|
'सबसे बुजुर्ग' वनमानुष की मौत | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
दुनिया की 'सबसे बुजुर्ग' मानी जाने वाली सुमात्रा की 55 वर्षीय मादा वनमानुष दुनिया को अलविदा कह दिया है. इस मादा वनमानुष ने अमरीका के एक चिड़ियाघर में दम तोड़ दिया है. मियामी मैट्रो चिड़ियाघर में 1983 से रह रही ‘नोंज़ा’ शनिवार की सुबह मृत अवस्था में मिली. विशेषज्ञों का कहना है कि उसकी मौत का कारण ब्रेन ट्यूमर या धमनियों का फटना हो सकता है. चिड़ियाघर के अधिकारी रॉन मेगिल कहते हैं, "वो बहुत अच्छी थी और मुझे लगता है कि वो यह जानती भी थी." अधिकारियों के अनुसार आमतौर पर वनमानुष चालीस साल की उम्र तक जीते हैं. मेगिल बताते हैं कि 'नोन्जा' को 1983 में हॉलैंड के एक चिड़ियाघर से मियामी लाया गया था. वर्ल्ड कंज़र्वेशन यूनियन ने सुमात्रा के वनमानुषों को विलुप्तप्रायः जानवरों की सूची में रखा है. सुमात्रा की ओरांग-ऊटान सोसायटी के अनुसार इनकी जनसंख्या 2003 में 7,300 तक गिर गई थी. | इससे जुड़ी ख़बरें बाघ ने दर्शकों पर हमला किया26 दिसंबर, 2007 | पहला पन्ना ख़ूब भगाया चिंपाज़ी ने......06 दिसंबर, 2007 | भारत और पड़ोस गाड़ी से कुचलकर बाघ की मौत05 दिसंबर, 2007 | भारत और पड़ोस शेरों पर भारी पड़े भैंसे09 अगस्त, 2007 | पहला पन्ना 'विशु' में जंगली जानवरों का शिकार01 मई, 2007 | भारत और पड़ोस जंगल के बच्चों का अनोखा आशियाना14 जुलाई, 2006 | भारत और पड़ोस अब शेरों के लिए भी वृद्धाश्रम05 जून, 2006 | भारत और पड़ोस | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||