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शिया मुसलमानों के क्षत-विक्षत शव मिले | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
सीरिया की सीमा से सटे इराक़ी शहर क़ैम में 10 शिया मुस्लिमों के क्षत-विक्षत शव मिले हैं. माना जा रहा है कि सीरिया से लौटते समय इनकी हत्या कर दी गई. इराक़ी पुलिस का कहना है कि यही लगता है कि पहले इन लोगों की आँखों पर पट्टियाँ बाँधी गई, उनके हाथ-पैर बाँधे गए और फिर उनके सिर में गोली मारी गई. इराक़ी अधिकारियों का मानना है कि सीरिया स्थित एक दरगाह से वापस लौटते समय इन्हें रोका गया. अधिकारियों का ये भी कहना है कि ये लोग दक्षिणी इराक़ के हो सकते हैं. इन लोगों पर उस इलाक़े में हमला किया गया है जहाँ इस महीने के शुरू में अमरीकी सैनिकों ने विद्रोहियों के ख़िलाफ़ बड़ी सैनिक कार्रवाई की थी. इराक़ में एक महीने पहले शिया प्रभुत्व वाली सरकार के सत्ता में आने के बाद से हिंसा की घटनाओं में तेज़ी आई है और क़रीब 700 लोग मारे जा चुके हैं. अन्य घटनाएँ इराक़ में हिंसा की अन्य घटनाओं में सात लोगों की मौत हो गई. अधिकारियों के अनुसार उत्तरी शहर सिंजर में दो आत्मघारी धमाकों में ये लोग मारे गए. ये इलाक़ा मूसल से 120 किलोमीटर पश्चिमोत्तर में स्थित है. एक पुलिस अधिकारी क़ासिम जबेर ने बताया कि पहला कार बम धमाका इराक़ी समय के अनुसार शनिवार सुबह आठ बजकर 20 मिनट पर हुआ. मरने वालों में अधिकतर इराक़ी सैनिक बताए जा रहे हैं. इन दोनों हमलों में कम से कम 40 लोगों के घायल होने का समाचार है. हमला ऐसे समय में हुआ जब सैनिक अड्डे में प्रवेश कर रहे थे. इराक़ी सैनिकों पर पिछले कुछ दिनों में लगातार बम हमले होते रहे हैं. पिछले महीने इस तरह के हमलों में 700 लोग मारे गए हैं. एक अन्य घटना में पुलिस ने बताया कि अज्ञात हमलावरों ने एक अरबी कबीलाई नेता सबान अल जिबोरी को किरकुक में उनके घर के बाहर गोली मार दी. उधर तिकरित में शुक्रवार की देर रात पुलिस के गश्ती दल पर आत्मघाती हमला किया जिसमें तीन नागरिकों की मौत हो गई. |
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