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'इराक़ में संयुक्त राष्ट्र की केंद्रीय भूमिका हो' | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
इराक़ के पड़ोसी देश चाहते हैं कि इराक़ में संयुक्त राष्ट्र की केंद्रीय भूमिका हो और अमरीकी नेतृत्व वाली सेना जितनी जल्दी हो सके देश छोड़ दे. उनका कहना है कि संयुक्त राष्ट्र ही देश में संविधान के निर्माण, चुनाव करवाने और सत्ता के हस्तांतरण में मुख्य भूमिका निभाए. कुवैत में हुई दो दिनों की सुरक्षा बैठक के बाद इराक़ के पड़ोसी देशों ने एक संयुक्त बयान जारी करके यह माँग की है. कुवैत की बैठक में पड़ोसी देशों ने उम्मीद जताई है कि इराक़ में जल्दी ही एक व्यापक जनाधार वाली सरकार की स्थापना की जाएगी. इराक़ में सुरक्षा व्यवस्था का जायज़ा लेने के लिए इराक़ी प्रशासन के विदेशी मंत्री ने यह बैठक बुलाई थी. चिंता पिछले दिनों इराक़ में जिस तरह हमले बढ़े हैं उसे लेकर चिंता जताई जा रही है. पिछले हफ़्ते में तीन बड़े हमले हुए हैं जिनमें सवा सौ से भी अधिक लोग मारे गए हैं. शनिवार को फ़लूजा में पुलिस थाने और मुख्यालय में दिन दहाड़े हमले में 22 लोग मारे गए थे और हमलावरों ने कई क़ैदियों को छुड़ा भी लिया था. जिस तरह से पड़ोसी देशों से हथियार बंद लड़ाके घुस रहे हैं उसे लेकर इराकी प्रशासन चिंतित है. कुवैत की बैठक में पड़ोसी देशों ने उम्मीद जताई है कि इराक़ में जल्दी ही एक व्यापक जनाधार वाली सरकार की स्थापना की जाएगी. इस बैठक में कुवैत, जॉर्डन, सीरिया, सऊदी अरब, तुर्की, ईरान और मिस्र के विदेश मंत्रियों ने हिस्सा लिया. |
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