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बग़दाद में गाड़ी में 18 शव मिले | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
इराक़ की राजधानी बग़दाद में एक मिनीबस में 18 लोगों के शव मिले हैं जिन्हें गोली मारी गई थी या गला दबा दिया गया था. बताया गया है कि गश्त करते हुए सुरक्षाकर्मियों को ये बस शहर के अमिरिया और ख़दरा ज़िलों में पड़ी हुई मिली. अधिकारियों ने बताया कि मारे गए लोगों के हाथ बंधे थे और उनकी आँखों पर भी कपड़ा था. इराक़ में पिछली 22 फ़रवरी को समारा में एक शिया मज़ार पर हमले के बाद से हिंसा में अचानक तेज़ी आ गई है. अभी ये तो पता नहीं है कि जो शव बरामद हुए हैं उसके पीछे कारण क्या है लेकिन इसके पूर्व में इस प्रकार से शवों का मिलना शिया-सुन्नी संघर्ष का हिस्सा रहा है. अमिरिया नाम के जिस इलाक़े में शव मिले हैं वह पश्चिमी बग़दाद का बाहरी इलाक़ा है जहाँ सुन्नी अरबों की आबादी अधिक है. पुलिस का कहना है कि शवों के साथ किसी तरह के ऐसे काग़ज़ आदि नहीं मिले हैं जिनसे उनकी पहचान हो सकती हो. मगर कुछ रिपोर्टों में बताया गया है कि शवों में से दो लोग विदेशी अरब लग रहे थे. यार्मूक अस्पताल के कुछ सूत्रों ने समाचार एजेंसी एपी को बताया है कि शवों को देखकर लगता है कि उनकी मौत हाली ही में हुई है जिनमें दो को गोली मारी गई जबकि बाक़ी का गला दबाया गया. मारे गए लोगों ने सादे कपड़े पहने हुए थे और उनमें कुछ युवा थे तो कुछ अधेड़. | इससे जुड़ी ख़बरें 'जातीय हिंसा गृह युद्ध में बदल सकती है'07 मार्च, 2006 | पहला पन्ना इराक़ युद्ध पर ब्लेयर की आलोचना04 मार्च, 2006 | पहला पन्ना इराक़ में ताज़ा हिंसा में 19 मारे गए03 मार्च, 2006 | पहला पन्ना इराक़ में वाहनों पर दिन का कर्फ़्यू03 मार्च, 2006 | पहला पन्ना अकेला मैं जवाबदेह हूँ: सद्दाम हुसैन01 मार्च, 2006 | पहला पन्ना 'हिंसा का असर सरकार गठन पर नहीं'01 मार्च, 2006 | पहला पन्ना इराक़ धमाकों में 23 की मौत01 मार्च, 2006 | पहला पन्ना | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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