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फ्रांस शांति सैनिक बढ़ाएगा | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
फ्रांस के राष्ट्रपति ज़्याक शिराक ने कहा है कि वे लेबनान में 1600 और शांति सैनिक भेजने के लिए तैयार है. टेलीविजन पर प्रसारित अपने भाषण में शिराक ने कहा है कि उनका देश लेबनान में संयुक्त राष्ट्र शांति सैनिकों की तैनाती में अग्रणी भूमिका निभाने के लिए तैयार है. ग़ौरतलब है कि हिज़्बुल्ला और इसराइल के बीच हुए युद्धविराम समझौते के तहत लेबनान में 15 हज़ार शांति सैनिकों की तैनाती होनी है. फ्रांसीसी राष्ट्रपति के मुताबिक 'युद्धविराम अधिक टिकाऊ' नहीं है. शुरु में सिर्फ़ 200 अतिरिक्त जवान भेजने की घोषणा पर फ्रांस की आलोचना हुई थी. नई घोषणा के अमल में आते ही संयुक्त राष्ट्र शांति सैनिकों में फ्रांस की हिस्सेदारी बढ़ कर दो हज़ार हो जाएगी. पिछले दिनों यूरोपीय संघ के देशों ने ब्रसेल्स में हुई बैठक में शांति सैनिकों की तैनाती के मसले पर विचार विमर्श किया था. इसी कड़ी में यूरोपीय विदेश मंत्रियों की एक विशेष बैठक शुक्रवार को होनी है. शिराक ने कहा, "शांति मिशन के तहत हमारे दो अतिरिक्त बटालियनों की तैनाती होगी." फ्रांसीसी राष्ट्रपति ने कहा," अगर संयुक्त राष्ट्र चाहे तो फ्रांस शांति रक्षक दलों का नेतृत्व करने के लिए तैयार है." संयुक्त राष्ट्र के एक प्रवक्ता ने शिराक के फ़ैसले का स्वागत किया. उन्होंने कहा, "अब हम यूरोपीय देशों के साथ कल (शुक्रवार) होने वाली बैठक का इंतज़ार कर रहे हैं जहाँ हमें कुछ और सकारात्मक संकेत मिलने की आशा है." | इससे जुड़ी ख़बरें इसराइली सेना प्रमुख ने नाकामी मानी24 अगस्त, 2006 | पहला पन्ना शांति सैनिकों की तैनाती का विरोध23 अगस्त, 2006 | पहला पन्ना लेबनान शांति सेना पर यूरोपीय चर्चा23 अगस्त, 2006 | पहला पन्ना लेबनान में अगुआई के लिए तैयार इटली22 अगस्त, 2006 | पहला पन्ना अमरीका लेबनान को 23 करोड़ डॉलर देगा21 अगस्त, 2006 | पहला पन्ना 'युद्धविराम तोड़ने वाला देशद्रोही होगा'20 अगस्त, 2006 | पहला पन्ना | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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