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'उत्तर कोरिया पर ज़्यादा दबाव न डालें' | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने कहा है कि अग़र अंतरराष्ट्रीय समुदाय उत्तर कोरिया के परमाणु कार्यक्रम पर अंकुश लगाना चाहता है तो उस पर ज़्यादा दबाव नहीं डालना चाहिए. व्लादिमीर पुतिन ने ये बात एक लाइव टीवी फ़ोन-इन कार्यक्रम में कही. इस कार्यक्रम में राष्ट्रपति पुतिन रूस भर से लोगों के सवालों का जवाब दे रहे थे. रूसी राष्ट्रपति ने कहा, " बातचीत की प्रकिय्रा के तहत किसी भी देश पर इतना दबाव नहीं डालना चाहिए." उन्होंने कहा कि वार्ताकार उत्तर कोरिया से 'सही तालमेल' नहीं बिठा पाए हैं. व्लादिमीर पुतिन का कहना था कि 'सदभावना' से हल निकाला जा सकता है. पुतिन का फ़ोन-इन कार्यक्रम रूस के राष्ट्रीय टेलीविज़न नेटवर्कों और बड़े रेडियो स्टेशनों पर प्रसारित किया गया. लोगों के सवाल कार्यक्रम में उन्होंने ये भी कहा कि जब दो साल में उनका कार्यकाल समाप्त हो जाएगा तो वो दोबारा उम्मीवादर बनने की कोशिश नहीं करेंगे. हालाँकि उन्होंने संकेत दिया कि लोगों का भरोसा जीतकर वे राजनीतिक मामलों को प्रभावित करने की कोशिश करते रहेंगे. फ़ोन-इन कार्यक्रम में उन्होंने रूस में कम वेतन, महंगाई, पेंशन और विदेश नीति पर भी बात की. इस प्रसारण के लिए वेबसाइट तैयार की गई थी जिस पर दस लाख से ज़्यादा सवाल आए हैं. लोग ई-मेल के अलावा फ़ोन के ज़रिए भी हिस्सा ले सकते हैं. नौ कस्बों के लोग इसमें हिस्सा ले रहे हैं. इसमें कोंडोपोगा कस्बा भी शामिल है जहाँ अगस्त में जातीय हिंसा हुई थी. | इससे जुड़ी ख़बरें तनाव बढ़ा रहा है उत्तर कोरिया: राइस 21 अक्तूबर, 2006 | पहला पन्ना पुतिन को ऊर्जा चार्टर मंज़ूर नहीं21 अक्तूबर, 2006 | पहला पन्ना पुतिन की जॉर्जिया पर तीखी प्रतिक्रिया 01 अक्तूबर, 2006 | पहला पन्ना रूस ने पाइपलाइन बनाने की पेशकश की16 जून, 2006 | पहला पन्ना | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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