मलाला पर ऑस्कर विजेता ने बनाई फ़िल्म

malala with director

इमेज स्रोत, Salim Rizvi

    • Author, सलीम रिज़वी
    • पदनाम, न्यूयॉर्क से, बीबीसी हिंदी डॉटकॉम के लिए

मलाला यूसुफ़ज़ई पर बनी डॉक्यूमेंट्री का नाम 'ही नेम्ड मी मलाला' है. हॉलीवुड के ऑस्कर विजेता निर्देशक डेविस गूगनहाइम ने बनाया है.

यह डॉक्यूमेंट्री अमरीका में दो अक्तूबर को रिलीज़ होगी.

इसमें मलाला यूसुफ़ज़ई के जीवन के विभिन्न पहलुओं को दर्शाया गया है.

ख़ासकर वह लम्हा जब तालिबान चरमपंथियों ने उनकी हत्या की कोशिश की. पाकिस्तान के क़बायली इलाक़े स्वात में 2012 में तालिबान चरमपंथियों ने मलाला को स्कूल जाने के रास्ते में सिर में गोली मारी थी.

हमले के फ़ौरन बाद के मंज़र को भी इस फ़िल्म में दिखाया गया है. और फिर किस तरह से ब्रिटेन के अस्पताल में उनका लंबा इलाज चला.

हमले का असर

मलाला अब भी अपने बांए कान से सुन नहीं सकती हैं. उनका चेहरा अब भी सामान्य नहीं हुआ है.

लेकिन मलाला के हौसले बुलंद हैं.

मलाला को उम्मीद है कि इस फ़िल्म से लड़कियों की शिक्षा की उनकी मुहिम को और बल मिलेगा.

मलाला कहती हैं, “मुझे बहुत अच्छा लग रहा है कि यह फ़िल्म दिखाई जा रही है. विश्व भर की लड़कियों की शिक्षा की मांग के लिए आवाज़ सुनी जाए, मैं बस यही चाहती हूं.”

malala with girls

इमेज स्रोत, Salim Rizvi

इस फ़िल्म में मलाला को एक सामान्य लड़की की तरह दिखाया गया है.

न्यूयॉर्क में प्रीमियर

फ़िल्म में देखा जा सकता है कि किस तरह से वे इंग्लैंड के अपने घर में अपने छोटे भाइयों के साथ खेलते हुए एक सामान्य जीवन जी रही है.

न्यूयॉर्क में मलाला ने अपने पिता और कई देशों की स्कूली छात्राओं के साथ फ़िल्म का प्रीमियर शो भी देखा.

फ़िल्म में घरेलू दृश्यों के बारे में मलाला मज़ाक में कहती हैं, “फ़िल्म निर्देशक डेविस तो मुझ पर मेहरबान थे, लेकिन ज़्यादा नहीं. उन्होंने फ़िल्म में दिखाया है कि कैसे मेरे भाई मेरी ख़ूब बुराई करते हैं.”

मलाला फ़िल्म में कहती हैं कि वह स्वात जाकर वहां अपना घर एक बार देखना चाहती हैं.

निर्देशक डेविस गूगनहाइम बताते हैं कि उनको भी मलाला की हिम्मत ने बहुत प्रभावित किया है.

वह चाहते हैं कि उनकी बेटी भी मलाला से प्रेरणा ले.

मलाला के बचपन की कुछ यादों को फ़िल्म में एनिमेशन के ज़रिए भी दिखाया गया है.

साल 2014 में मलाला को विश्व भर में लड़कियों की शिक्षा के लिए मुहिम चलाने के लिए नोबेल शांति पुरस्कार से भी नवाज़ा गया था.

मलाला ने अपने अनुभवों पर एक किताब भी लिखी है जिसका शीर्षक है – 'I am Malala', यानी 'मैं मलाला हूं'.

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