चैंपियन मुक्केबाज़ का गांव
- Author, दिव्या आर्य
- पदनाम, बीबीसी संवाददाता, इम्फ़ाल से लौटकर
मेरी कॉम को दुनिया चैंपियन मुक्केबाज़ के रूप में जानती है. मेरी ने कामयाबी का लंबा सफ़र तय किया है. मगर इम्फ़ाल से सिर्फ़ 60 किलोमीटर दूर जिस गांव की वह रहने वाली हैं, उसकी तस्वीर नहीं बदली है. सुनिए इस गांव के लोगों की दास्तान उन्हीं के मुंह से.
(इस ऑडियो स्लाइड शो को केवल डेस्कटॉप पर ही देखा जा सकता है.)








