|
भाजपा और कांग्रेस में विचारमंथन | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस ने मंगलवार को पहले चरण का मतदान होने के बाद इसकी समीक्षा करने और दूसरे चरण की रणनीति तय करने के लिए बुधवार को समीक्षा बैठकें कीं. भाजपा की समीक्षा बैठक जहाँ अगले चुनाव अभियान और उत्तर प्रदेश पर केंद्रित रही, वहीं कांग्रेस में कथित एके-47 घोटाला ही छाया रहा और पार्टी कार्यकर्ताओं ने इस पर विरोध व्यक्त करते हुए उप प्रधानमंत्री लालकृष्ण आडवाणी पर निशाना साधा. प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के निवास पर उन्हीं के नेतृत्व में हुई भाजपा की समीक्षा बैठक में पार्टी के शीर्ष नेताओं ने तय किया कि दूसरे चरण के मतदान लिए विकास और ख़ासतौर पर उत्तर प्रदेश उनके अभियान के केंद्रबिंदु होंगे. पार्टी अध्यक्ष वेंकैया नायडू ने कहा, "हम लोगों से हमें पूर्ण बहुमत देने की अपनी अपील को दोहराते हैं ताकि संविधान में संशोधन करते हुए महत्वपूर्ण क़ानून लाए जा सकें और एनडीए के घोषणापत्र में किए गए तमाम वादों को पूरा किया जा सके." उन्होंने अल्पसंख्यकों, ख़ासतौर पर मुसलमानों से कहा, "मुस्लिम समुदाय ने कई राजनीतिक दलों को अब तक देखा और परखा है लेकिन एक बार भाजपा को भी मौक़ा देकर देखना चाहिए." धरना उधर कांग्रेस कार्यालय पर समीक्षा बैठक तो हुई लेकिन पार्टी अध्यक्ष सोनिया गाँधी आंध्र प्रदेश के चुनावी दौरे के कारण इसमें शामिल नहीं हो सकीं. पार्टी कार्यकर्ताओं ने उपप्रधानमंत्री लालकृष्ण आडवाणी और गृह मंत्रालय पर एके-47 की ख़रीद में घपले का आरोप लगाते हुए कांग्रेस कार्यालय पर धरना दिया. कार्यकर्ताओं ने आडवाणी को तत्काल गिरफ़्तार करने और इस पूरे मामले की जाँच केंद्रीय जाँच ब्यूरो (सीबीआई) से कराने की भी माँग की. कांग्रेस की समीक्षा बैठक में पार्टी के तमाम शीर्ष नेता मौजूद थे. बैठक की अध्यक्षता वरिष्ठ नेता मनमोहन सिंह ने की. पार्टी ने चुनाव ख़त्म होने से पूर्व समाचार-पत्रों और टीवी चैनलों के मतदान-बाद सर्वेक्षणों के प्रसारण को पहले की तरह ही ग़लत बताया. |
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||