीयों को भावनात्मक तौर पर तोड़ने का हथियार' बताया गया है, और कहा गया है कि कांग्रेस के राष्ट्रवाद में 'हर भारतीय का समान और गरिमापूर्ण स्थान है.' कांग्रेस ने 'भारत उदय' का जवाब 'आर्थिक नवोत्थान' के नारे से दिया है. पार्टी अध्यक्ष सोनिया गाँधी ने सोमवार को दिल्ली में घोषणापत्र जारी करते हुए भाजपा के राष्ट्रवाद को 'संकीर्ण और धर्मान्ध' बताया. कांग्रेस ने इस घोषणापत्र के ज़रिए छह सूत्रीय एजेंडा रखा है. इसमें 'सामाजिक सदभावना, युवकों को निश्चित रोज़ग़ार, ग्रामीण विकास, आर्थिक नवोत्थान, महिला सशक्तिकरण के साथ ही सबके लिए समान अवसर' का वायदा किया गया है. भाजपा की अगुआई वाली राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन सरकार की विफलताओं का उल्लेख करते हुए घोषणापत्र में कहा गया है कि इस सरकार की आर्थिक नीतियों की वजह से बेरोज़गारी बेतहाशा बढ़ी है. घोषणापत्र के अनुसार इस दौरान आर्थिक वृद्धि की दर अस्थिर हुई और नीचे की तरफ़ जाने लगी. गुजरात के दंगों और मिशनरियों के विरुद्ध हिंसा पर केंद्र सरकार के रुख़ का भी घोषणापत्र में उल्लेख किया गया है. आर्थिक विकास पार्टी का वायदा है कि अगले एक दशक तक आर्थिक वृद्धि की दर को देश भर में आठ से 10 फ़ीसदी के बीच बनाए रखना कांग्रेस का लक्ष्य होगा. कांग्रेस ने आर्थिक नवोत्थान का नारा दिया है जिसके तहत देश में सृजनात्मक और उत्पादक गतिविधियों को बढ़ावा देने की बात कही गई है. इसके अलावा महिलाओं को राजनीतिक, सामाजिक, आर्थिक और कानूनी अधिकार देकर उन्हें सबल बनाने के लिए क़दम उठाने का वायदा किया गया है. कांग्रेस ने घोषणापत्र पर अमल के बारे में कहा है कि देशवासियों का जनमत मिलने के सौ दिनों के भीतर पार्टी शासन चलाने और लक्ष्य हासिल करने को लेकर एक विस्तृत कार्ययोजना का ऐलान करेगी. पार्टी के अनुसार हर साल दो अक्तूबर को चुनाव घोषणापत्र में कही गई बातों पर अमल के बारे में देश के समक्ष 'जन-दस्तावेज़' पेश किया करेगी. |
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||