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लेबनान में अगुआई के लिए तैयार इटली | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
इटली ने दक्षिणी लेबनान में युद्धविराम की निगरानी करने वाली सेना की अगुआई करने की इच्छा प्रकट की है. पहले फ्रांस से उम्मीद की जा रही थी कि वह इस ज़िम्मेदारी को संभालेगा लेकिन उसने कहा कि इस सेना को कोई स्पष्ट निर्देश नहीं दिया गया है जो चिंता का कारण है. फ्रांस ने अपने सिर्फ़ 200 सैनिकों को लेबनान में तैनात करने का फ़ैसला किया है. इस बीच इसराइली सेना ने तीन लोगों को हिज़बुल्ला छापामार समझकर मार डाला है, इस घटना के बाद एक बार फिर लगने लगा है कि युद्धविराम के स्थायित्व पर विश्वास करना कठिन है. इसराइल का कहना है कि ये लोग 'ख़तरनाक तरीक़े' से उनके सैनिकों की ओर बढ़ रहे थे इसलिए उन्हें गोली मार दी गई. दक्षिणी लेबनान में युद्धविराम पिछले नौ दिनों से लागू है और दोनों पक्ष एक-दूसरे के ऊपर उसके उल्लंघन का आरोप लगा रहे हैं. सकारात्मक भूमिका इटली के प्रधानमंत्री रोमानो प्रोदी ने कहा है कि उनका देश प्रस्तावित शांति सेना की अगुआई करने को तैयार है, इटली ने संकेत दिए हैं कि वह अपने लगभग तीन हज़ार सैनिक दक्षिणी लेबनान में तैनात कर सकता है. रोमानी प्रोदी ने बताया कि इस सप्ताह के अंत तक संयुक्त राष्ट्र महासचिव कोफ़ी अन्नान अंतरराष्ट्रीय शांति सेना की तैनाती के बारे में निर्णय करेंगे. इटली ने कहा है कि वह इस मामले में सकारात्मक भूमिका निभाएगा, लेबनान के सूचना मंत्री गाज़ी आफ़रीदी ने इटली की इस घोषणा का स्वागत किया है. इसराइल ने भी कहा है कि अगर इटली शांति सेना का नेतृत्व करे तो उसे कोई समस्या नहीं है. इससे पहले सोमवार को अमरीकी राष्ट्रपति जॉर्ज बुश ने कहा था कि अमरीका लेबनान के लिए दी जाने वाली आर्थिक सहायता को बढ़ाकर 12 करोड़ डॉलर करने की घोषणा की है. अमरीकी राष्ट्रपति ने कहा कि हिज़बुल्ला को पूरी तरह निशस्त्र करने के लिए ज़रूरी है कि 'सिक्योरिटी ज़ोन' बनाया जाए. संयुक्त राष्ट्र के वरिष्ठ अधिकारी मार्क मैलक ब्राउन ने उम्मीद जताई है कि अन्य यूरोपीय देश भी शांति सेना के लिए अपने सैनिक भेजेंगे. | इससे जुड़ी ख़बरें फ़लस्तीनी उप प्रधानमंत्री हिरासत में19 अगस्त, 2006 | पहला पन्ना यहूदी बस्तियाँ हटाने की योजना स्थगित18 अगस्त, 2006 | पहला पन्ना युद्ध के बाद निराशा झेल रहे हैं ओल्मर्ट18 अगस्त, 2006 | पहला पन्ना 'यूरोपीय देश तुरंत शांति सैनिक भेजें'18 अगस्त, 2006 | पहला पन्ना लेबनान में शांति सैनिकों के योगदान की पेशकश17 अगस्त, 2006 | पहला पन्ना लेबनानी सैनिक दक्षिण में पहुँचे17 अगस्त, 2006 | पहला पन्ना लेबनानी सेना की दक्षिण में तैनाती शुरू17 अगस्त, 2006 | पहला पन्ना सुरक्षा बल की तैनाती को लेकर कई बैठकें16 अगस्त, 2006 | पहला पन्ना इंटरनेट लिंक्स बीबीसी बाहरी वेबसाइट की विषय सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है. | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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