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'मेरे पिता को नशा दिया गया था'
सद्दाम हुसैन की बेटी रग़ाद ने दावा किया कि उनके पिता को नशीली दवाइयाँ दी गई थीं या गिरफ़्तारी से पहले किसी गैस का इस्तेमाल किया गया था. उनका कहना है कि अगर ऐसा न होता तो दुनिया भर में जो अपमानजनक चित्र दिखाए जा रहे हैं वे कैसे खींचे जाते. रग़ाद का कहना है कि उनके पिता इस तरह के व्यक्ति नहीं थे कि इतनी आसानी से आत्मसमर्पण कर देते, नशे की हालत में होने के कारण ही उन्होंने गोलियाँ नहीं चलाईं. रग़ाद का कहना है कि वह और उनकी बहनें चाहती हैं कि उनके पिता पर अंतरराष्ट्रीय अदालत में मुक़दमा चलाया जाए. रग़ाद ने अल-अरबिया टेलीविज़न पर एक बातचीत में कहा कि उनके परिवार का मानना है कि उन पर किसी ऐसे न्यायाधिकरण में मुक़दमा नहीं चलना चाहिए जिसे इराक़ी प्रशासकीय परिषद ने नियुक्त किया हो.
उन्होंने कहा कि उनके पिता के ख़िलाफ़ जो भी कार्रवाई हो निष्पक्ष हो और क़ानूनी तौर पर हो. रग़ाद का कहना था कि सद्दाम का परिवार उनके लिए एक वकील का इंतज़ाम करेगा. जब अमरीकी सैनिकों ने इराक़ में प्रवेश किया था तो रग़ाद और उनकी बहन राना देश छोड़ कर जोर्डन आ गई थीं और वे वहीं रहती हैं. वैसे, एक प्रमुख अमरीकी अधिकारी ने स्पष्ट किया है कि सद्दाम हुसैन पर मुकदमा चलाए जाने में कुछ देर लग सकती है. उनका कहना है कि पहले इस विषय में फ़ैसला किया जाना है कि उन पर मुकदमा किस तरह चलाया जाए और इसके लिए बहुत सारे सबूतों का अध्ययन ज़रूरी है. उधर सद्दाम हुसैन से अमरीकी अधिकारी किसी अज्ञात स्थान पर पूछताछ कर रहे हैं. |
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